Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

झारखंड

यह संपादक की भाषा है या किसी ट्रोल की!

समाचार एजेंसी आईएएनएस हिंदी को कई पत्रकार चाहिए.. 

1. प्रशिक्षु उपसंपादक (विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी )

2. प्रशिक्षु उपसंपादक (वाणिज्य)

3. प्रशिक्षु उपसंपादक (खेल)

लक्ष्मीकांत दुबे जैसे संपादक पत्रकारिता ही नहीं, लोकतंत्र के नाम पर धब्बा हैं… यह स्क्रीनशाट लक्ष्मीकांत दुबे के फेसबुक वाल की है। इसे पढ़कर आपको अंदाजा करना मुश्किल हो जाएगा कि यह भाषा पत्रकार-संपादक की भाषा है या किसी ट्रोल की। वैसे अभी लक्ष्मीकांत दुबे सन्मार्ग अखबार के सिलीगुड़ी संस्करण के संपादक के पद पर कार्यरत हैं। कहा तो यह भी जाता है कि दुबे को संपादकी भाजपा के एक सांसद की कृपा से प्राप्त हुआ है। अब लौटते हैं मूल खबर की ओर।

स्क्रीनशाट में दिख रहे तथ्य को पढें। संपादक दुबे के यह भाव झारखंड के गोड्डा जिला के पौड़ेयाहाट के विधायक प्रदीप यादव से संबंधित हैं। पौड़ेयाहाट में प्रस्तावित सुगाबथान डैम के विरोध में ग्रामीण लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। स्थानीय आदिवासियों के इस विरोध को स्थानीय विधायक ने समर्थन दिया है। इसके बाद बांध के समर्थन में नेताओं के पक्ष में संपादक दुबे ने विधायक प्रदीप यादव के खिलाफ ना सिर्फ अमर्यादित टिप्पणी की बल्कि लोकतंत्र का मजाक उड़ाते हुए पार्टी कार्यकर्ताओं की तरह सड़कछाप भाषा का भी प्रयोग किया।

बहरहाल, एक बात तो बिल्कुल स्पष्ट है कि सन्मार्ग जैसे पुराने अखबार में इस तरह के लोगों का होना ही अखबार के लोकतांत्रिक होने पर सवाल खड़ा करता है।

पत्रकार अनंत झा की रिपोर्ट.

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन