अलवर | राजस्थान के अलवर से एक सनसनीखेज खबर सामने आई है। News21 के विशेष संवाददाता हेमन्त जैमन पर गुरुवार को अलवर शहर में जानलेवा हमला किया गया। यह हमला शहर की अनाज मंडी के पीछे एनईबी गुरुद्वारे के पास हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, करीब दो दर्जन बदमाश लोहे के सरियों, रॉड, पाइप और धारदार हथियारों से लैस होकर 1 कार, 4 मोटरसाइकिलों और एक स्कूटी पर सवार होकर आए और जैमन पर हमला कर दिया।
स्थानीय राहगीरों की सहायता से हेमन्त जैमन किसी तरह पास की एक दुकान में शरण लेकर अपनी जान बचाने में सफल रहे। बताया जा रहा है कि पत्रकार जैमन ने हाल ही में भूमाफियाओं द्वारा की जा रही बेशकीमती प्रॉपर्टियों पर अवैध कब्जों और अतिक्रमणों को बेनकाब किया था।
हेमन्त जैमन ने आरोप लगाया है कि मुंडावर के पूर्व विधायक महेन्द्र शास्त्री और उनके पुत्र मनीष व मानवेन्द्र शास्त्री पिछले कई दिनों से उनकी रैकी करवा रहे थे। उन्होंने यह भी खुलासा किया कि शास्त्री परिवार ने अलवर शहर की मोती डूंगरी स्थित एक रिटायर्ड कर्नल की करोड़ों की संपत्ति पर अवैध कब्जा कर रखा है, जिसकी नगर निगम में यूडी टैक्स और नगर विकास न्यास में नाम परिवर्तन की प्रक्रिया अभी विचाराधीन है।
इस जानलेवा हमले की एफआईआर एनईबी थाना पुलिस ने संख्या 127/2025 के तहत दर्ज कर ली है। घटना के बाद अलवर के पत्रकार संगठनों ने पुलिस अधीक्षक संजीव नैन से मुलाकात कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। एसपी नैन ने संबंधित पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार किया जाए।
गौरतलब है कि इससे पहले भी पत्रकार हेमन्त जैमन को बिल्डर हर्ष त्रेहान द्वारा जान से मारने की धमकी दी गई थी, जिसकी रिपोर्ट सदर थाने में एफआईआर संख्या 0032/2024 के रूप में दर्ज है। जैमन ने बिल्डर अशोक सैनी और हर्ष त्रेहान के कई काले कारनामों का खुलासा किया था।
हेमन्त जैमन को उनकी बेखौफ खोजी पत्रकारिता के लिए राष्ट्रीय स्तर पर कई पुरस्कार मिल चुके हैं। यह हमला न केवल पत्रकारिता पर हमला है, बल्कि सच्चाई की आवाज को दबाने की नाकाम कोशिश भी है। पत्रकार संगठनों और नागरिक समाज ने दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और सख्त सजा की मांग की है।
देखें एफआईआर कॉपी…







