बांदा | यूपी पुलिस कब कौन सा कांड किसके साथ कर दे, कोई भरोसा नहीं. ताजा मामला बांदा के एक पत्रकार का सामने आया है, जिसने पुलिसिया कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं. इसकी शिकायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पास भी भेजी गई है.
हिंदुस्तान टाइम्स के डिजिटल में बतौर चीफ सब एडिटर कार्यरत अलख राम सिंह को रात 10 बजे बांदा पुलिस के 5-7 लोग घर से उठा ले गए. उन्हें नगर कोतवाली बांदा में पूरी रात सलाखों के पीछे रखा गया.
भड़ास से हुई बातचीत में अलख ने बताया, कोतवाली में पूरी रात रखने के बाद पुलिस ने दूसरी शाम उन्हें कोर्ट में पेश किया. पुलिस ने उनपर तमंचा रखने का आरोप लगाकर मुकदमा लिखा था. अदालत में पेश करने से पहले उन्हें एक दरोगा ने सिखाया भी कि, “जज साहब पूछें तो कह देना, मैं तमंचा लेकर चलता हूं.”
हालांकि, अदालत में इसका उल्टा हुआ. वहां केस की सुनवाई में हवा कुछ ऐसी बनी कि जज महोदय समझ गए मामले में पुलिस ने गजब कारस्तानी दिखाई है. जज ने अलख से पूछा कि, आपका वकील कहां है? जिसपर उन्होंने नहीं है का जवाब दिया. इसके अलावा, सिवा पुलिस के अलख के साथ कोई नहीं था.
पुलिस पुरजोर कोशिश में थी कि अलख को 14 दिन की न्यायिक कस्टडी में जेल भेजा जाए, लेकिन जज ने सरकारी वकील को बुलाकर अलख को जमानत दे दी. यह सब एक स्थानीय नेताजी, अलख की पत्नी और उसके भाइयों की मिलीभगत का नतीजा था.
ये रही इतनी बात, इसके बाद का मामला पेचीदा है. अलख का कहना है कि उनकी पत्नी उनसे बागी हो गई है जिसके चलते वह डिस्टर्ब रहते हैं और रही सही कसर विरोधी पूरी कर देते हैं.
अलख ने बताया कि जिस दिन यह पुलिसिया कार्रवाई हुई तो पत्नी साथ ही लेटी थी, वह जब दूसरे दिन छूटकर आए तो पत्नी घर के हर एक कीमती सामान के साथ गायब थी. अलख ने पता किया तो पाया कि वह अपने भाई के साथ मायके छतरपुर चली गई है. साथ में 3 वर्ष की बेटी को भी ले गई.
अलख का आरोप है कि उनके एक पारिवारिक व्यक्ति जो उससे जलन रखते हैं वह एक भाजपा विधायक के सानिध्य में भी हैं, उनसे मिलीभगत कर उन्हें परेशान करते रहते हैं. इसमें पत्नी के परिजनों व भाइयों का भी दखल मालूम चला है.
इन मामलों से दो-चार हो रहे अलख को हाल-फिलहाल हिंदुस्तान प्रबंधन भी झटका देने का प्रयास कर रहा है. अलख का कहना है कि उन्हें हिंदुस्तान प्रबंधन नौकरी से हटाना चाहता है लेकिन कोई कारण नहीं मिल रहा है, उन्होंने इसे लेकर शिकायत भी की है.
देखें कांड से जुड़े सभी दस्तावेज…


अलख के केस में बांदा अदालत के जज का आदेश..

अदालत में अलख द्वारा पुलिस और पत्नी के भाइयों को मोबाइल की सीडीआर मांगने का पत्र…




Alakh Singh
September 27, 2024 at 4:21 am
पत्नी रीतू सिंह ग्राम बरहा थाना गौरिहार जिला छतरपुर की रहने वाली है। शादी के पहले या कहें तो शुरुआती दिनों से ही अपने गांव के पास लौंडी (लवकुश नगर) के एक व्यक्ति अभिषेक मिश्रा के संपर्क में थी। इसका पता चलने पर विरोध किया गया जिसपर अपनी मां कमलेश सिंह व भाइयों और कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर उसने लूटपात की शाजिश रचकर घटना को अंजाम दिया है । रीतू सिंह व अभिषेक मिश्रा के बातचीत की एक रिकॉर्डिंग अलख के पास है। रीतू और उसके घर वालों की नजर अलख की प्रोपर्टी में भी थी। इन्हीं सब कारणों से रीतू और उसके मायके वालों और स्थानीय नेता की मदद से पुलिस के साथ मिलकर डकैती डाली गई है।
Vipin singh
September 27, 2024 at 9:09 pm
रिकॉर्डिंग भी डाल दो ताकि सच सामने आ सके