कानपुर। नए साल से पहले शहर को अपराधमुक्त बनाने के लक्ष्य के साथ कानपुर पुलिस ने ‘ऑपरेशन 500’ की शुरुआत कर दी है। ‘ऑपरेशन महाकाल’ की तर्ज पर शुरू किए गए इस अभियान का मकसद है—अगले 500 घंटे तक बिना रुके अपराधियों, भूमाफियाओं, वसूलीबाजों और फर्जी पत्रकारों-यूट्यूबर्स पर कड़ी कार्रवाई।
जॉइंट सीपी क्राइम आशुतोष कुमार को इस विशेष अभियान का प्रभारी बनाया गया है। उनके नेतृत्व में सभी थाना क्षेत्रों में एक साथ छापेमारी, सर्वे और पीड़ितों से सीधे प्रार्थना-पत्र लेने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। आशुतोष कुमार के मुताबिक, शहर में कुछ लोग पत्रकारिता और सोशल मीडिया की आड़ लेकर धमकाने, वसूली करने और जमीन कब्जाने जैसी गतिविधियों में शामिल थे। “जनता को नए साल से पहले राहत दिलाने के लिए यह ऑपरेशन शुरू किया गया है। अगले 500 घंटे तक लगातार कार्रवाई चलेगी,” उन्होंने कहा।
गली-मोहल्लों में सघन जांच
अभियान के तहत हर थाने को अपने इलाके में गली-मोहल्लों तक जाकर छानबीन करने के निर्देश दिए गए हैं।
- भूमाफियाओं पर सख्त नजर
- अवैध हथियार, शराब, जुआ और सट्टा कारोबार की जांच
- फर्जी पत्रकार/यूट्यूबर बनकर ब्लैकमेलिंग करने वालों की पहचान
- पीड़ितों से सीधे शिकायत लेकर त्वरित एक्शन
जोनल डीसीपी और एसीपी स्तर पर अलग-अलग टीमें बनाई गई हैं ताकि कोई भी अपराधी पुलिस की पकड़ से बाहर न रह सके।
जनता ने अभियान का किया स्वागत
शहर में पिछले कई महीनों से वसूली और धमकी के मामलों में बढ़ोतरी हुई थी। कई लोग फर्जी पत्रकारों और यूट्यूबर्स से भयभीत होकर शिकायत करने से भी कतराते थे। अब पुलिस ने सक्रिय होकर इस गिरोहबाजी पर लगाम कसने का ऐलान किया है। एक स्थानीय व्यापारी ने कहा, “कई लोग फर्जी चैनल या प्रेस कार्ड दिखाकर डराते-धमकाते हैं। अगर पुलिस ईमानदारी से कार्रवाई करती है तो यह बहुत बड़ा राहत कदम होगा।”
पुलिस की जनता से अपील
कानपुर पुलिस ने नागरिकों से आग्रह किया है कि यदि कोई भी व्यक्ति वसूली, धमकी या ब्लैकमेलिंग का शिकार हुआ है, तो वह बिना डर शिकायत दर्ज कराए।
- शिकायतकर्ता की पहचान गोपनीय रखी जाएगी
- डायल-112 और स्थानीय थाने पर शिकायत तुरंत दर्ज होगी
- पुलिस ने कई संदिग्धों की सूची तैयार कर ली है
‘ऑपरेशन 500’ के तहत आने वाले दिनों में बड़े पैमाने पर छापेमारी और गिरफ्तारियां संभव हैं। नए साल से पहले कानपुर पुलिस का लक्ष्य है—शहर से अपराध का भय पूरी तरह खत्म करना।


