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पत्रकार गजेंद्र सिंह का आरोप : पार्लियामेंट स्ट्रीट से डिटेन, FIR, तिहाड़ भेजा, इंस्टाग्राम बंद… अब बस मेरी जान रह गई है, वो भी ले लीजिए!

Profile header for Gajendra Singh | Journalist with 291 posts, 299K followers, 946 following; circular avatar on left and bio text below.
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नई दिल्ली, 8 अक्टूबर 2026

स्वतंत्र पत्रकार और न्यूजडिग्गी के संस्थापक गजेंद्र सिंह भरनगर ने दावा किया है कि पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन के बाहर हिरासत, उनके खिलाफ FIR और तिहाड़ जेल भेजे जाने के बाद अब उनका इंस्टाग्राम अकाउंट भारत में अनुपलब्ध कर दिया गया है। उन्होंने 7 अक्टूबर को एक्स पर दिल्ली पुलिस को टैग करते हुए लिखा, “अब बस मेरी जान रह गई है, वो भी ले लीजिए।”

पोस्ट के साथ उन्होंने दो स्क्रीनशॉट लगाए हैं। एक में उनका वेरिफाइड इंस्टाग्राम प्रोफाइल desiptrakar दिख रहा है, जिस पर करीब 2.99 लाख फॉलोअर्स हैं। दूसरे में इंस्टाग्राम का नोटिस है: “Account not available in India.” नोटिस में लिखा है कि भारत के सूचना प्रौद्योगिकी (मध्यवर्ती दिशानिर्देश और डिजिटल मीडिया आचार संहिता) नियम, 2021 की कानूनी अपेक्षाओं के तहत इस अकाउंट की पहुंच अस्थायी रूप से सीमित की गई है।

5 अक्टूबर सुबह पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन के बाहर करीब 20 लोग हिरासत में लिए गए। इनमें पत्रकार और कंटेंट क्रिएटर भी थे, जिनमें से कुछ न्यूजडिग्गी और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) से जुड़े बताए गए। ये लोग वहां इसलिए जमा हुए थे कि 2–3 अक्टूबर को जंतर-मंतर के पास एक प्रदर्शन की कवरेज के दौरान महिला पत्रकारों के साथ कथित यौन उत्पीड़न की शिकायतों पर FIR और कार्रवाई की मांग की जाए। शिकायतों में एसीपी विवेक भगत का नाम भी था।

रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस ने 17 लोगों के खिलाफ पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने में FIR दर्ज की। धाराएं भाजपा न्याय संहिता की 223(a), 221, 132, 190, 191(2) और 3(5) तथा सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम की धारा 3 बताई गईं। पुलिस का पक्ष है कि प्रदर्शनकारी धारा 163 बीएनएसएस के आदेश का उल्लंघन कर गैरकानूनी जमावड़ा बना रहे थे, पुलिसकर्मियों पर हमला हुआ और एक बस को नुकसान पहुंचा।

पटियाला हाउस कोर्ट ने 5 अक्टूबर रात जमानत दी। चार महिलाओं को 15,000 रुपये के पर्सनल बॉन्ड पर छोड़ा गया। 13 आरोपी जमानती पेश न कर पाने की वजह से न्यायिक हिरासत में रहे। इन्हीं में गजेंद्र सिंह को शामिल थे और फिर उनका निजी इंस्टाग्राम अकाउंट आईटी नियमों के तहत प्रतिबंधित किया गया था। अदालत ने दो आरोपियों धर्मेंद्र और समर्थ के कस्टडी में मारपीट के आरोप पर न्यू दिल्ली डीसीपी से रिपोर्ट मांगी।

गजेंद्र सिंह ने 6 अक्टूबर शाम लिखा था कि वह और उनके साथी 7 अक्टूबर को तिहाड़ से बाहर आ गए हैं और प्रेस कॉन्फ्रेंस में सारी बात रखेंगे।

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