प्राइम फोकस ने कहा- अब तक कोई नोटिस या टैक्स डिमांड नहीं मिली
वीएफएक्स और मीडिया कारोबार से जुड़ी कंपनी प्राइम फोकस लिमिटेड के कुछ कार्यालयों में आयकर विभाग की तलाशी की खबर सामने आने के बाद शेयर बाजार में कंपनी के शेयर पर दबाव देखने को मिला। बिजनेस टुडे की 7 अक्टूबर की रिपोर्ट के मुताबिक, आयकर विभाग ने बुधवार, 7 अक्टूबर की सुबह कंपनी के कुछ दफ्तरों में तलाशी शुरू की। इस घटनाक्रम के बीच कंपनी के शेयर में कारोबार के दौरान तेज गिरावट दर्ज की गई।
रिपोर्ट के अनुसार, प्राइम फोकस का शेयर दिन में गिरकर 265.30 रुपये तक पहुंच गया, जो 9.51 प्रतिशत की गिरावट थी। हालांकि, कारोबार के अंत तक शेयर में कुछ सुधार हुआ और यह पिछले बंद भाव के मुकाबले 2.78 प्रतिशत की गिरावट के साथ 285.05 रुपये पर बंद हुआ।
विदेशी रेमिटेंस से जुड़ी जांच की भी चर्चा
इस मामले में कुछ मीडिया रिपोर्टों में तलाशी का संबंध विदेशी रेमिटेंस यानी विदेशों में धन के हस्तांतरण से जुड़ी संभावित अनियमितताओं की जांच से बताया गया है। इकोनॉमिक टाइम्स हिंदी और सीएनबीसी-टीवी18 की रिपोर्टों के अनुसार, जांच का यह पहलू सूत्रों के हवाले से सामने आया। हालांकि, आयकर विभाग की ओर से जांच के निष्कर्षों या कथित अनियमितताओं की आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
फ्री प्रेस जर्नल की रिपोर्ट के मुताबिक, आयकर विभाग की तलाशी प्राइम फोकस के मुंबई स्थित कार्यालयों के अलावा कंपनी के वैधानिक ऑडिटर एमएसकेए एंड एसोसिएट्स एलएलपी के परिसरों और कंपनी से जुड़े कुछ व्यक्तियों के परिसरों तक भी पहुंची। रिपोर्ट में इस कार्रवाई को विदेशी लेनदेन की जांच से जोड़कर देखा गया है। इन आरोपों को फिलहाल जांच के दायरे में आए संभावित पहलुओं के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज को क्या बताया?
प्राइम फोकस ने 7 अक्टूबर को स्टॉक एक्सचेंज को दिए गए स्पष्टीकरण में आयकर विभाग की कार्रवाई की पुष्टि की। कंपनी के मुताबिक, आयकर अधिनियम, 2025 के प्रावधानों के तहत उसके कुछ कार्यालयों में 7 अक्टूबर की सुबह तलाशी शुरू हुई थी और पत्र जारी किए जाने के समय यह प्रक्रिया जारी थी।
कंपनी ने कहा कि उसे उस समय तक आयकर विभाग से ऐसी कोई सूचना नहीं मिली थी, जिसमें जांच के निष्कर्ष, किसी कर मांग या कथित उल्लंघन का उल्लेख हो। कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया कि वह जांच अधिकारियों के साथ पूरा सहयोग कर रही है और मांगी गई जानकारियां, दस्तावेज तथा स्पष्टीकरण उपलब्ध करा रही है।
कंपनी ने तलाशी के कथित उद्देश्य को लेकर अटकलें लगाने से भी परहेज किया। उसने कहा कि मामले में कोई भी महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आने पर लागू नियमों के अनुसार स्टॉक एक्सचेंजों को जानकारी दी जाएगी। साथ ही, कंपनी ने स्पष्ट किया कि तलाशी से उसका कारोबारी कामकाज प्रभावित नहीं हुआ है और सामान्य रूप से जारी है।
प्राइम फोकस का कारोबार और विदेशी बाजारों में मौजूदगी
प्राइम फोकस मीडिया और मनोरंजन उद्योग को सेवाएं देने वाली कंपनी है। इसका कारोबार विजुअल इफेक्ट्स (वीएफएक्स), एनिमेशन और पोस्ट-प्रोडक्शन जैसी सेवाओं से जुड़ा है। फिल्म और मनोरंजन सामग्री के निर्माण में इन तकनीकों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
कंपनी का कारोबार अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी फैला हुआ है। बिजनेस टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी के राजस्व में विदेशी बाजारों की हिस्सेदारी लगभग 92 प्रतिशत बताई गई है। ऐसे में विदेशी बाजारों से जुड़े कारोबार और वित्तीय लेनदेन कंपनी की गतिविधियों का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। हालांकि, विदेशी कारोबार में बड़ी हिस्सेदारी होना अपने आप में किसी अनियमितता का संकेत नहीं है।
शेयर बाजार की नजर अब आगे के खुलासों पर
आयकर विभाग की तलाशी की खबर के बीच प्राइम फोकस के शेयर में कारोबार के दौरान 9.51 प्रतिशत तक गिरावट आई और भाव 265.30 रुपये के निचले स्तर तक पहुंच गया। बाद में शेयर ने कुछ रिकवरी की और 285.05 रुपये पर बंद हुआ। पिछले बंद भाव 293.20 रुपये के मुकाबले यह 2.78 प्रतिशत नीचे था।


