मनीष दुबे-
उत्तर प्रदेश का अद्भुत शहर कानपुर कभी-कभी अद्भुत कांडों के लिए भी चर्चा में बना रहता है. कल देर रात शहर में नई अद्भुत घटना घटी. इस घटना में कुछ पुलिसवाले विधायक लिखी स्कार्पियो से अपराधी की जेल रवानगी कराने पहुंचे. अब ऐसे में सवाल उठता है कि क्या, किसी पॉलिटिकल नुमाइंदे ने अपनी गाड़ी देकर पुलिस से उक्त युवक को जेल भिजवाया? या फिर कोई मौजूदा सांठगांठ वाला बदमाश शरणार्थी बनकर जेल जा रहा है? जनता को तो जवाब चाहिए भाई…
क्या है पूरा मामला?
बुधवार 8 नवंबर की देर रात कानपुर जेल गेट के बाहर सफेद रंग की स्कार्पियो से उतरे दो पुलिसकर्मी एक मुल्जिम को लेकर जेल पहुंचे. स्कार्पियो के अगले मिरर पर विधायक लिखा देख मौके पर मौजूद कुछ पत्रकार उस तरफ लपके. पत्रकारों को लगा कि कहीं किसान बाबू सिंह कुशवाहा आत्महत्या में नामजद भाजपा से निष्काषित नेता प्रियरंजन दिवाकर आशू तो नहीं है? तभी मीडिया वालों को देख पुलिसकर्मी अपराधी का मुंह छिपाते हुए जेल के अंदर एंट्री करा आए। यहीं से सवाल उठा कि आखिर रात 9 बजे जेल के अंदर विधायक लिखी गाड़ी से किसकी एंट्री कराई गई?

इससे पहले पत्रकारों सहित मौजूद कुछ अन्य ने गाड़ी से उतरे सिविल ड्रेस पहने युवक के बारे में पुलिस से जानना चाहा कि, यह कौन सा अपराधी है जिसे वीआईपी ट्रीटमेंट दिया जा रहा है. तमाम देर पूछने के बाद भी ना तो पुलिस और ना ही उस युवक ने मुँह खोला.
कौन था युवक?
मामले में जेल अधीक्षक बीडी पाण्डेय का कहना है कि, बताया गया है कि बिल्हौर एसीपी ने आरोपी की जमानत रद्द कर दी थी, जिसके बाद उसे 14 दिनों की हिरासत में भेज दिया था। शाति भंग की धारा में उसे जेल में आमद कराया गया है. विधायक लिखी गाड़ी के सवाल पर वे कहते हैं, ये तो मुझे नहीं पता उन्हें चौबेपुर पुलिस शांतिभंग के आरोप में लेकर आई थी।
स्कार्पियो पर रहस्य बरकरार
जिस सफेद रंग की स्कार्पियो का पुलिस ने शाति भंग के आरोपी को जेल छोड़ने के लिए किया उसका नंबर UP 78 BH 0705 है. इस गाड़ी के फ्रंट मिरर पर भाजपा के लोगो में बड़ा-बड़ा विधायक लिखा है. लेकिन विधायक लिखी गाड़ी से अपराधी को जेल लाने के बारे में कोई भी बोलने को तैयार नहीं है. किसी से कुछ पूछने पर ऐसा लग रहा है जैसे सभी जिम्मेदारों को लाईन में खड़़ा कराकर सांप सूंघ गया हो?
जेसीपी ने दिया अपडेट
कानपुर में विधायक लिखी गाड़ी का सस्पेंस ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर आनंद प्रकाश तिवारी ने खोल दिया है. उन्होंने लगभग 2:30 पर मीडिया से बात करते हुए कहा कि, चौबेपुर एसीपी ने आरोपी को जेल भेजा था. चूंकी रास्ते में गाड़ी खराब हो गई थी, जिसके बाद आरोपी को उसी की गाड़ी से छोड़ा गया. जेसीपी ने बताया कि आरोपी सत्ताधारी पार्टी का कथित सदस्य है, हालांकि गाड़ी में विधायक लिखे होने पर उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया.



Sudarshan Yadav
November 14, 2023 at 10:18 pm
भाई साहब सस्पेंस तो फिर भी बरकरार है वह किस विधायक की गाड़ी है?