वर्षों से परमानेंट न होने और मानदेय में बढ़ोत्तरी न होने से आजिज आ चुके सतेंद्र डंडरियाल ने भी आखिर राष्ट्रीय सहारा देहरादून को बॉय बॉय कर दिया। सतेंद्र छह-सात साल से स्ट्रिंगर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे। अब तक जितने भी संपादक आए, सभी ने स्ट्रिंगर को परमानेंट करवाने का वादा किया लेकिन वे जब तक रहे, अपनी ही नौकरी बचाते रहे। किसी ने इनका मुद्दा नहीं उठाया। सात-आठ वर्षों में इनका मानदेय नाममात्र का बढ़ा। इन्हीं वजहों से अब तो संवाद सूत्र तक सहारा छोड़ रहे हैं।
In this article:sahara
2 Comments
2 Comments
Leave a Reply
Cancel reply
Leave a Reply
भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team
भड़ास मेल: [email protected]
Latest 100 भड़ास
- पीटीआई में अकांक्षा शर्मा की तरक्की, जागरण समूह से जुड़े साहिल बहल
- कोकिलाबेन अस्पताल में शिफ्ट किए गये वरिष्ठ फिल्म पत्रकार सुमंत मिश्र
- आज के अखबार : ऑपरेशन सिन्दूर के शहीदों पर घिरी सरकार, राजनाथ सिंह के इस्तीफे की मांग पर कुछ नहीं
- पूर्व चुनाव आयुक्त राजीव कुमार को मोदी सरकार का बड़ा इनाम, HDFC बैंक में चेयरमैन की कुर्सी मिली!
- सांध्य दैनिक ‘गाण्डीव’ के संपत्ति विवाद में रचना अरोड़ा, मीरा अरोड़ा और राजकुमार बाजपेयी जेल भेजे गए!
- AAP सांसद संजय सिंह ने अंधभक्तों के लिए जारी किए एक दर्जन से ज्यादा पत्र; कहा- 2021 में की थी शिकायत, नहीं हुई सुनवाई!
- सूचना प्रसारण मंत्रालय ने रोका था, फिर BARC ने इस न्यूज़ चैनल की TRP कैसे जारी कर दी?
- दिल्ली सरकार का कारनामा: ORS से एक्स-रे मशीन तक पूरे 650 करोड़ रुपये घोटाले का खुलासा
- स्वतंत्र पत्रकार सार्थक गोस्वामी ने नितिन गडकरी के इथेनॉल ब्लेंडिंग की पूरी कलई खोलकर रख दी!
- करप्शन का गुजरात मॉडल : राजकोट में बुलडोजर अभियान पर तीन करोड़ रुपये खर्च हुए!
- ठगी में बनारस के गांडीव अखबार का पूरा प्रबंधन गिरफ्तार
- 4PM मीडिया हाउस को उत्तर प्रदेश के कई जिलों में चाहिए तेजतर्रार मीडियाकर्मी
- 1 जुलाई से पेट्रोल-डीजल पर 200 लीटर की सीमा खत्म
- आज के अखबार (दो) : चढ़ावा घोटाले पर योगी के सख्त रुख और चोरी के खिलाफ मुहिम से संघ में बेचैनी
- धीरेंद्र शास्त्री से बृजभूषण सिंह तक; चोर शिरोमणि का नाम लेने में डर क्यों लग रहा?
- आज के अखबार : चढ़ावा चोरी का मामला ‘चौकीदार चोर है’ वाला ही लेकिन मीडिया बहला रहा है
- दिल्ली का तापमान लगातार दूसरे दिन 50°C रहा, हीटस्ट्रोक का खतरा बढ़ा!
- अयोध्या कांड : मिश्राजी की खबर का इंतजार कीजिए, एक बड़ी गिरफ्तारी होने वाली है!
- मेरठ में हादसे का शिकार होने पर पत्रकारों को मिलेगा एक लाख रुपये का सहयोग!
- ऋचा अनिरुद्ध ने डिजिटल प्लेटफार्म ‘कड़क’ से किया किनारा
- सेशेल्स को एम्बुलेंस देंगे मोदी; भारत में खाट पर अस्पताल जा रही प्रसूता! देखें वीडियो
- राम मंदिर की मीडिया कवरेज पर पाबंदी; दिल्ली दरबार से था मामला रफा-दफा करने का निर्देश!
- न्यूज़24 में सतीश सिंह की नई पारी, ITV नेटवर्क से वंशिका आहुजा अलग हुईं
- फाइनेंशियल एक्सप्रेस से जुड़े विपुल दास, सुहैब चौधरी ने इंडिया न्यूज छोड़ा
- अमरनाथ झा : पत्रकारिता से नदी-पानी के जनसरोकार तक की अविस्मरणीय यात्रा
- अमर उजाला के पूर्व पत्रकार समेत चार पर FIR, पिस्टल सटाकर धमकाने का आरोप!
