हर्षवर्धन त्रिपाठी-
आज YouTube ने ध्यान दिलाया कि, 14 वर्ष पूर्व मैंने यह यूट्यूब चैनल शुरू किया था। YouTube Creators में से एक बनते समय यह कभी सोचा ही नहीं था कि, इससे कभी कोई कमाई होगी।
सीएनबीसी आवाज में रहते ही तय किया था कि, यह आखिरी नौकरी होगी, आगे नौकरी नहीं करूंगा, लेकिन घर नहीं चल पाया और P7 के साथ जुड़ना पड़ा। हालांकि, लगभग 5 वर्ष वहां रह गया। वहां काम अवश्य कर रहा था, लेकिन मन में स्वतंत्र पत्रकार के तौर पर स्थापित होना ही तय कर चुका था।
उसी दौरान यह यूट्यूब चैनल इसलिए बनाया था कि, P7 में अपना “बिजनेस इस हफ्ते” शो को और चैनल पर अपनी रिपोर्ट या दूसरे वीडियो इस पर डाल दिया करूंगा, सिर्फ रिकॉर्ड के लिए। तब यूट्यूब न तो कमाई का जरिया था और न ही ऐसी कोई कल्पना थी। लोग यूट्यूब देखते भी बहुत कम थे।
मेरे यूट्यूब देखने वालों की संख्या का अनुमान 2019 तक की फ्लैट लाइन से पता चल रहा है। 2019 लोकसभा चुनाव के पहले से मैंने अपना वीडियो बनाकर डालना शुरू किया और उसके बाद कहानी बदल गई। आज भी हम प्रयास यही करते हैं कि, अतिरेकी न हों और थंबनेल पर कुछ भी लिखकर दर्शक खींचकर उसे ठगें नहीं।

आज के समय में कठिन है, लेकिन फिर भी लगभग 8 लाख लोगों का सामाजिक परिवार हमारे यूट्यूब चैनल से सीधे जुड़ा हुआ है। हम परिवार में देखे जाते हैं तो कम से कम 20 लाख लोगों तक हमारा सामाजिक परिवार पहुंच गया है। यह एक क्रांति थी।
अभी तक तकनीक के परिवर्तन में हम समय से पूर्व पहुंचने वालों में रहे हैं। ब्लॉगिंग भी हमने 2006-07 में ही शुरू कर दी थी। अब किधर रुख होगा, पता नहीं है, लेकिन इतना विश्वास पक्का हो चला है कि, समय के साथ स्वयं को अद्यतन रखने और निरंतरता के साथ परिश्रम करते रहने पर आपका स्थान बन ही जाएगा।
बाकी, आपको तय करना है कि, कितना आगे तक जाना है। 15 मार्च 2019 को मात्र 52 देखने वाले थे और आज … आप अगर राजनातिक, सामाजिक और आर्थिक विश्लेषण बिना किसी अतिरेक के तथ्यों पर आधारित देखना/सुनना पसंद करते हैं तो हमारे सामाजिक परिवार में शामिल हो जाइए। निराशा नहीं होगी।
ये रहा चैनल का लिंक आप भी देखिए….



