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टीवी टुडे के बोर्ड में शामिल हुए अभिषेक मल्होत्रा, रिपब्लिक मीडिया में मोहित धामने का प्रमोशन

मीडिया इंडस्ट्री में बड़े स्तर पर प्रबंधन बदलाव देखने को मिले हैं। TV Today Network ने जहां अपने बोर्ड में नए स्वतंत्र निदेशक को शामिल किया है, वहीं Republic Media Network ने मोहित धामने को प्रमोशन देते हुए ग्रुप CEO नियुक्त किया है।


TV Today Network Limited ने अपने बोर्ड में अहम बदलाव करते हुए Abhishek Malhotra को नॉन-एग्जिक्यूटिव इंडिपेंडेंट डायरेक्टर नियुक्त किया है। कंपनी के मुताबिक, यह नियुक्ति 28 अप्रैल 2026 से प्रभावी हो गई है।

इससे पहले 13 फरवरी 2026 को कंपनी ने इस प्रस्ताव की घोषणा की थी, जिसे बाद में 1 अप्रैल 2026 को पोस्टल बैलेट के जरिए शेयरधारकों ने मंजूरी दी। इसके बाद सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय (MIB) से भी स्वीकृति मिलने के साथ ही अब यह नियुक्ति अंतिम रूप ले चुकी है।


वहीं, Republic Media Network से जुड़ी एक बड़ी खबर में Mohit Dhamane को ग्रुप चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर (CEO) नियुक्त किया गया है।

कंपनी की ओर से जारी इंटरनल कम्युनिकेशन के अनुसार, मोहित धामने इससे पहले नेटवर्क में चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (CFO) के पद पर कार्यरत थे। उनके प्रमोशन को संगठन में एक महत्वपूर्ण बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है।

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1 Comment

1 Comment

  1. Uma Shankar

    April 29, 2026 at 9:32 am

    मेरे हिसाब से इस टीव़ी टडेऽ (“टुडे” ग़लत है) और आरटीव़ी नेटवर्क वाले इस लेख में ही कई सारी भाषा-संबंधी भूलें एवं त्रुटिपूर्ण तथ्य हैं।

    मसलन
    Ėxêcutivĕ Indėpêndėnt Dirêctŏr: इग्ज़ेक्युटिव़ इंडिपेंडंट डाइरेक्टर (ग़लत वर्तनी: एग्जिक्यूटिव इंडिपेंडेंट डायरेक्टर)
    Fïnäncial Öfficer: फ़ाइनैंशल ऑफ़िसर (ग़लत वर्तनी: फाइनेंशियल ऑफिसर)
    Ballŏt: बैलट क्योंकि इसमें ě (ए) है ही नहीं और इसे बुलिट (bullet) के विकृत रूप के ही आधार पर गढ़ा गया है (ग़लत वर्तनी: बैलेट)
    Grŏūp: ग्रूप (ग़लत वर्तनी: ग्रुप)
    नीरेंद्र जी बहुत ही बूढ़े हो गये हैं, इसलिए जब नवभारत टाइम्स वाले उन्हें एक प्रकार से साइडलाइन किये होंगे (उनके लेख को रविवार संस्करण में ही प्रकाशित किया जाता होगा, वह भी एक-दो पृष्ठों तक पर), तब उन्हें मजबूरन संस्थान छोड़ना पड़ा। बाद में वह सत्य हिंदी नामक एक वेबसाइट के यहाँ कुछ वर्षों तक कार्यरत रहे। उसके पश्चात, उन्हें संभवतः यह लगने लगा होगा कि कम-से-कम भड़ास मीडिया तो ऐसी मूर्खतापूर्ण ग़लतियाँ न करें तथा कोई भी अर्धसत्य या इससे जुड़ा कोई कॉन्टेंट न तो प्रकाशित करे और न ही दिखाएँ।

    आशा है, आप उपर्युक्त बातों को समझने का प्रयास अवश्य करेंगे।

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