छेड़खानी में नामजद जागरण के संपादक सद्गुरुशरण ने नीतीश को पढ़ाया पत्रकारिता का पाठ

पटना : जनरल वी के सिंह ने मीडिया को प्रेस्‍टीच्‍यूट्स ऐसे ही नहीं कहा। महिलाओं की अस्‍मत को छेड़ने का आरोपी सीनियर न्‍यूज एडिटर मुख्‍य मंत्री के समक्ष ईमानदार पत्रकारिता का पाठ पढ़े, तो क्‍या कहेंगे। संडे को पटना में ऐसा ही हुआ। 

छेड़खानी में नामजद जागरण के संपादक सद्गुरुशरण अवस्थी मंचासीन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को पत्रकारिता का पाठ पढ़ाते हुए

बिहार के सीएम नीतिश कुमार दैनिक जागरण की नई बिल्डिंग में लाल फीता काटने गये थे । पहले भाषण का दौर चला। दैनिक जागरण, पटना के सीनियर न्‍यूज एडिटर सद्गुरु शरण अवस्‍थी पहले किनारे ही रहे। पता है कि सद्गुरु शरण अवस्‍थी के खिलाफ पटना के कोतवाली थाने में महिला अस्‍मत से छेड़छाड़ का आरोप दर्ज है। धारा 354/354ए के तहत केस संख्‍या 64/15 है। घटना चार फरवरी, 2015 को दैनिक जागरण की पुरानी बिल्डिंग में हुई थी। है।

पटना कोतवाली में सद्गुरुशरण के खिलाफ दी गई पीड़िता की तहरीर 

बताया गया है कि पीड़िता तलाकशुदा है। खबर छपवाने के लिए चार फरवरी को वह दैनिक जागरण कार्यालय गई थी। वार्ता के दौरान उसे अकेले में पाकर संपादक सद्गुरुशरण अवस्थी ने उसके साथ छेड़छाड़ की। इस मामले में पुलिस दैनिक जागरण में कई दफे छापा मार चुकी है लेकिन अवस्‍थी हमेशा जांच टीम के सामने आने से भागते रहे हैं। 

अब न्याय पाने के लिए पीड़िता बड़े अधिकारियों से गुहार लगा रही है, लेकिन मामले को अभी दैनिक जागरण के प्रभाव के कारण दबा दिया गया है। आरोपी खिलाफ पुलिस को गवाह भी मिल गए हैं। छेड़छाड़ की शिकायत की जानकारी सभी को है। इसलिए संडे को समारोह के अंतिम दौर में जब सद्गुरु शरण अवस्‍थी को वोट आफ थैंक्‍स देने के लिए मंच पर बुलाया गया तो सभी चौंक गए। नीतीश कुमार को भी आश्‍चर्य हुआ। कई पुलिस अधिकारी तुरंत लेफ्ट-राइट हो गये। इसके बाद भी सद्गुरु शरण अवस्‍थी मुख्‍य मंत्री नीतीश कुमार को दैनिक जागरण की पत्रकारिता का पैरामीटर बताते रहे। अब पूरे शहर में नीतीश के स्‍टेज पर सद्गुरु शरण अवस्‍थी की मौजूदगी की भर्त्सना की जा रही है। 

राधिका सिन्‍हा से प्राप्त पत्र पर आधारित, संपर्क : sinharadhika428@gmail.com



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