भास्कर, बिहार-झारखंड के आपरेशन हेड होंगे प्रदीप झा

: भास्कर, लुधियाना से राधाकृष्ण, हिमानी और नवदीप जुड़े : गुजरात में संदेश के राज्य प्रसार प्रभारी प्रदीप झा के बारे में सूचना है कि उन्होंने आज रिजाइन कर दिया है. वे फिर से दैनिक भास्कर ज्वाइन कर रहे हैं. प्रदीप झा पहले दैनिक भास्कर, राजस्थान में ही थे. वहां से वे दिव्य भास्कर, गुजरात गए. सुरेंद्र मिश्रा का जब दबदबा था और डीएनए लांचिंग के बाद जब उनको गुजरात भेजा गया था तो सबसे पहले प्रदीप झा को कोपभाजन बनना पड़ा.

‘रांची में बहुत पैसा झोंक दिया है योर आनर’

: डीबी कार्प ने अदालत को बताया : स्टे वैकेट करने का अनुरोध किया : झारखंड में अखबार निकालने की भास्कर लगभग सारी तैयारियां कर चुका है पर अदालत ने संजय अग्रवाल के पक्ष में स्टे देकर फिलहाल रमेश चंद्र अग्रवाल और उनके बेटों की सांस तेज कर दी है. दैनिक भास्कर के यूपी-उत्तराखंड के मालिक संजय अग्रवाल ने पिछले दिनों आरएनआई द्वारा डीबी कार्प के पक्ष में दिए गए फैसले के खिलाफ दिल्ली की एक अदालत से स्टे हासिल किया था.

आई-नेक्स्ट के तीन पत्रकार भास्कर पहुंचे

रांची में उठापटक जारी है. आई-नेक्स्ट, रांची से तीन लोगों के इस्तीफा देकर दैनिक भास्कर, रांची ज्वाइन करने की सूचना मिली है. इन पत्रकारों के नाम हैं अभिषेक चौबे, आदिल हसन और रमीज.

भास्कर, रांची से जुड़े राजीव और अमित

रांची से शुरू होने जा रहे दैनिक भास्कर में नये लोगों की नियुक्तियों का सिलसिला जारी है. सन्मार्ग में सिटी एडिटर के पद पर काम कर रहे राजीव कुकरेजा ने अपने संस्थान से इस्तीफा देकर भास्कर ज्वाइन कर लिया है. उन्होंने पांच तारीख को भास्कर के नये दफ्तर में योगदान दिया. वे दैनिक भास्कर में वैल्यू एडिटर के रूप में काम करेंगे. राजीव कुकरेजा ने 25 वर्षों तक प्रभात खबर की सेवा की. इसके बाद विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में काम करते हुए सन्मार्ग पहुंचे थे.

मानव गए जमशेदपुर, रांची में तोड़फोड़ पार्ट-2

डा. संतोष मानव को जमशेदपुर का संपादक बनने पर शुभकामनाएं देते सहकर्मी

दैनिक भास्कर, ग्वालियर के समाचार संपादक डा. संतोष मानव को दैनिक भास्कर, जमशेदपुर का संपादक बना दिया गया है. रांची के साथ-साथ या ठीक बाद में जमशेदपुर से दैनिक भास्कर लांच होने वाला है.

15 अगस्त के बाद रांची में लांच, बुकिंग शुरू

मालिकों में भले ही अखबार को लेकर कानूनी जंग छिड़ी हुई हो पर डीबी कार्प प्रबंधन रांची से दैनिक भास्कर लांच करने के अभियान को जोरशोर से जारी रखे हुए है. रांची के रातू रोड चौराहे पर विशाल मेगा मार्ट के उपर सिक्स फ्लोर को दैनिक भास्कर ने लिया है.

भास्कर के मालिकों का झगड़ा और उलझा

जमशेदपुर, मुजफ्फरपुर, धनबाद में भी एक ने डिक्लयरेशन के लिए आवेदन तो दूसरे ने आब्जेक्शन फाइल  किया : पटना व रांची के जिलाधिकारियों ने डीबी कार्प की तरफ से जवाब मिलने पर आरएनआई के पास मैटर भेजा :

स्टाफ न तोड़ने का समझौता!

भास्कर से निपटने को रांची में गले मिले हिंदुस्तान व प्रभात खबर : रांची से खबर है कि भास्कर के ‘आपरेशन झारखंड’ को देखते हुए आपस में दुश्मन रहे दो अखबारों ने अब हाथ मिला लिया है. ये हैं प्रभात खबर और दैनिक हिंदुस्तान. सूत्रों की मानें तो इन दोनों अखबारों में तय हो गया है कि वे एक दूसरे के संस्थान से स्टाफ नहीं तोड़ेंगे. रांची में प्रभात खबर नंबर वन अखबार है जबकि हिंदुस्तान नंबर दो है. तीसरे नंबर पर जागरण है.

भास्कर, रांची पहुंचे पवन और अभय

रांची में दैनिक भास्कर की लांचिंग की कवायद तेज हो गई है. भर्तियां शुरू हो गई हैं. ताजी सूचना के अनुसार हिंदुस्तान, इलाहाबाद के मार्केटिंग व सेल्स के दो मैनेजरों को भास्कर ने अपने पाले में कर लिया है. इनके नाम हैं पवन गोस्वामी और अभय सिंह.

