
मीडिया इंडस्ट्री से जुड़ी एक अहम खबर सामने आई है। वरिष्ठ पत्रकार पाणिनि आनंद ने एक बार फिर ‘इंडिया टुडे’ समूह में वापसी की है। विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, वह इस बार समूह में ‘स्पेशल प्रोजेक्ट्स’ से जुड़े कार्यों पर ध्यान केंद्रित कर सकते हैं, हालांकि उनकी सटीक भूमिका को लेकर आधिकारिक पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है।
यह पाणिनि आनंद की इंडिया टुडे समूह में दूसरी पारी है। इससे पहले वह लगभग सात वर्षों तक इस प्रतिष्ठित मीडिया हाउस का हिस्सा रहे थे। अपनी पिछली पारी में वह ‘आजतक डिजिटल’ में एग्जिक्यूटिव एडिटर की भूमिका निभा रहे थे। शुरुआत उन्होंने बतौर डिप्टी एडिटर की थी, लेकिन अपने योगदान और अनुभव के आधार पर उन्हें प्रमोशन देकर एग्जिक्यूटिव एडिटर बनाया गया था।
मार्च 2023 में उन्होंने ‘इंडिया टुडे’ समूह को अलविदा कहकर ‘टीवी9 भारतवर्ष’ डिजिटल में ग्रुप एडिटर की जिम्मेदारी संभाली थी। हाल ही में उन्होंने टीवी9 से इस्तीफा दे दिया था।
पाणिनि आनंद का करियर विविधतापूर्ण और समृद्ध रहा है। ‘इंडिया टुडे’ से पहले वह कैच न्यूज़ में सीनियर असिस्टेंट एडिटर थे। उससे पहले वह राज्यसभा टीवी में न्यू मीडिया डिपार्टमेंट के प्रमुख के रूप में कार्यरत थे।
मूल रूप से रायबरेली (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले पाणिनि आनंद पिछले दो दशकों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। उन्होंने पत्रकारिता की पढ़ाई इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन (IIMC), दिल्ली से की और अपने अध्ययन काल में ही ‘नवभारत टाइम्स’, ‘हिन्दुस्तान’ और ‘जनसत्ता’ जैसे अखबारों के लिए नियमित लेखन किया।
उन्होंने अपने करियर की शुरुआत बीबीसी हिंदी से की थी, जहां 2004 से 2010 तक वह बतौर कंट्रीब्यूटर, कॉरेस्पॉन्डेंट और प्रोड्यूसर कार्यरत रहे। इसके बाद उन्होंने 2010 में सहारा मीडिया में संजीव श्रीवास्तव के साथ मिलकर वेब डिवीजन के एडिटोरियल हेड की भूमिका निभाई। 2011 में उन्हें सीएसडीएस की फेलोशिप भी मिली थी, जिसके बाद वह 2012 में आउटलुक (अंग्रेज़ी) मैगज़ीन में प्रिंसिपल कॉरेस्पॉन्डेंट बने।
गौरतलब है कि पाणिनि आनंद केवल पत्रकारिता तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वह डॉक्यूमेंट्री मेकिंग और साहित्यिक लेखन के क्षेत्र में भी सक्रिय रहे हैं।
उनकी वापसी को मीडिया इंडस्ट्री में एक अहम घटनाक्रम माना जा रहा है, और यह देखना दिलचस्प होगा कि ‘इंडिया टुडे’ समूह में उनकी नई पारी किस दिशा में आगे बढ़ती है।