- पेट के कीड़े मारने की एल्बेंडाजोल-400 नामक दवा आपको ही निपटा सकती है!
- 137 करोड़ का मौसम मशीन स्कैम : क्या तत्कालीन OSD डॉ. मनोज कुमार थे पूरी ‘डील’ के सूत्रधार? दस्तावेज़ों से उठे कई सवाल!
- ‘सूचना विभाग’ का पावरफुल बाबू ‘आपदा प्रबंधन’ में मचाये है आतंक, किसी की हिम्मत नहीं उसे हिला सके!
- आज के अखबार : महाराष्ट्र में पेपर लीक की खबर जैसे तैसे निपटा दी, ‘खुशी’ चढ़ावा चोरों के ‘इस्तीफे’ की!
- प्रसार भारती में संवाददाताओं की भर्ती, 1.25 लाख रुपये तक वेतन; आवेदन करें
- स्कूलों में पत्रकारों की एंट्री को लेकर सिंगरौली DEO कविता त्रिपाठी के आदेश पर विवाद!
- पीटीआई के पूर्व ब्यूरो चीफ (ओडिशा) शरत चंद्र दास का निधन!
- भारत को हसीन झटका; बांग्लादेश ने चीन को सौंपा मोंगला पोर्ट, मीडिया में सन्नाटा!
- कभी मैं एडिटर था, आज मैं वोट विहीन, पासपोर्ट विहीन हूँ -आर. राजगोपाल
- ऑफ एयर हुआ कोलकाता का ये दो दशक पुराना रीजनल न्यूज़ चैनल!
- मध्य प्रदेश की पत्रकारिता और साँप-साधु संवाद!
- राम मंदिर डकैती कांड : कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि का क्या होगा?
- DD News उत्तर प्रदेश से प्रशांत तिवारी का इस्तीफा!
- प्रभात ख़बर से बतौर विशेष संवाददाता जुड़े वरिष्ठ पत्रकार पंकज त्रिपाठी!
- आज के अखबार : हिन्दी में सूत्रों का ‘इस्तीफा’ और अंग्रेजी में गिरफ्तारी व न्यायिक हिरासत महत्वपूर्ण है
- खनन कारोबारी ने बच्चे की मौत की खबर चलाए जाने से नाराज होकर जी न्यूज चित्रकूट के रिपोर्टर ओंकार सिंह चंदेल पर रंगदारी का मुकदमा दर्ज करा दिया!
- मीडिया संस्थानों को जिलों में तैनात अपने प्रतिनिधियों की शिक्षा चेक करनी चाहिए!
- दैनिक जागरण में तबादलों की नई पारी: रविरंजन आसनसोल, रामजी यादव मुख्यालय तलब
- वरिष्ठ पत्रकार देवकी नंदन मिश्रा बने ‘Nation 27’ के मैनेजिंग एडिटर और सीओओ
- चंपत राय और अनिल मिश्रा को लेकर “आज की ख़बर” न्यूज़ चैनल के दावे पर लगी मुहर!
- दिग्विजय ने यशवंत से पूछा- “आगे क्या करेंगे?”, सुनिए जवाब
- एक नया फेंकू : रक्षामंत्री राजनाथ सिंह को एक साल पहले भरी संसद में झूठ बोलते देखिए!
- टीवी9 भारतवर्ष के इस पत्रकार ने चंदा चोरों के अड्डे में घुसकर पूरी बहादुरी के साथ पूछा सवाल, देखें वीडियो
- NDTV बोर्ड में सेंथिल चेंगलवरायण की दोबारा नियुक्ति, एजीएम में राहुल कंवल ने क्या कहा, पढ़िये-सुनिए!
- मोदी जी के नगीने : अपने ही मंत्रालय से खुद को 99 लाख की सब्सिडी देने वाले केंद्रीय मंत्री भागीरथ चौधरी को “खीरा रत्न अवार्ड” मिलना चाहिए!
- वरिष्ठ पत्रकार आदर्श प्रकाश सिंह ने ‘पत्रकारिता के टेढ़े मेढ़े रास्ते’ से निकलकर किताब लिख दी!
- यूपी बीजेपी के मीडिया संयोजक मनीष दीक्षित पर पत्रकारों से दुर्व्यवहार का आरोप!
- पत्रकार यतेंद्र शर्मा को भाजपा के पक्ष में बैटिंग करने का इनाम मिला है क्या?
