
चंदौली जनपद में भ्रष्टाचार की पड़ताल करने पहुंचे एक पत्रकार पर हमला किए जाने का मामला सामने आया है। घटना धानापुर विकासखंड के हिंगुतर गढ़ गांव की है, जहां स्टेडियम निर्माण में कथित अनियमितताओं की रिपोर्टिंग के दौरान ठेकेदार और उसके सहयोगियों ने पत्रकार के साथ दुर्व्यवहार किया।
बताया जा रहा है कि गांव में निर्माणाधीन स्टेडियम में घटिया ईंटों का खुलेआम इस्तेमाल किया जा रहा था। इसकी गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए क्षेत्र के युवाओं ने ईंटों को आपस में टकराकर उनकी कमजोर स्थिति दिखाने का एक वीडियो बनाया, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो के आधार पर एक निजी चैनल का पत्रकार मौके पर पहुंचकर मामले की कवरेज कर रहा था।
इसी दौरान वहां मौजूद ठेकेदार और उसके गुर्गों ने पत्रकार का मोबाइल फोन तोड़ दिया और रिकॉर्ड किए गए फुटेज को डिलीट कराने का प्रयास किया। आरोप है कि पत्रकार के साथ गाली-गलौज की गई और मारपीट की कोशिश भी हुई।
घटना की निंदा करते हुए सैयदराजा के पूर्व विधायक मनोज कुमार सिंह ‘डब्ल्यू’ ने जनपद की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार की निष्क्रियता के कारण ठेकेदारों के हौसले बुलंद हैं और भाजपा शासन में भ्रष्टाचार एक तरह की प्रतिस्पर्धा बन चुका है, जिसमें सत्ताधारी दल से जुड़े लोग भी शामिल हैं। पूर्व विधायक ने पत्रकार पर हुए हमले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। साथ ही उन्होंने कहा कि यदि लोकतंत्र का चौथा स्तंभ सुरक्षित नहीं रहेगा तो आम जनता को न्याय मिलना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने जिले में चल रहे सभी निर्माण कार्यों की जांच कराने की भी मांग की।
इस संबंध में धानापुर थाना प्रभारी त्रिवेणी लाल सेन ने बताया कि पत्रकार से विवाद की सूचना मिलते ही क्षेत्रीय उपनिरीक्षक को मौके पर भेजा गया था। हालांकि वहां मौजूद कुछ स्थानीय लोगों ने आपसी समझौते के जरिए मामला शांत करा दिया। उन्होंने कहा कि यदि पत्रकार की ओर से तहरीर प्राप्त होती है तो आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


