नई दिल्ली: सहारा इंडिया की निवेश योजनाओं में देशभर के करीब 1.43 करोड़ निवेशकों ने कुल ₹97,412 करोड़ जमा किए थे। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद निवेशकों को पैसा लौटाने के लिए 18 जुलाई 2023 को सहारा रिफंड पोर्टल शुरू किया गया। लेकिन रिफंड की रफ्तार बेहद धीमी रही। मार्च 2026 तक 39.46 लाख निवेशकों को महज ₹8,429 करोड़ ही वापस किए जा सके हैं। ऐसे में बड़ी संख्या में निवेशक अब भी अपने पैसों की वापसी का इंतजार कर रहे हैं।
क्या है पूरा मामला?
सहारा इंडिया की अलग-अलग निवेश योजनाओं में देश के करोड़ों लोगों की मेहनत की कमाई फंसी हुई है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सरकार ने निवेशकों को पैसा लौटाने के लिए विशेष रिफंड पोर्टल लॉन्च किया था। उम्मीद थी कि ऑनलाइन आवेदन और सत्यापन के जरिए जल्द से जल्द रकम वापस मिल सकेगी।
हालांकि, निवेशकों का आरोप है कि रिफंड प्रक्रिया बेहद धीमी है। बड़ी संख्या में आवेदन खारिज हो रहे हैं और दस्तावेजों के सत्यापन में भी लगातार समस्याएं सामने आ रही हैं। इसके अलावा, ऑनलाइन वेरिफिकेशन से जुड़ी व्यवस्था लंबे समय से प्रभावित बताई जा रही है।
रिफंड की सीमा बढ़ी, लेकिन भुगतान अब भी सीमित
सरकार ने रिफंड के लिए अधिकतम दावे की सीमा ₹50 हजार से बढ़ाकर ₹10 लाख कर दी है। इसके बावजूद निवेशकों को फिलहाल एक बार में अधिकतम ₹50 हजार तक का ही भुगतान मिल रहा है।
यानी किसी निवेशक की सहारा में ₹5 लाख, ₹50 लाख या उससे भी अधिक रकम फंसी हो, तो भी उसे फिलहाल एकमुश्त ₹50 हजार से ज्यादा नहीं मिल रहे हैं। इससे बड़ी रकम वाले निवेशकों की परेशानी बनी हुई है।
दस्तावेजों के सत्यापन में सबसे बड़ी अड़चन
रिफंड प्रक्रिया में सबसे बड़ी समस्या दस्तावेजों के सत्यापन को लेकर सामने आ रही है। निवेशकों के रिकॉर्ड सहारा समूह के पास हैं और रिफंड के लिए जमा किए गए दावों का सत्यापन इन्हीं रिकॉर्ड से किया जाना है।
कई मामलों में रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं होने, दस्तावेजों का डेटा से मिलान नहीं होने या जानकारी में अंतर जैसे कारणों से आवेदन खारिज किए जा रहे हैं। कुछ स्थानों पर आवेदनों के रिजेक्शन की दर 90 प्रतिशत तक पहुंचने का दावा किया जा रहा है।
अक्टूबर 2025 से वेरिफिकेशन सिस्टम ठप?