- इस बार SGPGI लखनऊ इलाज के लिए गईं मेरी माँ वापस नहीं लौटीं; माँ के साथ अंतिम क्षणों में हुआ क्या था, अस्पताल ने पोर्टल से मरीज की डिटेल गायब क्यों कर दी?
- आज के अखबार (दो) : डिजिटल अरेस्ट पर सुप्रीम कोर्ट का स्वतः संज्ञान लेना और अब सीबीआई की जांच, छापे
- आज के अखबार : चढ़ावा चोरी मामले में FIR की खबर छापनी ही पड़ी, TOI में सिंगल कॉलम हिन्दू में अंदर
- दैनिक भास्कर और जागरण न्यू मीडिया में विभिन्न पदों पर वैकेंसी!
- द इंडियन एक्सप्रेस (हिंदी) से जुड़े वरिष्ठ पत्रकार निखिल दुबे!
- दीपेश जी ने टी-20 मैच देखने की योजना बनाई थी, लेकिन उससे पहले नियति ने अंतिम पटकथा लिख दी!
- न्यूज़18 के पॉलिटिकल एडिटर यतेंद्र शर्मा को भाजपा ने यूपी का प्रदेश मंत्री बनाया!
- यूपी में राम मंदिर दान चोरी, एमपी में मोहन यादव जमीन कांड के बाद हरियाणा में शिक्षा घोटाले का बड़ा खुलासा!
- पत्रकारों ने किया बहिष्कार तो बैकफुट पर आए गालीबाज सांसद संजय दीना पाटिल, माफी मांगने का वीडियो देखें
- देश में बढ़े निजी FM रेडियो स्टेशन, पर विज्ञापनों की कमाई घटी, कई स्टेशन धड़ाधड़ बंद भी हो रहे!
- रेडियो मिर्ची दूसरी कंपनी को सौंपेगी कानपुर, लखनऊ और नागपुर के FM स्टेशनों का संचालन
- न्यूज़ एंकर पद्मजा जोशी की किताब और ZEE मुखिया डॉ सुभाष चंद्रा का शो : कुछ सूचनाएँ
- दु:ख किसी को नहीं छोड़ता, सलमान ख़ान को भी नहीं, अलका याज्ञनिक को भी नहीं!
- एसोसिएटेड प्रेस से जुड़ीं अंजलि कृष्णन, जागरण डिजिटल से साक्षी शुक्ला की निकासी!
- मुंबई टीवी जर्नलिस्ट संघटन TVJA चुनाव विवाद: चैरिटी कमिश्नर का नोटिस पढ़ें!
- NDTV से कार्यमुक्त हुए वरिष्ठ पत्रकार प्रियदर्शन को मिला नया ठिकाना!
- शिवसेना के गालीबाज सांसद संजय पाटील का मुंबई के पत्रकारों ने किया बहिष्कार
- ‘आज की खबर’ न्यूज़ चैनल एक्सक्लूसिव : राम मंदिर ट्रस्ट में मचा भूचाल, चंपत राय और अनिल मिश्रा का इस्तीफा
- व्हाट्सएप पर प्रश्नपत्र की तस्वीर भेजना प्राइवेसी उल्लंघन का केस नहीं बनता: गुजरात हाईकोर्ट
- मुख्यमंत्री मोहन यादव की जमीनों का खुलासा करने वाले रिपोर्टर के लिए अनंत गोयनका ने क्या लिखा? पढ़िए
- पत्रकारों को धमकाने के आरोपों में घिरे शिवसेना सांसद संजय पाटिल, गालियां बकीं, देखें वीडियो!
- इंडिया टुडे, आउटलुक और रिपब्लिक मीडिया से इन तीन पत्रकारों की नई पारी!
- आज के अखबार : बंगाल चुनाव से पहले मछली खाने का ड्रामा, अब मिड डे मील से अंडे हटाना बड़ी खबर नहीं है
- iTV नेटवर्क के द संडे गार्जियन, न्यूज़एक्स और InKhabar की कॉमस्कोर रैंकिंग में बढ़त
- IIMC में इस साल उर्दू जर्नलिज्म की पढ़ाई नहीं होगी!
- वरिष्ठ पत्रकार दीपेश कुमार जी के निधन की खबर हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक भास्कर ने सिंगल कॉलम में निपटा दी!
- एक नौजवान पत्रकार हाथ में माइक लेकर सरकारी अस्पताल के दफ्तर में घुसता है तो क्या होता है, देखें वीडियो
- जब दैनिक जागरण में छप रही जेपी की जेल डायरी पर सूचना प्रसारण मंत्री ने नरेंद्र मोहन को कानपुर आकर हड़काया था!
