नवनीत चतुर्वेदी-
कार्टूनिस्ट मित्र Hemant Malviya पर इंदौर में कार्टून बनाने के मामले में FIR दर्ज हुई है। उक्त FIR के लिए मैं शिकायतकर्ता या प्रशासन या सत्ताधारी दल को जिम्मेदार नहीं मानता।
मेरी नजर में सोशल मीडिया के तमाम लाइक कमेंट और शेयर बहादुर लोग इस FIR के जिम्मेदार है। हेमंत के कार्टून अक्सर कांग्रेस के तमाम छोटे बड़े नेता शेयर किया करते थे हजारों से ले कर मिलियन तक व्यूज आते थे।
माल ए मुफ़्त दिल ए बेरहम की तर्ज पर सोशल मीडिया के समुंदर में हेमंत का कार्टून उन्हें एकदम मुफ्त हासिल था सो वो हेमंत का कार्टून अपने पिताजी का माल समझ कर शेयर करते रहे।
हेमंत के कार्टून्स को वायरल किसने किया इन्ही सोशल मीडिया के धुरंधर लाइक कमेंट और शेयर वाले बहादुरों ने, जिनका एक मात्र काम होता है।
हम आपके साथ है। हम आपके समर्थन में हैं। असलियत में उनका साथ और समर्थन सिर्फ मोबाइल के कीबोर्ड तक का ही होता है। हेमंत पर FIR की खबर वायरल है लेकिन जो बड़े नेतागण हेमंत के कार्टून पोस्ट किया करते थे वो अब हेमंत के लिए आगे आने को तैयार नहीं हैं।
जिन हजारों लाखो व्यूज़ लाइक कमेंट शेयर्स ने हेमंत का हौसला बढ़ाया था, अब वही सब धरातल से गायब है। आज हेमंत के साथ सिर्फ़ उसका परिवार है या कुछ गिने चुने पुराने मित्र जो उसके लिए चिंतित है कुछ दौड़ धूप कर रहे हैं।
खैर, इस FIR से तो हेमंत देर सेवर अपना पिंड छुड़ा ही लेंगे लेकिन जैसे गिरीश मालवीय ने सोशल मीडिया से किनारा किया अब हेमंत भी यहाँ से किनारा कर ही लेंगे। सत्ता पक्ष के कार्यकर्ता कारिंदे हर समय तैयार है वो अपना फ़र्ज़ निभा रहे है अपनी वफ़ादारी अपने पार्टी के लिए साबित कर रहे है।
लेकिन विपक्ष के कार्यकर्ता समर्थक ये सब कहाँ है!! इन्हें तो कभी सिंदूर में उलझा दिया जाता है तो कभी विजय शाह में तो कभी मनोहर लाल धाकड़ के वीडियो में!
नोट – कर्नाटक में एफआईआर हुई अमित मालवीय अर्नब के खिलाफ हाईकोर्ट से stay मिल चुका उन्हें। कर्नाटक पुलिस में हिम्मत ही कहाँ थी कि इन्हें पकड़ सके!! इसके पहले राजस्थान छत्तीसगढ़ में भी कांग्रेस सरकार के दौरान खूब FIR हुई लेकिन अरेस्ट एक भी नहीं हुआ, लेकिन यहाँ ये जब चाहे किसी को भी पकड़ लेते है जेल भेज देंगे। हाईकोर्ट या सुप्रीम कोर्ट से जमानत करा आइये अपने पल्ले से। जनता पार्टी अध्यक्ष अपने स्तर पर हेमंत के लिए किसी उपाय में व्यस्त है लेकिन लानत है उन सब कीबोर्ड बहादुरों के ऊपर यदि वाक़ई कुछ करना चाहते हैं तो उन मुफ्तखोर नेताओं को लानत भेजिए जो हेमंत का कार्टून शेयर करते रहे है और अब गायब है।
अपूर्व भारद्वाज-
सुप्रसिद्ध कार्टूनिस्ट, व्यंग्यकार और मेरे भाई समान हेमंत मालवीय के खिलाफ एक और FIR दर्ज कर दी गई है।
पुलिस तो केवल एक चेहरा है…असल खेल ‘साहब’ की सहमति से हो रहा है। ये कोई इत्तेफाक नहीं, ये सत्ता के ख़िलाफ़ उठने वाली हर आवाज़ को कुचलने की सुनियोजित साज़िश है।
हेमंत भाई कोई आम व्यंग्यकार नहीं हैं। वो शख़्स हैं जिनके कार्टूनों ने हमें सेकंडों में वो समझाया है, जो बड़े-बड़े संपादकीय नहीं समझा सके। सत्ता की चूलें हिला देने वाला सच जब रेखाओं में ढलता है, तो उसका नाम होता है — हेमंत मालवीय।
आज उन्हें फंसाया जा रहा है। षड्यंत्र रचा जा रहा है। क्यों? क्योंकि वो सच बोलते हैं। क्योंकि वो हुनर से रखते हैं। क्योंकि अब कार्टून सत्ता के लिए सबसे बड़ा खतरा बन चुका है।
आज अगर हम हेमंत भाई को अकेला छोड़ दें, तो कल हर लिखने-बोलने वाला इसी कतार में मिलेगा। ये सिर्फ एक और FIR नहीं है — ये लोकतंत्र की आत्मा पर चोट है। आज साथ नहीं आए, तो कल आपकी आवाज़ उठाने वाला कोई नहीं बचेगा।
हेमंत मालवीय-
विभिन्न सूचना माध्यमों से प्राप्त जानकारी अनुसार आर एस एस की छवि धूमिल करने का आरोप लगा कार्टूनिस्ट हेमंत मालवीय के विरुद्ध लसुड़िया में FIR. सोशल मीडिया पर संघ स्वयं सेवकों, प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी एवम् भगवान शिव का आपत्तिजनक, अभद्र एवं अमर्यादित कार्टून एवं टिप्पणी पोस्ट करने पर हेमंत मालवीय के विरुद्ध लसुड़िया थाने में दिनांक 21/5/25 को धारा 196, 299, 302, 352, 353 (2) BNS एवम् 67(A) IT act के तहत् अपराध क्रमांक 563/25 दर्ज किया गया।
कल किसी मित्र में बीजेपी आईटी सेल संचालक अमित मालवीय के विरुद्ध कांग्रेस द्वारा fir की जगह गलती से अमित मालवीय की जगह मेरा नाम डाल दिया था, जिसे मैंने मजाक स्वरूप स्वयं ही शेयर कर दिया था, पर आज ये मजाक नहीं सच है,….


