Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

प्रिंट

मजीठिया की जंग : झूठ लिख कर बुरा फंसा डीबी कॉर्प!

‘जिद करो दुनिया बदलो’ का नारा देने वाला डीबी कॉर्प अब ‘झूठ बोलो और बुरे फंसो’ के पैटर्न पर काम कर रहा है। मंगलवार को मुंबई के श्रम आयुक्त कार्यालय में डी बी कॉर्प की महिला रिसेप्शनिस्ट लतिका आत्माराम चव्हाण और आलिया शेख के मजीठिया वेज बोर्ड बोर्ड मामले की सुनवाई थी। लतिका और आलिया ने मजीठिया वेजबोर्ड के तहत वेतन और एरियर न मिलने पर 17 (1) के तहत रिकवरी का क्लेम श्रम आयुक्त कार्यालय में किया था।

‘जिद करो दुनिया बदलो’ का नारा देने वाला डीबी कॉर्प अब ‘झूठ बोलो और बुरे फंसो’ के पैटर्न पर काम कर रहा है। मंगलवार को मुंबई के श्रम आयुक्त कार्यालय में डी बी कॉर्प की महिला रिसेप्शनिस्ट लतिका आत्माराम चव्हाण और आलिया शेख के मजीठिया वेज बोर्ड बोर्ड मामले की सुनवाई थी। लतिका और आलिया ने मजीठिया वेजबोर्ड के तहत वेतन और एरियर न मिलने पर 17 (1) के तहत रिकवरी का क्लेम श्रम आयुक्त कार्यालय में किया था।

आज कंपनी ने अपने वकील के जरिये सुनवाई में जवाब दिया कि ये दोनों महिला कर्मचारी मजीठिया वेज बोर्ड के दायरे में नहीं आती हैं जिस पर इन महिला कर्मचारियों के साथ गए पत्रकार और आरटीआई एक्टिविस्ट शशिकान्त सिंह ने तुरंत भारत सरकार की 11 नवंबर 2011 को जारी अधिसूचना की कॉपी का संबंधित पेज खोल कर इस मामले की सुनवाई कर रही असिस्टेंट लेबर कमिश्नर के सामने रख दिया जिसमें ये साफ लिखा है कि रिसेप्शनिस्ट भी मजीठिया वेज बोर्ड के दायरे में आती हैं।

इसके बाद डीबी कॉर्प और वकील की बोलती बंद हो गयी। उन्होंने अगला डेट लेने का प्रयास किया मगर उस समय मौजूद शशिकान्त सिंह और धर्मेंद्र प्रताप सिंह ने कड़ा एतराज जताया और साफ़ कह दिया कि हमारे दिए गए तथ्य को रिकार्ड में लाया जाए और डीबी कॉर्प को इस मामले को साबित करने के लिए कहा जाय क्योंकि उन्ह लोगों ने लिखित रूप से कहा है कि ये कर्मचारी मजीठिया वेज बोर्ड के दायरे में नहीं आतीं। इसके बाद नीलांबरी भोसले ने इसे स्टेटमेंट में नोट किया और डीबी कॉर्प को 48 घंटे बाद का 27 अक्टूबर का डेट दिया और कहा कि आप प्रूफ लेकर आइये कि रिसेप्शनिस्ट मजीठिया वेज बोर्ड के दायरे में नहीं आतीं।

शशिकान्त सिंह
पत्रकार और आरटीआई एक्टिविस्ट
9322411335

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन