लखनऊ। सरोजिनी नगर के विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर उत्तर प्रदेश राज्य पत्रकार कल्याण कोष और राज्य पत्रकार कौशल विकास केंद्र की स्थापना करने का अनुरोध किया है।
डॉ. सिंह ने अपने पत्र में कहा है कि पत्रकार समाज वह वर्ग है जो शासन और जनता के बीच सेतु का काम करता है तथा सरकारी योजनाओं, सामाजिक मुद्दों और जन अपेक्षाओं की आवाज़ को शासन तक पहुँचाने की जिम्मेदारी निभाता है।
उन्होंने कहा कि अनेक पत्रकार आर्थिक, स्वास्थ्य और सामाजिक असुरक्षा की स्थिति में जीवनयापन करते हैं। कई बार दुर्घटनाओं या गंभीर बीमारियों की स्थिति में उन्हें संस्थागत सहायता नहीं मिल पाती, जिससे उनकी पारिवारिक स्थिति प्रभावित होती है।
डॉ. सिंह ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि राज्य सरकार के सहयोग से 100 करोड़ रुपये के प्रारंभिक बजट के साथ पत्रकार कल्याण कोष की स्थापना की जाए, जिससे पत्रकारों और उनके परिवारों को आकस्मिक मृत्यु, गंभीर बीमारी या विकलांगता की स्थिति में आर्थिक सहायता मिल सके।
विधायक ने अपने पत्र में वरिष्ठ अथवा दिव्यांग पत्रकारों को मासिक मानवीय भत्ता, पत्रकारों के बच्चों की उच्च शिक्षा हेतु छात्रवृत्ति और आपातकालीन राहत सहायता देने की भी बात कही है।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने यह भी सुझाव दिया कि उत्तर प्रदेश में राज्य पत्रकार कौशल विकास केंद्र खोला जाए, जहां पत्रकारों को डिजिटल मीडिया, डेटा एनालिटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सुरक्षा, सोशल मीडिया प्रबंधन और फैक्ट-चेकिंग जैसे आधुनिक विषयों का प्रशिक्षण दिया जा सके।
उन्होंने कहा कि डिजिटल युग में पत्रकारिता का स्वरूप तेजी से बदल रहा है और ऐसे में पत्रकारों के लिए नई तकनीकी दक्षता हासिल करना समय की मांग है।
विधायक ने यह भी प्रस्ताव रखा कि इस केंद्र में विश्वविद्यालयों और मीडिया संस्थानों के सहयोग से प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जाएं ताकि पत्रकारिता के पेशे में कार्यरत लोगों को समयानुकूल कौशल और सुरक्षा प्राप्त हो सके।
इसे लेकर वरिष्ठ पत्रकार राजीव तिवारी बाबा ने लिखा है-
धन्यवाद मा. विधायक Rajeshwar Singh जी, किसी ने तो पत्रकारों के बारे में सोचा और पहल की। एक छोटा सुझाव ये है कि पत्रकार कल्याण कोष का मामला अभी आपके लेटर के बाद सुगबुगाहट होगी, विचार होगा, प्रस्ताव होगा तब सरकार कुछ करेगी तो इसमें काफी विलंब होगा।
हां, पत्रकारों को पेंशन का मामला सालों से सरकार में सबकुछ होकर अटका है, बस मुख्यमंत्री जिस दिन चाहेंगे उसी दिन हो जाएगा तो उसके लिए महराज जी के पास प्रयास करिए तो पत्रकारों का जल्द भला होगा……

आदरणीय डॉ. राजेश्वर सिंह जी आपने पत्रकारिता जैसे संवेदनशील और संघर्षशील वर्ग के हित में जो विचार रखा है वह केवल एक प्रस्ताव नहीं, बल्कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के प्रति आपकी गहरी आस्था और संवेदना का सजीव प्रमाण है।
पत्रकार वह दीपक है जो स्वयं जलकर समाज को दिशा देता है। वह शासन और जनता के बीच संवाद का सेतु है, जो अंधकार में भी सच की लौ जलाए रखता है। ऐसे में “राज्य पत्रकार कल्याण कोष” और “पत्रकार कौशल विकास केंद्र” की स्थापना का यह प्रस्ताव न केवल पत्रकारों के जीवन में सुरक्षा और सम्मान का भाव लाएगा, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों को भी सशक्त करेगा।
आपका यह चिंतन, यह संवेदना, नीतिगत सोच में मानवीयता का जोड़ा हुआ एक सुंदर अध्याय है।
यह पहल उस परंपरा को पुनर्जीवित करती है जहाँ सत्ता, समाज और सच तीनों का संवाद परस्पर सम्मान और सहयोग के आधार पर चलता है।आपको इस सार्थक पहल के लिए हृदय से आभार और साधुवाद
आपका यह प्रयास निश्चित ही उत्तर प्रदेश के साथ-साथ देशभर के पत्रकार समुदाय में विश्वास और प्रेरणा का संचार करेगा..
-मनीष पांडेय


