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‘आप’ सरकार ने फिर कहा- सचिवालय के भीतर मीडिया प्रवेश की अनुमति नहीं, विरोध में पत्रकारों का प्रदर्शन

नई दिल्ली : दिल्ली सरकार ने गुरुवार को सख्ती से दोहराया कि दिल्ली सचिवालय की इमारत के भीतर मीडिया को प्रवेश की अनुमति नहीं होगी, बल्कि उन्हें सचिवालय स्थित मीडिया कक्ष तक ही जाने की अनुमति होगी। यह फैसला मीडिया और सरकार के बीच गतिरोध को खत्म करने के लिए पांच वरिष्ठ पत्रकारों और सरकार के प्रतिनिधि मंडल के बीच हुई बैठक के बाद लिया गया। उधर, सचिवालय में घुसने पर पाबंदी के खिलाफ कई पत्रकारों ने सचिवालय के सामने की सड़क पर बैठकर प्रदर्शन किया।  

नई दिल्ली : दिल्ली सरकार ने गुरुवार को सख्ती से दोहराया कि दिल्ली सचिवालय की इमारत के भीतर मीडिया को प्रवेश की अनुमति नहीं होगी, बल्कि उन्हें सचिवालय स्थित मीडिया कक्ष तक ही जाने की अनुमति होगी। यह फैसला मीडिया और सरकार के बीच गतिरोध को खत्म करने के लिए पांच वरिष्ठ पत्रकारों और सरकार के प्रतिनिधि मंडल के बीच हुई बैठक के बाद लिया गया। उधर, सचिवालय में घुसने पर पाबंदी के खिलाफ कई पत्रकारों ने सचिवालय के सामने की सड़क पर बैठकर प्रदर्शन किया।  

बैठक में मौजूद एक पत्रकार ने बताया कि अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली दिल्ली की सरकार ने कहा है कि डीआईपी और यहां तक की पीआईबी कार्ड धारक संवाददाताओं को भी सचिवालय में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्हें केवल मीडिया कक्ष में बैठने की अनुमति होगी।  पत्रकार ने यह भी बताया कि सभी संवाददाता सम्मेलन मीडिया कक्ष में ही संबोधित किए जाएंगे।

पत्रकार ने कहा, “किसी मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी से मिलने के लिए पहले सरकार के प्रवक्ता नागेंद्र शर्मा से बातचीत करनी होगी, जो मुलाकात का समय तय करेंगे।”

हालांकि बैठक में मौजूद पत्रकारों ने नए दिशानिर्देशों पर नाराजगी जाहिर की, जिस पर दिल्ली सरकार के अधिकारियों ने गुरुवार शाम छह बजे तक का समय मांगा है, ताकि वह यह फैसला ले सके कि डीआईपी कार्डधारकों को सचिवालय के भीतर प्रवेश की अनुमति दी जाए अथवा नहीं। दिल्ली में आम आदमी पार्टी (आप) की नई सरकार ने अपने कामकाज के पहले दिन (सोमवार) से ही सचिवालय में पत्रकारों के प्रवेश पर रोक लगा दी, जिससे कई पत्रकार नाराज हो गए।

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1 Comment

1 Comment

  1. अरुण साथी

    February 19, 2015 at 12:55 pm

    लोकहित में पत्रकारों को इसका समर्थन करना चाहिए… हाँ दलाली करने वाले दुखी होंगें ही…

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