नोएडा। बाहर के खाने को लेकर एक बार फिर चिंता बढ़ाने वाली खबर सामने आई है। न्यूज़24 चैनल के एंकर और वरिष्ठ पत्रकार अखिलेश आनंद पिछले चार दिनों से नोएडा के यथार्थ हॉस्पिटल में भर्ती हैं।
भड़ास4मीडिया से हुई बातचीत में अखिलेश आनंद बताते हैं कि नोएडा फिल्म सिटी में एक बड़ी मशहूर जगह है, हालांकि उसका कोई ऑफिशियल नाम नहीं है लेकिन सब उसे गुप्ता चौक के नाम से जानते हैं। तमाम लोग जाते हैं वहां।
गुरुवार को उन्होंने उस दुकान में सोया चाप खाई थी। उसी रात उन्हें पेट में कुछ दिक्कत महसूस हुई। अचानक गैस बनने लगी और फिर उल्टियां शुरू हो गईं। इसके बाद बुखार हो गया।
हालत ऐसी हो गई कि थोड़ी ही देर बाद उन्हें अस्पताल जाने को मजबूर होना पड़ा। अखिलेश जी कहते हैं- बाहर खाने से बचिए ! 4 दिनों से अस्पताल के बिस्तर पर हूँ।
अस्पताल के बिस्तर से ही अखिलेश आनंद ने लोगों से अपील की है कि बाहर के खाने से सावधान रहें। उन्होंने कहा कि मिलावटी या अस्वच्छ भोजन सेहत के लिए गंभीर खतरा बन सकता है।
इस घटना ने एक बार फिर खाद्य सुरक्षा और बाजार में बिक रहे खाने की गुणवत्ता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का भी कहना है कि बाहर खाना खाते समय साफ-सफाई और विश्वसनीय जगह का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। देखें यह वीडियो….
https://twitter.com/akhileshanandd/status/2043921088422523374
https://www.facebook.com/share/r/14cLZahat62/?mibextid=wwXIfr
गर्मियों में बढ़ जाता है फूड प्वाइजनिंग का खतरा, लापरवाही कतई न करें
तापमान बढ़ते ही फूड प्वाइजनिंग के मामले भी तेजी से सामने आने लगते हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक गर्मियों में बैक्टीरिया और वायरस तेजी से पनपते हैं, जिससे खाने-पीने की चीजें जल्दी खराब हो जाती हैं और जरा सी लापरवाही भी सेहत पर भारी पड़ सकती है।
डॉक्टर बताते हैं कि इस मौसम में खासतौर पर बाहर का खाना, कटे हुए फल, बासी भोजन और खुले में बिकने वाली चीजें सबसे ज्यादा जोखिम भरी होती हैं। गर्मी के कारण खाने में मौजूद बैक्टीरिया तेजी से बढ़ते हैं, जो शरीर में पहुंचकर संक्रमण फैलाते हैं और उल्टी-दस्त, पेट दर्द, बुखार जैसी समस्याएं पैदा करते हैं।
हाल के दिनों में ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जहां मिलावटी या अस्वच्छ भोजन के कारण लोगों को अस्पताल तक जाना पड़ा। डॉक्टरों का कहना है कि गर्मियों में शरीर में पानी की कमी पहले ही रहती है, ऐसे में फूड प्वाइजनिंग होने पर डिहाइड्रेशन का खतरा और बढ़ जाता है।
विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि इस मौसम में हल्का और ताजा खाना ही खाएं। घर का बना भोजन सबसे सुरक्षित माना जाता है। उबला या फिल्टर किया हुआ पानी पीना चाहिए और बाहर खाने से जहां तक हो सके बचना चाहिए। खासतौर पर सड़क किनारे बिकने वाले खाद्य पदार्थों से दूरी बनाना बेहतर है।
डॉक्टर यह भी चेतावनी देते हैं कि यदि उल्टी-दस्त लंबे समय तक बने रहें, तेज बुखार हो या शरीर में अत्यधिक कमजोरी महसूस हो, तो तुरंत चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए। लापरवाही गंभीर स्थिति पैदा कर सकती है।
गर्मियों में खानपान को लेकर बरती गई थोड़ी सी सावधानी ही फूड प्वाइजनिंग जैसी समस्याओं से बचाव का सबसे कारगर उपाय मानी जा रही है।


