नई दिल्ली: विदेश मंत्रालय (MEA) ने भारतीय मीडिया हाउसों को एक महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया है, जिसमें उनसे आग्रह किया गया है कि वे यह सुनिश्चित करें कि उनके पत्रकार विदेश यात्रा के दौरान अपनी रिपोर्टिंग गतिविधियों के लिए सही प्रकार के वीजा का पालन करें।
MEA के XP डिवीजन ने मीडिया संगठनों को भेजे गए एक पत्र में बताया कि भारतीय पत्रकारों द्वारा कई बार पर्यटक वीजा पर विदेशों में पत्रकारिता की गतिविधियाँ करने की घटनाएँ सामने आई हैं, खासकर उन देशों में जहां वीजा-ऑन-एराइवल या ऑनलाइन पर्यटक वीजा की सुविधा उपलब्ध है।
MEA ने स्पष्ट किया कि भारत में किसी भी विदेशी पत्रकार को रिपोर्टिंग कार्य करने के लिए विशिष्ट पत्रकार वीजा (J-Visa) की आवश्यकता होती है। किसी अन्य प्रकार के वीजा पर इस प्रकार की गतिविधियाँ करना भारतीय सरकार के वीजा नियमों का उल्लंघन माना जाएगा। मंत्रालय ने यह भी बताया कि यह केवल भारत तक सीमित नहीं है, बल्कि कई देशों में पत्रकारिता के लिए विशेष प्रेस या पत्रकार वीजा की आवश्यकता होती है, जो उनके दूतावासों की वेबसाइटों पर उपलब्ध हैं।
यह सलाह इसलिए जारी की गई है क्योंकि MEA ने भारतीय मीडिया संगठनों द्वारा पत्रकारों को उन देशों में भेजने की घटनाएँ देखी हैं, जहाँ आसानी से पर्यटक वीजा मिल जाता है। मंत्रालय ने मीडिया हाउसों से अनुरोध किया है कि वे अपने पत्रकारों को इस बारे में जागरूक करें और यह सुनिश्चित करें कि रिपोर्टिंग कार्य के लिए यात्रा करने से पहले वे सही पत्रकार वीजा प्राप्त करें।
यह कदम अंतर्राष्ट्रीय वीजा नियमों का उल्लंघन रोकने और पत्रकारों एवं मीडिया संस्थानों के लिए किसी भी कानूनी समस्या से बचने के उद्देश्य से उठाया गया है।
MEA ने इस पहल के माध्यम से यह भी रेखांकित किया कि विदेशी देशों के कानूनों और नियमों का सम्मान करना आवश्यक है। सही वीजा प्रक्रियाओं का पालन करने से भारतीय मीडिया को वैश्विक स्तर पर अपने पत्रकारिता कार्यों को कानूनी और सुसंगत तरीके से निष्पादित करने का अवसर मिलेगा, जो अंतर्राष्ट्रीय संबंधों को बेहतर बनाए रखने और कानूनी समस्याओं से बचने में मदद करेगा।
मंत्रालय का यह कदम भारतीय मीडिया हाउसों द्वारा अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पेशेवर और नियमों का पालन करने वाली पत्रकारिता को बढ़ावा देने के लिए है।


