आईआईटी की नौकरी छोड़ असाध्य रोगों के उपचार में जुटा है यह शख़्स

राजीव रंजन सिंह-

इस असाधारण शख़्स का नाम डा रन सिंह आर्य है… आईआईटी दिल्ली की नौकरी पैंतीस साल पहले छोड़ दी .. इस ज़िद और सोच पर कि विज्ञान प्रकृति के ख़िलाफ़ है … उपवास और पानी पर उपवास ( fasting and water fasting) में ग़ज़ब की महारत हासिल कर ली है …

सैकड़ों लोगों के असाध्य रोगों का इलाज करने में सफल रहे हैं …मेरी मुलाक़ात का क़िस्सा बहुत दिलचस्प है .. ग्यारह साल पहले केजरीवाल के अनशन के दौरान एक सुबह जंतर मंतर पहुँचा तो देखा अनशनरत गोपाल राय के शरीर पर मिट्टी का लेप लगा रहे थे.. मैंने पता किया तो पता चला कि शुगर का पेशन्ट होने की वजह से केजरीवाल को डाक्टरों ने अनशन की सलाह नहीं दी लेकिन रन सिंह आर्य ने इस चुनौती को स्वीकार किया ..

दुनिया को पता है कि लंबे अनशन के बाद भी केजरीवाल स्वस्थ रहे.. और तभी से मैं संपर्क में हूँ.. बिजनौर के एक गाँव में छोटा सा बिना किसी सुविधाओं वाला शिविर लगाते हैं .. न कोई प्रचार न वेबसाइट न फ़ेसबुक …

दस दिन के शिविर के 7500 रुपए लेते हैं जिसमें सारे खर्च शामिल हैं.. खाना पीना इलाज सब …मैं लोकसभा चुनावों के तीन महीने के चुनावी दौरे से लौटा तो इनके यहाँ एक हफ़्ते के लिए गया और तरोताज़ा होकर लौटा .. अभी बंगाल के दो महीने के मछली भात और कोलकाता की बिरयानी खाकर वजन एक कुंतल पार हो गया तो फिर आर्य जी की शरण में गया तो एक हफ़्ते में 7 किलो कम कर और शरीर शोधन कर फिर आ गया …

एक बात और न कभी किसी से मदद ली और नक़दी कोई उम्मीद.. आप इनके आश्रम जाएँगे तो हालात देखकर अंदाज़ा हो जाएगा कि जब लोग बड़े हो जाते हैं तो एहसान का क़र्ज़ उतारना कैसे भूल भी जाते है..

सात साल से सीएम केजरीवाल , डिप्टी सीएम सिसौदिया ने आर्य साहब के लिए कितना किया है ये भी देख सकते हैं.. खैर इस सबकी चर्चा आर्य जी कभी न करते वो तो शोर से दूर सचमुच मानव सेवा कर रहे हैं … शत शत प्रणाम…

कुछ और लिखना छूट गया … योगी सरकार में तीन साल से बेचारे बिजली के लिए संघर्ष कर रहे . रोज़ 10 से 12 घंटे बड़ा जेनरेटर भी चलाते हैं वो भी उसी खर्च में ..पता है … जीवन विद्या प्रतिष्ठान, गोविन्दपुर खारी , बिजनौर… नेट पर लोकेशन है



 

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