दैनिक भास्कर के मैनेजरों की टीम झारखंड के दौरे पर

भास्कर वालों ने बिहार-झारखंड की तैयारी तेज कर दी है. पता चला है कि दैनिक भास्कर की एक टीम इन दिनों झारखंड के दौरे पर है. टीम के लोग करीब 15 दिनों से झारखंड के विभिन्न सेंटरों के दौरे कर रहे हैं और दूसरे अखबारों से जुटे वरिष्ठ लोगों से बातचीत कर रहे हैं. मार्केट को समझने की कोशिश कर रहे हैं. भास्कर की टीम में सरकुलेशन व प्रोडक्शन से जुड़े वरिष्ठ लोग हैं. इसमें कोई भी एडिटोरियल का नहीं है.

बिहार-झारखंड फतह करेगा भास्कर ताकि नंबर वन बने

दैनिक भास्कर नंबर वन बनना चाहता है। वो अब दैनिक जागरण से नंबर एक की गद्दी छीनना चाहता है। आईआरएस 2009 राउंड दो के आंकड़ों से निराश भास्कर समूह चाहता है कि अगले साल वह हर हाल में नंबर वन बन जाए। इसके लिए बिहार और झारखंड में अखबार लांच करने के प्रोजेक्ट पर फिर से काम शुरू कर दिया गया है। उच्च पदस्थ सूत्रों का कहना है कि अगले साल बिहार में होने वाले चुनावों से कुछ माह पहले (जून-जुलाई तक) भास्कर अपने संस्करण लांच कर देगा ताकि उसे चुनावों का फायदा भी मिल सके। भास्कर ग्रुप अगले महीने आईपीओ लाने वाला है। आईपीओ लाने के तुरंत बाद बिहार-झारखंड के प्रोजेक्ट पर काम की रफ्तार को और तेज कर दिया जाएगा। भड़ास4मीडिया पहले ही यह खबर दे चुका है कि भास्कर समूह ने बाजार से पैसे उगाहने की आईपीओ वाली कवायद के बाद बिहार-झारखंड में अखबार लांच करने की रणनीति बनाई है। इसी कारण अखबार लांच करने की शुरुआती तेजी को कुछ दिनों के लिए टाल दिया गया था। अब फिर से काम शुरू कर दिया गया है।

भास्कर का बिहार-झारखंड प्रोजेक्ट स्थगित

वजह- (1)  हिंदुस्तान और भास्कर में आपसी जंग अभी न छेड़ने पर बनी सहमति : (2) भास्कर समूह को विदेशी पूंजी और भारतीय शेयर मार्केट से पैसे आने का इंतजार : खबर है कि भास्कर समूह ने बिहार और झारखंड के अपने प्रोजेक्ट को कुछ समय के लिए स्थगित कर दिया है। बिहार भेजे गए वरिष्ठ मैनेजर और डीएनए, जयपुर के प्रिंटर-पब्लिशर कमल शर्मा को भी वापस जयपुर बुला लिया गया है। सूत्रों के मुताबिक भास्कर प्रबंधन ने बिहार-झारखंड में अखबार शुरू करने के लिए जो शुरुआती तेजी दिखाई थी, उसे रोक दिया गया है। सर्वे और प्रसार की टीमें पटना व रांची के मीडिया बाजार को खंगालने लगी थीं। इससे माना जा रहा था कि अगले साल होली तक एडिशन आ जाएगा। पर नए डेवलपमेंट के अनुसार प्रबंधन ने किन्हीं वजहों से अगले आदेश तक बिहार-झारखंड प्रोजेक्ट स्थगित करने की घोषणा कर दी है।

जगदीश शर्मा देखेंगे भास्कर का बिहार-झारखंड प्रोजेक्ट!

भास्कर समूह ने बिहार और झारखंड में दैनिक भास्कर की लांचिंग के लिए गतिविधियां बढ़ा दी हैं। उच्च पदस्थ सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पूरे प्रोजेक्ट का हेड जगदीश शर्मा को बनाया गया है। जगदीश शर्मा भास्कर समूह में मैनेजिंग एडिटर हैं। वे इन दिनों गुजरात में दिव्य भास्कर के सर्वेसर्वा के रूप में काम देख रहे हैं। उनके नेतृत्व में भास्कर समूह ने पहले भी कई प्रोजेक्ट सफलतापूर्वक लांच किए। भास्कर ने उनके नेतृत्व में हरियाणा और पंजाब के आपरेशन शुरू किए थे।

बिहार- झारखंड से एडिशन लांच करेगा भास्कर

प्रसार की टीमों ने सर्वे शुरू किया : होली तक अखबार मार्केट में आने के आसार : भास्कर समूह ने देश का नंबर एक हिंदी अखबार बनने के लिए एक बार फिर विस्तार की योजना पर काम शुरू कर दिया है। विश्वस्त सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार भास्कर समूह बिहार और झारखंड पर ध्यान केंद्रित कर चुका है। इन दोनों प्रदेशों में होली तक संस्करण निकालने की योजना है। पटना और रांची से भास्कर के प्रकाशन के लिए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। प्रथम चरण के तहत प्रसार की टीमें पटना और रांची में पहुंच चुकी हैं और सर्वे के काम में जुट गई हैं। आठ लोगों की यह टीम पटना और रांची के मार्केट का अध्ययन करने के साथ-साथ स्कीम, एडवांस बुकिंग के तरीके, वर्तमान मार्केट की स्थिति आदि के बारे में जानकारियां इकट्ठी कर रही है। करीब पंद्रह दिनों तक सर्वे व स्टडी करने के बाद टीम अपनी रिपोर्ट शीर्ष प्रबंधन को भेजेगी।