Connect with us

Hi, what are you looking for?

वेब-सिनेमा

जेन Z ने जो चौतरफा पलटवार किया है, वैसी तो कल्पना भी कभी भाजपा के शीर्ष नेतृत्व को नहीं रही होगी!

अश्विनी कुमार श्रीवास्तव-

यह तो अच्छा हुआ कि प्रोपेगेंडा के जवाब में अपना आक्रामक प्रचार तंत्र चलाने और गालियाँ सहजता से सुनकर ईंट का जवाब पत्थर से देने वाली गाली प्रूफ पीढ़ी के रूप में विख्यात Gen Z से भाजपा की IT सेल का मुकाबला हो गया। Gen Z ने जो चौतरफा पलटवार किया है, वैसी तो कल्पना भी कभी भाजपा के शीर्ष नेतृत्व को नहीं रही होगी।

नतीजा यह हुआ कि IT सेल के मुखिया पद से अमित मालवीय को हटा दिया गया। इस तरह मालवीय के नेतृत्व वाली IT सेल के आतंक से फौरी तौर पर ही सही, लेकिन भाजपा का राजनीतिक विरोध करने वाले विपक्ष को ही नहीं बल्कि जनता को भी कुछ राहत मिल गईं।

वरना पिछले बारह साल से हर सवाल या तर्क के जवाब में प्रोपेगेंडा के साथ साथ हर किसी को गालियाँ ही बक कर खामोश कराने के मामले में IT सेल को महारत हासिल हो चुकी थी।

वैसे, यह अभी नहीं कहा जा सकता कि Gen Z ने भाजपा की IT सेल का प्रोपेगेंडा और गाली अस्त्र बेअसर करके खत्म कर दिया है। यह खत्म हुआ है या कम हुआ है या पहले जैसे ही चलता रहेगा अथवा पहले से भी ज्यादा प्रोपेगेंडा और गाली गलौच IT सेल करने वाली है, यह तो आगे जाकर पता चलेगा।

फिलहाल नई टीम ने IT सेल का काम संभाल लिया होगा और अमित मालवीय के बिगाड़े हुए काम को पटरी पर लाने की तैयारी युद्ध स्तर पर चल रही होगी।

बहरहाल, भारत के विपक्ष और लोगों के लिए प्रोपेगेंडा तंत्र और राजनीतिक विरोधियों को चुन चुन कर शाब्दिक हिंसा का निशाना बनाना भले ही नया हो लेकिन दुनिया इस तरह के कारनामों से कई गुना वीभत्स रूप को 80-90 साल पहले ही देख चुकी है।

सेकंड वर्ल्ड वार में हिटलर ने प्रचार माध्यमों पर कब्जा करके राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ प्रोपेगेंडा और अनैतिक व अनर्गल शाब्दिक हमलों का काम अपने सबसे प्रिय सहयोगी गोएबेल्स को सौंपा था। गोएबेल्स नाजी शासन के शुरुआती दिनों से लेकर आखिरी दिन तक हिटलर का सबसे वफादार और करीबी सहयोगी बना रहा।

युद्ध के अंतिम दिनों (अप्रैल 1945) में जब नाजी जर्मनी की हार तय हो चुकी थी और कई शीर्ष नाजी अधिकारी (जैसे हरमन गोरिंग और हेनरिक हिमलर) बर्लिन छोड़कर भाग गए या उन्होंने हिटलर से संपर्क तोड़ लिया, तब भी गोएबेल्स अपने पूरे परिवार के साथ बर्लिन में हिटलर के साथ ‘फ्यूररबंकर’ (Führerbunker) में डटा रहा।

​हिटलर ने अपनी मृत्यु से ठीक पहले जो राजनीतिक वसीयत (Political Testament) लिखी थी, उसमें उसने गोएबेल्स को जर्मनी का नया चांसलर (Reich Chancellor) नियुक्त किया था।

यह अलग बात है कि हिटलर की मृत्यु के बाद गोएबेल्स का परिवार समेत हुआ अंत बेहद खौफनाक और दुखद रहा।

Pahad Ki Dada: Hill Mail Uttarakhand
CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन