यूपी के जागरण में पत्रकारिता की जल समाधि!

श्रीप्रकाश दीक्षित, भोपाल

लखीमपुर खीरी की हिंसक घटनाओं के अगले दिन यूपी के बड़े अखबार दैनिक जागरण मे एकतरफा रिपोर्टिंग पर लोगों का गुस्सा फूटा और इसकी प्रतियाँ जला कर विरोध प्रकट किया गया.चार अक्तूबर की अखबार की रिपोर्टिंग मे हादसे के लिए किसानों को बतौर विलन पेश किया गया जबकि पुलिस ने केंद्रीय राज्यमंत्री अजय मिश्र के बेटे पर हत्या का केस दर्ज कर लिया है.मध्यप्रदेश का नईदुनिया/नवदुनिया इसी समूह द्वारा खरीदा गया है,इसलिए लखीमपुर हिंसा की इनकी प्रस्तुति यूपी के जागरण जैसी थी.

इसे यूपी का इसलिए कह रहा हूँ क्योंकि एक दैनिक जागरण भोपाल और रीवा से प्रकाशित होता है जिसका मालिकाना अलग है.

वेबसाइट न्यूज़लांड्री ने यूपी दैनिक जागरण मे पत्रकारिता की जल समाधि पर विस्तार से प्रकाश डाला है. यह वही वेबसाइट है जिस पर कुछ दिन पहले ईडी का छापा डलवाया गया था पर सरकार के हाथ कुछ लगा नहीं. न्यूज़लांड्री हिंदी के टिप्पणी कालम मे अतुल चौरसिया ने दैनिक जागरण की सत्तापरस्ती पर विस्तार से ब्योरा देते हुए इसे भाजपा का मुखपत्र बताया है. इसमे सच्चाई भी है क्योंकि इसके मालिक स्वर्गीय नरेंद्र मोहन भाजपा के राज्यसभा सदस्य रहे थे. अतुल चौरसिया ने न्यूज़लांड्री को आजतक से मिल रहीं दिलफरेब धमकियों और गोरखपुर मे युवा व्यवसायी मनीष गुप्ता की पुलिस मारपीट से दर्दनाक मौत पर भी विस्तार से चर्चा की है.

भड़ास के माध्यम से अपने मीडिया ब्रांड को प्रमोट करें. वेबसाइट / एप्प लिंक सहित आल पेज विज्ञापन अब मात्र दस हजार रुपये में, पूरे महीने भर के लिए. संपर्क करें- Whatsapp 7678515849 >>>जैसे ये विज्ञापन देखें, नए लांच हुए अंग्रेजी अखबार Sprouts का... (Ad Size 456x78)

भड़ास की खबरें व्हाट्सअप पर पाएं, क्लिक करें- Bhadas WhatsApp News Alert Service

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *