Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

सियासत

राघव चड्ढा ने अपने एक्स पेज से BJP और मोदी के खिलाफ किए ट्वीट साफ कर दिए!

सौरभ भारद्वाज-

राघव चड्ढा ने अपने X टाइमलाइन को पूरी तरह साफ कर दिया है , मोदी या भाजपा के खिलाफ जितनी भी पुरानी आलोचनात्मक पोस्ट्स थीं, वे सब गायब!

मैंने उनके पूरे अकाउंट को “BJP” और “Modi” शब्दों से गहराई से सर्च किया। नतीजा चौंकाने वाला है, कोई भी पुरानी आलोचना अब दिखाई नहीं देती।

“Modi” शब्द वाले सिर्फ दो पोस्ट बचे हैं, और दोनों में मोदी की तारीफ है। आप के नेताओं द्वारा क्वोट किए गए ट्वीट भी गायब हो गए हैं

ये कोई मामूली सफाई नहीं, बल्कि पूरी डिजिटल हिस्ट्री का सर्जिकल मिटाना है।

एक समय में मोदी-भाजपा के तीखे आलोचक रहे राघव चड्ढा ने अपनी पुरानी छवि को पूरी तरह मिटाकर एक नई, चमकदार वाशिंग मशीन वाली तस्वीर पेश कर दी है।

जिसकी टाइमलाइन इतनी व्यवस्थित तरीके से बदली गई हो, उनकी तैयारी का आप अंदाज़ा लगा सकते हैं।


मि. शर्मा-

राजदीप ने अपने वीडियो में सिलसिलेवार तरीके से कई मुद्दों का जिक्र करते हुए लिखा—

  • ED की छापेमारी शुरू हुई, फिर गिरफ्तारियां हुईं
  • राघव चड्ढा लंदन चले गए और लंबे समय तक नजर नहीं आए
  • Arvind Kejriwal की गिरफ्तारी हुई, लेकिन एक भी ट्वीट नहीं किया
  • चुनाव के दौरान न कैंपेन दिखा, न कोई स्पष्ट स्टैंड

एक “लाइन” क्रॉस नहीं की गई—यानी Narendra Modi और Amit Shah पर कोई सीधा हमला नहीं किया गया।


आदिल अहमद खान-

“घायल हूँ, घातक हूँ” की डायलॉगबाज़ी करने वाले तो कायर निकले। ऊँची आवाज़ में बहादुरी जताना आसान है, लेकिन सच के साथ खड़ा रहना ही असली हिम्मत होती है।

राघव चड्ढा ने X पर अपनी वे तमाम पुरानी पोस्ट हटा दी हैं, जिनमें नरेंद्र मोदी और बीजेपी की आलोचना की गई थी।

कई लोगों ने उनकी टाइमलाइन पर “BJP” और “Modi” सर्च किया। नतीजा? आलोचना से जुड़ी कोई पोस्ट दिखाई नहीं दी। “Modi” शब्द वाली सिर्फ दो पोस्ट मिलती हैं, और वे भी मोदी की तारीफ़ करने वाली।

राघव याद रखें- इतिहास शूरवीरों को याद रखता है, कायरों को नहीं।

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन