जौनपुर | कलेक्ट्रेट परिसर में पत्रकार कल्याण समिति के बैनर तले बुधवार को सैकड़ों पत्रकारों ने छत्तीसगढ़ के बीजापुर में हुई पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या के विरोध में मौन जुलूस निकालते हुए महामहिम राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी दिनेश चंद्र को सौंपा।
आपको बता दें कि छत्तीसगढ़ प्रदेश के टीवी पत्रकार मुकेश चंद्राकर की जघन्य हत्या के विरोध में जौनपुर जिले के पत्रकारों ने एक जुट होकर विरोध जताया। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन डीएम के प्रसाशनिक अधिकारी पूजा शुक्ला को सौंपकर प्रकरण की जांच सीबीआई से कराए जाने की मांग की। पत्रकार समूह ने ज्ञापन के माध्यम से पत्रकार के हत्यारों के लिए फांसी की मांग की साथ ही मृतक मुकेश के परिजनों को एक करोड़ की आर्थिक सहायता व परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने की मांग की है।
ज्ञापन के बाद सभी पत्रकारों ने पत्रकार भवन में श्रद्धांजलि सभा कर पुष्पांजलि अर्पित किया।
इस दौरान वरिष्ठ पत्रकार राजकुमार सिंह ने देश में पत्रकारों के साथ लगातार हो रही घटनाओं का जिक्र करते हुए पत्रकार सुरक्षा कानून बनाने की मांग की तथा उन्होंने जौनपुर में हुए पत्रकार आशुतोष श्रीवास्तव हत्याकांड की भी याद दिलाई जिसमें जिला प्रशासन के लचर रवैये के कारण आशुतोष की जान चली गयी।
ग्रामीण पत्रकार संघ के अध्यक्ष संजय आस्थना ने कहा कि अगर पत्रकार असुरक्षित हुआ तो देश में लोकतंत्र नहीं बचेगा। छत्तीसगढ़ के पत्रकार को सड़क निर्माण में हो रहे भ्रष्टाचार को उजागर करने पर अपनी जान गंवानी पड़ी।

ज्ञापन में मुकेश चंद्राकर के परिजनों को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता, हत्याकांड की सुनवाई फास्टट्रैक कोर्ट में कराने व सीबीआई से प्रकरण की जांच कराए जाने की मांग की गई है।
कमर हसनैन दीपू ने कहा कि जब पूरा देश नए वर्ष का जश्न मना रहा था उस समय हम लोग पत्रकार की हत्या पर शोक में डूबे थे। क्योंकि हमारे नौजवान पत्रकार साथी की हत्या हुई है। इसकी जांच हो और न्याय मिले।तथा कई बरिष्ठ पत्रकारों ने अपने अपने विचार रखे तथा पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर चिंता ब्यक्त की।
इस दौरान राजकुमार सिंह, कमर हसनैन दीपू, दीपक श्रीवास्तव, रामजी जायसवाल, मंगला प्रसाद तिवारी, राजेश श्रीवास्तव, अजीत सिंह, बृजेश मिश्रा, हिम्मत बहादुर सिंह, शशि मौर्या, शशि राज सिन्हा, दीपक मिश्रा, रविन्द्र मिश्रा, राजेश मिश्रा, विनय शुक्ल, अरविंद पटेल, जावेद अहमद, काजू सिंह, देवेंद्र खरे, बृजेश विश्वकर्मा, अतुल तिवारी सहित तमाम पत्रकार उपस्थित रहे।
प्रगतिशील ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन ने एडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति को दिया ज्ञापन

बलिया। छत्तीसगढ़ बीजापुर में पत्रकार मुकेश चंद्राकर की निर्मम हत्या के विरोध में प्रगतिशील ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन ने अपर जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति और राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा।
अपर जिलाधिकारी डीपी सिंह के कार्यालय में पहुंचे पत्रकारों के समूह ने बीजापुर (छग) में पत्रकार की निर्मम हत्या पर व पत्रकारों की सुरक्षा की मांग को लेकर भारत सरकार और प्रदेश सरकार से अपील की। पत्रकारों ने कहा कि पत्रकार मुकेश चन्द्राकर द्वारा सड़क व पुल के निर्माण में ठेकेदार द्वारा किये गये भ्रष्टाचार के खुलासे पर ठेकेदार सुरेश चन्द्राकर ने उनकी हत्या करा दी। इससे पूरा पत्रकार जगत मर्माहत है।
इसके विरोध में बलिया के पत्रकारों में भी आक्रोश है। इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति पर रोक लगाने के लिए पूरे देश में पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग की जा रही है। जिसके लिए सुरक्षा व मृत पत्रकार को न्याय हेतु निम्न बिन्दुओं पर कार्यवाही करने की अपील की जा रही है।
संगठन पत्रकार मुकेश चन्द्राकर की निर्मम हत्या के दोषी ठेकेदार सुरेश चन्द्राकर को मृत्युदण्ड दिये जाने की मांग करता है। पत्रकार मुकेश चन्द्राकर के आश्रित को सरकार द्वारा सरकारी नौकरी व 5 करोड़ रुपये की मुआवजा देने की मांग भी संगठन करता है। पत्रक प्रगतिशील ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष बृजेन्द्र नाथ सिंह ने दिया।
जिलाध्यक्ष के साथ पुष्पेंद्र तिवारी सिन्धू, शशिकांत ओझा, मनोज राय, संजय तिवारी, शनि कुमार आदि मौजूद रहे।


