इंडियन एक्‍सप्रेस के संतोष सिंह को मिलेगा स्‍टेट्समैन अवार्ड

इंडियन एक्‍सप्रेस, पटना के विशेष संवाददाता संतोष सिंह को बेहतरीन ग्रामीण रिपोर्टिंग के लिए प्रतिष्ठित स्‍टेट्समैन अवार्ड-2011प्रदान किया जाएगा. संतोष को यह पुरस्‍कार आगामी 16 सितम्‍बर को कोलकाता में आयोजित एक समारोह में दिया जाएगा. उन्‍हें यह पुरस्‍कार पिछले साल छह जून को प्रकाशित उनकी रिपोर्ट के लिए दिया जा रहा है.

इंडियन एक्‍सप्रेस से इस्‍तीफा देकर वीरेन्‍द्र नाथ भट्ट तहलका पहुंचे

लखनऊ से एक बड़ी खबर आ रही है। तीन सालों से ज्यादा समय गुजारने के बाद इंडियन एक्सप्रेस के प्रमुख संवाददाता वीरेन्द्र नाथ भट्ट ने त्यागपत्र दे दिया है। वे फिलहाल नोटिस पीरियड पर चल रहे हैं। भट्ट अपनी नयी पारी अंग्रेजी साप्ताहिक तहलका के साथ शुरू करने जा रहे  है। वीरेन्द्र नाथ भट्ट तहलका में विशेष संवाददाता होंगे और उनकी तैनाती उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में की गयी है। वे सितम्‍बर में तहलका ज्‍वाइन करेंगे।

एक्‍सप्रेस ग्रुप ने किया फाइनेंसियल टाइम्‍स से कंटेंट पार्टनरशिप

एक्‍सप्रेस समूह अपने कंटेंट को तेवरदार बनाने के लिए ब्रिटेन के बिजनेस अखबार फाइनेंसियल टाइम्‍स के साथ करार करने जा रहा है. इस समझौते की आधिकारिक घोषणा एक्‍सप्रेस ग्रुप के ग्रुप एडिटर शेखर गुप्‍ता ने की. उन्‍होंने बताया कि यह कदम इसलिए उठाया जा रहा है ताकि हम पाठकों तक और बेहतर कंटेंट पहुंचा सकें. इस समझौते के बाद एक्‍सप्रेस के पाठक तेजी से बदलते वैश्विक व्‍यापारिक-वाणिज्यिक परिदृश्‍य को व्‍यापक कैनवास पर देख सकें.

इंडियन एक्सप्रेस से दो बार बर्खास्त किए जाने वाला एकमात्र संपादक मैं हूं…

: मेरी बर्खास्तगी के लिए इंदिरा गांधी ने रामनाथ गोयनका पर जोरदार दबाव बनाया था… : अरुण शौरी की कहिन और जीवन के तीन सबक : ((इस बीते रविवार को इकानामिक टाइम्स ने संडे स्पेशल की कवर स्टोरी के बतौर अरुण शौरी को प्रकाशित किया है. अपनी विफलताओं और सीखे गए सबक के बारे में …

प्रवीण राना बने इंडियन एक्‍सप्रेस के सर्कुलेशन मैनेजर

डीएनए, बंगलुरू से प्रवीण राना ने इस्‍तीफा दे दिया है. वे यहां डिस्‍पैच इंचार्ज थे. उन्‍होंने अपनी नई पारी इंडियन एक्‍सप्रेस, जयपुर से शुरू की है. उन्‍हें सर्कुलेशन मैनेजर बनाया गया है. प्रवीण इसके पहले भी जयपुर में भास्‍कर के साथ रह चुके हैं. बंगलुरू आने से पहले वे अमर उजाला, देहरादून के साथ कार्यरत …

खबर के लिए टीवी पत्रकार ने तेंदुए को मरवा डाला!

