Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

आयोजन

भारत एक्सप्रेस के CMD उपेंद्र राय से जानिए नेतृत्व संभालने का असली अर्थ क्या होता है!

नई दिल्ली। भारत लिटरेचर फेस्टिवल के दौरान दिल्ली के अंबेडकर सभागार में आयोजित लीडरशिप सेशन को संबोधित करते हुए भारत एक्सप्रेस के CMD और एडिटर इन चीफ उपेंद्र राय ने कहा कि “नेतृत्व केवल सत्ता संभालने का नाम नहीं है, बल्कि परिवार से लेकर राष्ट्र तक की जिम्मेदारी निभाने का सबसे बड़ा दायित्व है।” भारत लिटरेचर फेस्टिवल की डॉयरेक्टर दीपाली वाशिष्ठ की अगुवाई में लीडरशिप समिट का आयोजन किया गया जिसमें भारत एक्सप्रेस के सीएमडी उपेन्द्र राय ने समारोह का उद्घाटन कर कार्यक्रम की शुरूआत की।

उन्होंने कहा कि “लीडरशिप काम में तेजी लाती है, जैसे चीन ने पुल तीन साल में बना दिया और भारत में वही काम सालों खींच गया।”इतिहास और आध्यात्मिकता का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि “नेतृत्व डर से नहीं आता, यह स्वतंत्र सोच और अनुशासन से आता है। समाज में दंड का विधान जरूरी है तभी नियम व्यापक रूप से लागू हो सकते हैं।”

स्पिरिचुअल लीडरशिप पर सीएमडी उपेन्द्र राय ने कहा कि “भारत में महिलाओं को नेतृत्व में सम्मान नहीं दिया गया, जबकि पश्चिम ने इसी आधार पर विकास किया। हमें अपनी जड़ों और हैसियत को पहचानने की जरूरत है।”

देश की प्रतिभा और प्रवासी भारतीयों पर उन्होंने कहा कि “सुंदर पिचई और सत्या नडेला जैसे लोग भारत में जन्में जरूर, लेकिन भारत की बात नहीं करते क्योंकि वे खुद को भारतीय नहीं मानते। भारत की चिंता तो वही करेगा जो खुद को भारतीय मानेगा।”

अंत में उन्होंने कहा कि “अगर गूगल भारत बंद कर दे तो हम लड़ नहीं पाएंगे। टैलेंट अमेरिका भाग रहा है, हमें जरूरत है अपने टैलेंट को रोकने की और उसे भारत की शक्ति बनाने की।

जो खुद को भारतीय मानेगा वही भारत की बात करेगा।

उन्होंने बताया, “भारत की IIT से कई धुरंधर निकले लेकिन किसी सुंदर पिचई, सत्या नडेला ने जाकर नहीं बोला. ऐसे में हम इंडियन डायसपोरा पर क्या नाच करें? वह मानते हैं कि भले वो भारत में पैदा हुए. उनका शरीर भारत को हो सकता है कि लेकिन वह अमेरिकन हैं. उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता. उन्हें भारत की चिंता नहीं है. इसकी चिंता तो उसे होगी जो खुद को भारतीय मानेगा. मेरा मानना है कि एक गूगल भारत बंद कर दे तो हम नहीं लड़ पाएंगे. आज टैलेंटेड लोग भागकर अमेरिका जा रहे हैं. मैं आलोचना नहीं कर रहा हूं लेकिन एक सकारात्मक बात कर रहा हूं.”

इस मौके पर भारत लिट्रेचर फेस्टिवल के मंच पर मध्य प्रदेश के एडिशनल चीफ सेक्रेटरी संजय के शुक्ला, IAS, बिजनसपर्सन रूपा कुदवा, लेखक बीएस नागेश, टाटा ग्रुप के डॉयरेक्टर हरिश भट्ट और Incedo के सीईओ नीतिन सेठ ने भी शिरकत की।

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन