नई दिल्ली/लखनऊ: सरकार की महत्वाकांक्षी योजना जल जीवन मिशन में हो रहे सैकड़ों करोड़ के भ्रष्टाचार की परतें लगातार खुलती जा रही हैं। इसी कड़ी में प्राइम न्यूज़ ने अपने विशेष खोजी कार्यक्रम “ऑपरेशन प्यासा” का दूसरा और तीसरा एपिसोड प्रसारित किया है, जिसमें भ्रष्टाचार की गहराई और सिस्टम की चुप्पी को बेनकाब किया गया है।
पार्ट-2: मिलीभगत और बंदरबांट की दास्तां
ऑपरेशन प्यासा के दूसरे एपिसोड में ठेकेदारों को अनुचित लाभ पहुंचाने, टेंडर में गड़बड़ी, और नेताओं-अफसरों की सांठगांठ का खुलासा किया गया है। रिपोर्ट में बताया गया कि किस तरह ठेके बड़ी कंपनियों को नहीं, बल्कि सिफारिशी ठेकेदारों को दिए गए। जांच में यह भी सामने आया कि कई जगहों पर योजनाएं केवल कागज़ों पर ही पूरी हो गईं, जबकि ज़मीन पर कुछ भी नहीं हुआ।
पार्ट-3: कैमरे के सामने से भागते मंत्री और अफसर
तीसरे एपिसोड में रिपोर्टर ने अफसरों और मंत्रियों की सीधी घेराबंदी की कोशिश की। लेकिन कैमरा देखते ही अधिकांश अधिकारी और जनप्रतिनिधि सवालों से बचते नज़र आए। रिपोर्ट में स्पष्ट रूप से दिखाया गया कि किस तरह अफसर जवाब देने से बचते हैं और मीडिया से दूरी बना लेते हैं।
रिपोर्टर ने दावा किया, “अब तक रिपोर्टर को मैदान में उतारा था, अब मैं खुद सवाल पूछूंगा। कैमरे में देखिए कैसे भागते हैं अफसर और मंत्री भ्रष्टाचार के सवालों से।”
अफसरों और दलालों के कच्चे चिट्ठे उजागर
तीसरे एपिसोड में अधिकारियों और उनके करीबी दलालों के नाम और ठिकानों की भी पड़ताल की गई है। रिपोर्टर ने बताया कि उनके पास कई दस्तावेज़ हैं, जो आगे आने वाले एपिसोड में सामने लाए जाएंगे।
दर्शकों से संवाद और अपील
रिपोर्टर ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दर्शकों से कहा कि “साथियों, आज शाम की लाइव स्ट्रीमिंग में मैं खुद मौजूद था। इस वजह से पहले से नहीं बता सका कि तीसरे एपिसोड में क्या-क्या खुलासे होंगे। लेकिन अगर आपने ये एपिसोड नहीं देखा है, तो नीचे दिए गए यूट्यूब लिंक से जरूर देखिए और अपनी राय जरूर दीजिए।”
पार्ट 1- यहां पढ़ें…
“ऑपरेशन प्यासा”: जल जीवन मिशन में अरबों रुपये का घोटाला! देखें रिपोर्ट