उड़ीसा में पिछले दिनों ग्रामीणों ने एक तेंदुए की हत्‍या कर दी थी. इस मामले में नेशनल टाइगर कंजरवेशन अथॉरिटी (एनटीसीए) ने उड़ीसा वन्‍यजीव विभाग से कहा है कि वे इस बात की जांच करे कि एक लोकल टीवी चैनल का रिपोर्टर ग्रामीणों को तेंदुए का पीछा करने तथा जान से मारने के लिए उकसाया था. गौरतलब है कि भुवनेश्‍वर पंचायत समिति के मरिचिया ग्राम में एक तेंदुआ घुस आया था. जिसे ग्रामीणों ने पीट-पीट कर मार डाला. एनटीसीए को सूचना है कि तेंदुए की हत्‍या खबर बनाने के लिए एक टीवी पत्रकार ने करवाई है. नीचे पढि़ए पूरी खबर-

जेपी यादव ने इंडियन एक्सप्रेस छोड़ा

इंडियन एक्सप्रेस, दिल्ली में बतौर प्रिंसिपल करेस्पांडेंट कार्यरत जेपी यादव के बारे में सूचना है कि उन्होंने प्रबंधन को इस्तीफे का नोटिस भेज दिया है. जेपी यादव 15 अप्रैल के आसपास टेलीग्राफ ज्वाइन करेंगे. टेलीग्राफ में उनका पद स्पेशल करेस्पांडेंट का होगा.

Shekhar, this is not fair…

The war has started. It’s between ‘The Hindu’ and ‘The Indian Express’ newspapers, this time. While I am strongly questioning the retiring age of M.K.Razdan, CEO & Editor-in-Chief of news agency Press Trust of India, a similar sword now hangs before another top gun in the Indian media. The Indian Express published a bottom story, throwing this serious question before N.Ram, the Editor-in-Chief of The Hindu and Group Publications and Director of Kasturi & Sons Ltd., with his photo captioned “No retirement age: N.Ram”.

राम भड़के तो एक्सप्रेस वाले पीछे पड़े

एक्सप्रेस समूह वाले तो एन. राम और ‘दी हिंदू’ अखबार के पीछे पड़ गए लगते हैं. कुछ लोग कह रहे हैं कि देश में अंग्रेजी में दो ही सर्वाधिक प्रतिष्ठित अखबार हैं, एक ‘दी हिंदू’ और दूसरा ‘दी इंडियन एक्सप्रेस’. इन अखबारों के जो सर्वाधिक चर्चित दो नाम हैं वे हैं- इंडियन एक्सप्रेस के एडिटर इन चीफ शेखर गुप्ता और ‘दी हिंदू’ के एडिटर इन चीफ एन. राम. शेखर गुप्ता और एन. राम में अगर तुलना की जाए तो कई मामलों में एन. राम लोकप्रियता में बाजी मारते दिखते हैं. दिल्ली में न रहने के बावजूद, चेन्नई से दी हिंदू की कमान संभाले एन. राम की खरी-खरी लंबे समय तक पाठकों तक पहुंच रही है. वे सिर्फ अखबार के एडिटर इन चीफ ही नहीं हैं बल्कि पब्लिशर व डायरेक्टर भी हैं.

इंडियन एक्सप्रेस पर मुकदमा ठोकेंगे एन. राम

इंडियन एक्सप्रेस में 'द हिंदू' के बारे में प्रकाशित खबरअंग्रेजी के दो बड़े अखबारों ‘इंडियन एक्सप्रेस’ और ‘द हिंदू’ में आपस में ही भिड़ंत हो गई है. ‘द हिंदू’ को संचालित करने वाली कंपनी ‘कस्तूरी एंड संस लिमिटेड’ में पब्लिशर और ग्रुप एडिटर इन चीफ एन. राम के रिटायर होने के बाद उनकी जगह लेने के लिए अंदरखाने मची उथल-पुथल से संबंधित खबर प्रकाशित करने वाले एक्सप्रेस समूह के दो अखबारों ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ और ‘फाइनेंसियल एक्सप्रेस’ पर एन. राम ने मानहानि का मुकदमा ठोंकने का फैसला किया है. एन. राम के इस निर्णय के बारे में एक खबर द हिंदू की आफिसियल वेबसाइट पर रिलीज कर दी गई है.

‘द हिंदू’ में घमासान, कौन होगा नया एन. राम!

[caption id="attachment_17176" align="alignleft" width="99"]एन. रामएन. राम[/caption]पब्लिशर व ग्रुप एडिटर इन चीफ के रिटायर होने की संभावना देख उनकी कुर्सी के लिए परिजनों में जंग : इंडियन एक्सप्रेस में आज प्रकाशित खबर से देश के सर्वाधिक पुराने व सर्वाधिक प्रतिष्ठित अखबारों में से एक ‘द हिंदू’ को संचालित करने वाली कंपनी ”कस्तूरी एंड संस लिमिटेड” के कर्ताधर्ताओं में अखबार पर नियंत्रण को लेकर ‘महाभारत’ होने की जानकारी मिली है. अंग्रेजी दैनिक ‘द हिंदू’ व अंग्रेजी बिजनेस डेली ‘द हिंदू बिजनेस लाइन’ के पब्लिशर व ग्रुप एडिटर इन चीफ एन. राम अपनी बढ़ती उम्र के कारण रिटायर होने वाले हैं. यह संभावना देख उनके परिजन एन. राम की कुर्सी हथियाने के लिए दांव-पेंच चल रहे हैं. पूरी स्टोरी ये है…

अखबार बोले तो इंडियन एक्सप्रेस!

[caption id="attachment_17163" align="alignleft" width="241"]विदिशा और स्मिताविदिशा और स्मिता[/caption]अज्ञानी पत्रकार अधकचरी रिपोर्ट देकर समाज का नुकसान कर रहे हैं- कपिल सिब्बल : संकल्प पत्र पर हस्ताक्षर करके पेड न्यूज की समस्या का समाधान नहीं होगा- शेखर गुप्ता : जिन अखबारों ने पैसे के लिए न्यूज स्पेस बेचा, उनका पर्दाफाश हो- जस्टिस एएस आनंद : ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ की स्मिता नायर और ‘द वीक’ की विदिशा घोषाल को संयुक्त रूप से ‘आईपीआई इंडिया पुरस्कार’ : 

इंडियन एक्सप्रेस, जम्मू से छंटनी का सिलसिला जारी

इंडियन एक्सप्रेस प्रबंधन ने जम्मू एडिशन बंद करने के बाद अब यहां पर कार्यरत लोगों को निकालने का अभियान तेज कर दिया है. ताजी सूचना के अनुसार जम्मू सेंटर में कार्यरत स्टाफ रिपोर्टर दीपक खजूरिया, आदित्यवीर सिंह, सब एडिटर अनुजा खुशू और श्रीनगर में कार्यरत फोटोग्राफर जावेद शाह को एक्सप्रेस प्रबंधन ने फाइनल नोटिस थमा दिया है. अब जम्मू में पूर्व रेजीडेंट एडिटर अरुण शर्मा, जो कि अब ब्यूरो चीफ बनाए जा चुके हैं, के साथ सिर्फ एक स्टाफर और एक स्ट्रिंगर ही बचा है.

जम्मू से इंडियन एक्सप्रेस का प्रकाशन बंद

आरई अरुण शर्मा बना दिए गए ब्यूरो चीफ : सीनियर रिपोर्टर सरोज राजदान ने दिया इस्तीफा : कई मीडियाकर्मी बेरोजगार : कइयों का कांट्रैक्ट खत्म : देश में मीडिया मतलब इंडियन एक्सप्रेस. अखबार मतलब इंडियन एक्सप्रेस. इसी नामी-गिरामी और फायरब्रांड अखबार इंडियन एक्सप्रेस के जम्मू एडिशन को बंद कर दिए जाने की दुखद खबर आ रही है. इंडियन एक्सप्रेस प्रबंधन ने जम्मू एडिशन बंद करने का फैसला लेने के बाद कश्मीर के पाठकों तक चंडीगढ़ एडिशन का अखबार भिजवाना शुरू करा दिया है. इंडियन एक्सप्रेस, जम्मू-कश्मीर के स्थानीय संपादक अरुण शर्मा के बारे में सूचना है कि एडिशन बंद किए जाने के बाद प्रबंधन ने उन्हें जम्मू में ही इंडियन एक्सप्रेस के ब्यूरो का ब्यूरो चीफ बना दिया है. एक तरह से यह डिमोशन है लेकिन जब एडिशन ही नहीं रहा तो आरई का पद कैसे रह सकता है. ऐसे में आरई को ब्यूरो चीफ बनाकर एडजस्ट करना ही एकमात्र रास्ता था.