‘आजतक’ ने सेना का अपमान किया! मंत्रालय में चैनल पर रोक लगाने की शिकायत

जेपी सिंह

हिंदी समाचार चैनल ‘आज तक’ पर आरोप लगाया गया है कि उसने भारतीय सेना के खिलाफ अपमानजनक और असंवेदनशील’ टिप्पणी की है। फिल्म अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत का असंवेदनशील कवरेज करने का भी आरोप लगाया गया है। इन दोनों आरोपों की लिखित शिकायत करते हुए इस समाचार चैनल के प्रसारण पर रोक लगाने की मांग की गई है।

फिल्म निर्माता निलेश नवलखा ने आजतक चैनल की सूचना प्रसारण मंत्रालय के समक्ष शिकायत की है और इसे निलंबित करने की मांग की। शिकायत में कहा गया है कि भारत-चीन पर चर्चा के दौरान समाचार एंकर श्वेता सिंह और उनके सहयोगी श्री रोहित सरदाना ने भारतीय सेना के खिलाफ टिप्पणी की कि ‘यह सेना की जिम्मेदारी है, आप इसके लिए सरकार को दोषी नहीं ठहरा सकते’ और “भारतीय क्षेत्र में चीनी घुसपैठ केवल सरकार की गलती नहीं है, बल्कि सेना की भी है, क्योंकि सीमा पर गश्त करना सरकार की जिम्मेदारी नहीं है। यह ऐसी स्थिति नहीं है, जब आप कुछ होने के बाद सवाल पूछते हैं। यहां कुछ सवालों के जवाब दिए जाने हैं। सबसे पहले, अगर पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने भारतीय क्षेत्र में प्रवेश किया और हमारे सैनिक सो रहे थे तो यह सेना पर है, सरकार पर नहीं क्योंकि सरकार गश्त ड्यूटी पर नहीं है, सेना है।’

अधिवक्ता राजेश जी इनामदार और अमित पई के माध्यम से भेजी गई शिकायत के अनुसार, उपरोक्त प्रसारण स्पष्ट रूप से भारत की संप्रभुता और अखंडता, राज्य की सुरक्षा, सार्वजनिक व्यवस्था, शालीनता या नैतिकता पर हमला करता है और यह किसी भी तरह प्रेस की स्वतंत्रता के दायरे में फिट नहीं बैठता है। शिकायत में कहा गया है कि एंकर, जो विषय के जानकार नहीं हैं, उनके द्वारा इस तरह की टिप्पणी सशस्त्र बलों के मनोबल और रणनीतिक प्रोटोकॉल के गठन को प्रभावित कर सकती है। शिकायत में कहा गया कि तनावपूर्ण स्थिति में उक्त प्रसारण करोड़ों लोगों तक पहुंचाना, भारतीय सशस्त्र बलों के खिलाफ जानबूझकर नकारात्मक उत्सर्जन फैलाने का प्रयास करना प्रोग्राम कोड का सीधा उल्लंघन है।

शिकायत में आगे कहा गया कि चैनल ने भारतीय सशस्त्र बलों के प्रत्येक नायक, शहीदों, उनके परिवारों और इस देश के प्रत्येक नागरिक का अपनी असंवेदनशील, अपमानजनक, अप्रिय, गैरकानूनी और गैर जिम्मेदाराना टिप्पणी से अपमान किया है।

शिकायत में यह भी कहा गया है कि सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बारे में चैनल का बयान असंवेदनशील था। ऐसा कहा जाता है कि उनकी मृत्यु की खबर के तुरंत बाद, चैनल ने एक टिकर चलाया “वह कैसे हिट विकेट हो गए” और उनके शव की तस्वीरें प्रकाशित कीं।

शिकायत में कहा गया है कि चैनल के रिपोर्टर ने सुशांत के दुखी परिवार के सदस्यों पर असंवेदनशील सवालों की बौछार कर दी थी। यह भी आरोप लगाया गया है कि आजतक ने कुछ ट्वीट्स बनाए और स्क्रीनशॉट को असली बताते हुए और उन्हें अभिनेता के अंतिम ट्वीट्स के रूप में पेश किया।

शिकायत में कहा गया है कि इस पृष्ठभूमि में यह प्रसारण स्पष्ट रूप से दिखाता है कि आजतक चैनल सनसनीखेज, नकली समाचार, घृणित रवैये को बढ़ावा देता है।

सेना पर टिप्पणी अपमानजनक व आधा सच है। यह देश की अखंडता को प्रभावित करता है, जो केबल टेलीविजन नेटवर्क अधिनियम, 1995 की धारा 5, (“केबल अधिनियम”), केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 (नियम) नियम 6 (ए), (सी), (डी), (ई), (एच), (i),आचार संहिता और प्रसारण मानक (“कोड”) और समाचार प्रसारण मानक विनियम (“विनियमन”) का स्पष्ट रूप से उल्लंघन है।

शिकायतकर्ता ने कहा कि केबल टेलीविजन नेटवर्क (विनियमन) अधिनियम, 1995, 1994 के नियमों और टेलीविजन चैनलों के अपलिंकिंग के लिए नीति दिशानिर्देशों के तहत प्रावधान सरकार को देश में अपने चैनल के अपलिंकिंग-डाउनलिंक लाइसेंस को निलंबित / रद्द करने की शक्ति देता है। शिकायतकर्ता ने राष्ट्रीय विजेता फिल्म शाला सहित नौ फिल्मों का निर्माण किया है, जिनमें फैंड्री और अनुमति भी शामिल है। उन्होंने अनुरोध किया कि ऐसी परिस्थितियों में, मंत्रालय से अनुरोध है कि वह प्रोग्राम कोड के उल्लंघन का संज्ञान ले और आजतक को दिए गए डाउनलिंकिंग लाइसेंस को निलंबित / रद्द करे और गंभीर जुर्माना लगाए।

गौरतलब है कि समाचार चैनल ‘आज तक’ की एंकर श्वेता सिंह अपने एक वीडियो को लेकर सोशल मीडिया यूजर्स के निशाने पर आ गई है, लोग उन्हें जमकर ट्रोल कर रहे हैं। 2000 रुपये के नोट में नैनो चिप निकालने वाली आज तक की एंकर श्वेता सिंह पर लोग भारतीय फौज की शौर्यता पर सवाल उठाने का आरोप लगा रहे हैं। पूर्वी लद्दाख की गलवान घाटी में सोमवार रात को चीनी और भारतीय सैनिकों के बीच हुई हिंसक झड़प में भारतीय सेना के कुल 20 सैनिक शहीद हो गए हैं ।

इस मुद्दे को लेकर समाचार चैनल ‘आज तक’ पर एक डिबेट भी हुआ। इस डिबेट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है जिसमें श्वेता सिंह कहती हुई नज़र आ रही है कि यह सवाल उठाना कि चीनी सेना हमारे जमीन पर आ गई और हम सोते रहे, यह सरकार पर सवाल नहीं होता है, सेना पर सवाल उठता है, क्योंकि पेट्रोलिंग की ड्यूटी सेना की होती है, सरकार की नहीं होती है।

श्वेता सिंह अपने इस बयान को लेकर सोशल मीडिया यूजर्स के निशाने पर आ गई, लोगों ने उन्हें ट्रोल करना शुरु कर दिया। एंकर श्वेता सिंह पर लोग भारतीय फौज की शौर्यता पर सवाल उठाने का आरोप लगा रहे हैं।

श्वेता सिंह के वीडियो पर कमेंट करते हुए एक यूजर ने अपने ट्वीट में लिखा है कि श्वेता सिंह ने भायतीय सेना का अपमान किया है। अपने आका को खुश करने के लिए सेना को ही आरोपी बना रही है जो शर्मनाक है। यही सेना ने जब सर्जिकल स्ट्राइक किया तो मोदी मोदी चिल्ला रही थी और अब हमारे सेना शहीद हुए तो सेना की गलती बता दिया, मोदी सरकार की नहीं। ये घटिया पत्रकारिता है।

आम आदमी पार्टी (आप) के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने अपने ट्वीट में लिखा है कि अत्यंत शर्मनाक, ऐसे समय में जब हमारे वीर जवानो ने अपना सर्वोच्च बलिदान दिया है केन्द्र सरकार को बचाने के चक्कर में पत्रकार हमारी सेना की रणनीति पर ही सवाल खड़े कर रहे हैं। इसी तरह तमाम सोशल मीडिया यूजर्स श्वेता सिंह के इस वीडियो पर अपनी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।

  • भड़ास की पत्रकारिता को जिंदा रखने के लिए आपसे सहयोग अपेक्षित है- SUPPORT

 

 

  • भड़ास तक खबरें-सूचनाएं इस मेल के जरिए पहुंचाएं- bhadas4media@gmail.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *