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बीस साल पत्रकारिता कर चुके हरियाणा के पत्रकारों को सीएम खट्टर देंगे दस हजार रुपये मासिक पेंशन!

पंचकूला : सीएम मनोहर लाल खट्टर ने पत्रकार सम्मेलन के दौरान पत्रकारों के लिए अनेक घोषणाएं की। घोषणाओं में 20 वर्ष की सेवा पूरी करने वाले मीडियाकर्मियों को 10 हजार रुपए मासिक पेंशन, सांझा आधार पर 10 लाख रुपए और 20 लाख रुपए का जीवन बीमा, 5 लाख रुपए तक की एक नई कैशलेस मैडिक्लेम योजना और उपमंडल स्तर पर इलैक्ट्रोनिक मीडिया के प्रतिनिधियों को मान्यता देने की सुविधा मुहैया करवाना शामिल है।

पंचकूला : सीएम मनोहर लाल खट्टर ने पत्रकार सम्मेलन के दौरान पत्रकारों के लिए अनेक घोषणाएं की। घोषणाओं में 20 वर्ष की सेवा पूरी करने वाले मीडियाकर्मियों को 10 हजार रुपए मासिक पेंशन, सांझा आधार पर 10 लाख रुपए और 20 लाख रुपए का जीवन बीमा, 5 लाख रुपए तक की एक नई कैशलेस मैडिक्लेम योजना और उपमंडल स्तर पर इलैक्ट्रोनिक मीडिया के प्रतिनिधियों को मान्यता देने की सुविधा मुहैया करवाना शामिल है।

सीएम के पत्रकार सम्मेलन के दौरान सिर्फ एक बैग के लिए मारा-मारी करते पत्रकार और उन्हें कैमरे में कैद करते छायाकार।

उन्होंने कहा कि वेब न्यूजपोर्टल के प्रतिनिधियों के लिए एक नीति बनाई जाएगी और इस संबंध में सुझाव लेने हेतु एक कमेटी का गठन किया जाएगा।  उन्होंने मीडिया में 5 वर्ष पूरे करने वाले पत्रकारों के लिए एक नई श्रेणी की घोषणा भी की। वर्तमान में दो श्रेणियां हैं- एक एक्रीडिएटिड और एक नॉन-एक्रीडिएटिड। इसके अलावा, राज्य के प्रत्येक जिले में जिला स्तर पर मीडियाकर्मियों को सुविधा मुहैया करवाने के मद्देनजर जिला सूचना एवं जनसम्पर्क अधिकारी कार्यालय के साथ दो कमरों की व्यवस्था भी की जाएगी।

सीएम मनोहर लाल खट्टर के पत्रकार सम्मेलन के नाम पर लाखों रुपए की बर्बादी की गई। सीएम ने जो घोषणाएं की, वे चंडीगढ़ से प्रेस विज्ञप्ति के जरिए भी की जा सकती थी, लेकिन प्रदेश भर के पत्रकारों को पंचकूला में एकत्रित कर पता नहीं क्या संदेश देने का प्रयास किया गया। पता नहीं सीएम के किस सलाहकार ने ऐसी सलाह दे डाली।

प्रदेश भर में ज्यादातर पत्रकार निजी कंपनियों में काम करते हैं। वहां तो सुविधाओं के नाम पर कोई आवाज उठाने को राजी नहीं होता, लेकिन सरकार से मांगन के लिए सब पत्रकार पहुंच जाते हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि आखिरकार सरकार की क्या मजबूरी है कि निजी कंपनियों के यहां काम करने वालों के लिए सरकारी घोषणाएं की जाएं। संविधान में जब सभी को बराबर का दर्जा मिला है तो फिर पत्रकार के लिए अलग दर्जा क्यों।

दीपक खोखर की रिपोर्ट. संपर्क : 9991680040

पत्रकार सम्मेलन से संबंधित इस रिपोर्ट को भी पढ़ें….

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