निवेशक पोर्टल पर आवेदन करने के बाद उनके दस्तावेज सत्यापन के लिए सहारा के सिस्टम पर भेजे जाते हैं। लेकिन यह व्यवस्था अक्टूबर 2025 से बंद होने की बात सामने आई है।
बताया जा रहा है कि सिस्टम और सर्वर से जुड़ी सेवाएं उपलब्ध कराने वाले वेंडरों को भुगतान नहीं मिलने के कारण वेरिफिकेशन का काम प्रभावित हुआ है। इसका सीधा असर निवेशकों के दावों की जांच और रिफंड प्रक्रिया पर पड़ा है।
अब भी हजारों करोड़ रुपये फंसे
आंकड़ों के मुताबिक, देशभर के करीब 1.04 करोड़ निवेशकों की लगभग ₹89 हजार करोड़ की रकम अब भी वापस की जानी बाकी है। मार्च 2026 तक 39.46 लाख निवेशकों को ₹8,429 करोड़ का भुगतान ही हुआ है।
सहारा-सेबी रिफंड खाते में उपलब्ध रकम और वास्तविक दावों के बीच बड़ा अंतर भी निवेशकों के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। ऐसे में करोड़ों निवेशकों की निगाहें अब इस बात पर हैं कि उन्हें उनकी पूरी जमा राशि कब और किस प्रक्रिया के तहत वापस मिलेगी।

सहारा इंडिया में लोगों का 97,412 करोड़ रुपया जमा था।
कहा गया कि संपत्ति लेकर लोगों को दिया जाएगा। लेकिन हकीकत में ऐसा होता नजर नहीं आ रहा।
सिर्फ 8,429 करोड़ रुपए ही लौटाए गए। यानी कुल रकम का 10% हिस्सा भी नहीं।
आगे लोगों को मिले, इसकी भी संभावना नहीं दिखती।
-राजेश साहू, पत्रकार



Monu
July 31, 2026 at 1:45 pm
सब चोर एक साथ मिल के गरीब आदमी का पैसा खाने पर तुले हैं मेरा 3 साल से proess dika रहा ह अब तक कुछ ना मिला टोटल 81000 जमा दिखाया कुछ पैसा agant खा गया बोला कंपनी calu h or khud की जेब में डाल गया एसी ही कंपनी ऐसे ही चोर एजेंट
Chulbul
July 31, 2026 at 3:29 pm
Immediately payment suru kiya jaye nahi to jantar mantar kya all bihar payment ke liye aandolan karega
Susheel Dubey
July 31, 2026 at 4:26 pm
एजेटों ने निवेश करवाया था।डाकूमेंट वेरिफिकेशन में एजेटों से मदद लेकर भुगतान शीध्र करवाया जाना चाहिए।
Sakib
July 31, 2026 at 4:48 pm
62400 my balance
Rasbihari Dubey
July 31, 2026 at 7:56 pm
मैं दुबारा फॉर्म डाला आज तक कुछ नहीं हुआ ये सब फर्जी ही बोलते है बोलेंगे कुछ और करेंगे कुछ और नहीं तो कौन वेरीफिकेशन है जो 8 माह में नहीं हो पा रहा है
Rajendra Kumar Choudhary
August 1, 2026 at 1:53 am
Sir,
Rashtrapati
Pradhanmantri, Griha Mantri, Vittamantri,sabhi se aavedan hai ki jald kadam uthaye,hamari hatasha ko dur kare#narendramodi #amitshah #nirmalasitaraman#droupadimurmu
Bhiary Surya shekar
August 1, 2026 at 6:42 pm
Grihmantri ji jub bhi Sahara office jau Khali bola jata hai ki 2024 key pahley kaa hi nahi hua hai aur 2024 ka Pata nahi kub ayega. Mantra ji please humara bhi Khali rakhey waisey hi Agrigold key nivesako barey mey souchiye.
Mannu Chauhan
August 1, 2026 at 9:31 pm
कोर्ट में 45 दिन में क्लियर करने का आदेश मेरा 1 साल से prosse दिख रहा है! यह सब चोर है कोर्ट का आदेश का पालन भी नहीं करते है!
Dilip Singh Rathod
August 2, 2026 at 6:31 am
भाई साहब दो बार एफिडेविट बना के फॉर्म भर दिया अब बोल रहे मेरे डॉक्यूमेंट मैच नहीं हो रहे अरे भाई मेरे पास पैसे की स्लिप पड़ी हे लोन होता ओर लेना होता तो मेरा घर अता पता सब मैच हो जाता अब मेरे पैसे देना हे तो में फर्जी हो गया नहीं देना तो ये सब ढकोसले बंद करो आधार हे वोटर आईडी, लाइसेंस, समग्र आईडी, आयुष्मान ओर भी दस्तावेज हे में कौन हु क्या हु इतना झूठ भी नहीं बोलूंगा
Rasbihari Dubey
August 2, 2026 at 9:57 am
बस सरकार का प्रयास है कि कोई भी आदमी शांति से n रह pay
Ramesh Kumar
August 2, 2026 at 10:03 pm
Ramesh Kumar