- दो अखबारों से दो महिला पत्रकारों की नई पारी, एक कॉपी एडिटर तो दूसरी विशेष संवाददाता बनी
- लखनऊ अग्निकांड में दर्जनों मौतों के बाद LDA की टूटी नींद, कोचिंग को भेजा नोटिस!
- अमृत विचार में प्रशांत पाण्डेय को इस जिले की कमान सौंपी गई!
- मुंबई में टीवी पत्रकारों की बैठक में हंगामा, पुलिस को करना पड़ा बीच-बचाव, देखें वीडियो
- दैनिक भास्कर को EPFO का झटका: कर्मचारी को मय ब्याज देने होंगे 9,57,518 रुपये, पढ़ें आदेश
- प्रभात खबर जमशेदपुर के कुमार आनंद का काम बदला!
- देशभर के प्रेस क्लबों ने बनाया राष्ट्रीय संगठन, ‘फेडरेशन ऑफ प्रेस क्लब्स’ का गठन
- आज तक के पत्रकार अभिषेक मिश्रा बने IBC24 यूपी एडिटर
- सालों बाद किसी अखबार ने मौजूदा मुख्यमंत्री के खिलाफ इतना बड़ा खुलासा किया है!
- एनडीटीवी इंडिया से कार्यमुक्त हुए वरिष्ठ पत्रकार प्रियदर्शन!
- आज के अखबार : विदेशी चंदे से जुड़े नियम और सख्त किए गए, खबर द हिन्दू में लीड; TOI में सिंगल कॉलम
- दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश के बाद MIB का नोटिस, भड़ास4मीडिया समेत 6 डिजिटल पोर्टलों की खबरों पर कार्रवाई
- संघ भाजपा के अंदर का ही कोई आदमी मोहन को निपटाने की कहानी लिख रहा है!
- शादी की सालगिरह पर मंदिर दर्शन करने गए पत्रकार से मारपीट करने वाला हेड कांस्टेबल सस्पेंड!
- खोजी पत्रकार श्यामलाल यादव की रिपोर्ट; श्रीराम मन्दिर में दान की व्यवस्था पर छह साल पहले ही एक ऑडिट कम्पनी ने सवाल उठाए थे!
- एसआईटी ने जिस संजय प्रसाद को रिपोर्ट सौंपी है, वह खुद राम मंदिर ट्रस्ट के मेंबर हैं और जांच के घेरे में हैं!
- हरदोई के इस पत्रकार पर की गई हाईकोर्ट की टिप्पणी सभी पत्रकारों को पढ़नी चाहिए!
- न ANI, न PTI; मोहन यादव के मसले पर सब खामोश, ठंडा पड़ गया न्यूज़ चैनलों का जोश!




vishnu
August 16, 2015 at 9:39 am
varanasi unit me bhi kam karnewale stringero ke vetan me 5 salo me ek rupey ki bhadotri nahi ki gayi hai. keval parmanent karne ka aaswasan dekar khub kaam liya ja raha hai. yese stringero ki aah jaya nahi jayegi. Kyo ki uppar wale ki lathi jab chalti hai to acche-acche jamin par aa jate hai.
purushottam asnora
August 17, 2015 at 1:32 am
स्टींगर का मुद्दा न अखबारों के मालिकों संपादकों के लिए विचारणीय है और न ही स्वयं उन स्टींगरों के लिए जो वर्षों-वर्षों से उन अखबारों के बधुवा बने हुए हैं जिनके लिए उनकी हैसियत कीडे-मकौंडों से अधिक नही है। पत्रकारों की यूनियनें भी स्टींगर के मामले में चुप हैं।
अखबार का मालिक धन कुबेर बनना चाहता है जो शोषण से ही संभव है। संपादक दो टके की औकात से अधिक नहीं है जिसे अपनी नौकरी बचाने के साथ मालिक की जी हुजुरी कर कमा के देना है। यूनियन भी सोचती हैं कुछ होना तो है नहीं इसलिए राग ही क्यों अलापा जाय। स्टींगर स्वयं में इतना हत्तोत्साहित है कि अपनी बात रख ही नही सकता। यदि रखे तो बाहर का रास्ता तैयार है।
जो मगरमच्छ माननीय सर्वोंच्च न्यायालय के आदेश की परवाह न कर रहे हों उनके लिए स्टींगर क्या होता है? इसीलिए पत्रकारिता का अवमूल्यन हुआ है, लोकतंत्र का चैथा स्तंभ अपनी गरीमा खो रहा है और वह मालिकों की धन लिप्सा और संपादकों के टुच्चेपन के चलते। छोटे स्तर पर पत्रकारिता का झंडा उठाये लोगों का समय नही है। हां वे फलां या फलां पत्र के पत्रकार होने का भ्रम पाल लोगों को भी भ्रमित करते रहें अच्छी बात है।