नई दिल्ली। ज़ी एंटरटेनमेंट एंटरप्राइजेज लिमिटेड (ZEEL) ने 10 जून को होने वाली अपनी बोर्ड बैठक में फंड जुटाने के प्रस्ताव पर विचार करने का ऐलान किया है। कंपनी ने शेयर बाजार को दी गई सूचना में बताया कि वह इक्विटी शेयर या इक्विटी में परिवर्तित की जा सकने वाली अन्य प्रतिभूतियां जारी कर पूंजी जुटाने की संभावना पर चर्चा करेगी।
कंपनी के मुताबिक, यह फंड एक या एक से अधिक चरणों में जुटाया जा सकता है। इसके लिए निजी प्लेसमेंट, प्रेफरेंशियल इश्यू या कानून के तहत उपलब्ध अन्य किसी वैध माध्यम का इस्तेमाल किया जा सकता है। हालांकि, इस प्रस्ताव को लागू करने से पहले शेयरधारकों की मंजूरी और अन्य जरूरी नियामकीय स्वीकृतियां लेना अनिवार्य होगा।
ज़ी ने यह भी बताया कि बोर्ड बैठक के नतीजों के 48 घंटे बाद तक कंपनी के शेयरों में कारोबार से जुड़ी “ट्रेडिंग विंडो” बंद रहेगी।
यह कदम ऐसे समय उठाया जा रहा है जब ज़ी स्पोर्ट्स ब्रॉडकास्टिंग के क्षेत्र में फिर से मजबूत वापसी की तैयारी कर रही है। हाल ही में कंपनी ने फीफा (FIFA) के साथ 2026 से 2034 तक के लिए दीर्घकालिक प्रसारण अधिकार हासिल किए हैं।
इस समझौते के तहत ज़ी भारत में फीफा विश्व कप 2026, फीफा महिला विश्व कप 2027, फीफा विश्व कप 2030 समेत पुरुष, महिला और जूनियर वर्ग की कुल 39 प्रतियोगिताओं का प्रसारण और वितरण करेगी। कंपनी इन मुकाबलों का प्रसारण अपने नए स्पोर्ट्स ब्रांड Unite8 Sports के तहत खेल चैनलों और डिजिटल मंच ZEE5 पर करेगी।
फंड जुटाने की यह योजना ऐसे समय सामने आई है जब विज्ञापन बाजार में दबाव बना हुआ है और कंपनी खेल, डिजिटल विस्तार तथा कंटेंट निवेश को लेकर अपनी रणनीति मजबूत करना चाहती है।
वित्त वर्ष 2025-26 में ज़ी का परिचालन राजस्व 8,098.9 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वित्त वर्ष के 8,294.1 करोड़ रुपये की तुलना में लगभग 2 प्रतिशत कम है। वहीं, निरंतर परिचालन से कंपनी का शुद्ध लाभ घटकर 271.3 करोड़ रुपये रह गया, जबकि एक साल पहले यह 687.4 करोड़ रुपये था। यानी कंपनी के मुनाफे में करीब 61 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।


