कमल रामवानी-
बहुत देर नहीं हुई है
काम दिल से किया जाए, और कंटेंट में दम हो तो शुरुआत कभी भी कीजिये बात बन ही जाती है, और तेज़ी से बन जाती है। डिजिटल वर्ल्ड में “बहुत देर हो गई है” नामक वाक्य नहीं है। यहां कभी भी आपकी शुरुआत विस्फोटक हो सकती है
अभिनव पांडेय जो आज मात्र ढाई महीने पहले लल्लनटॉप में थे उन्होंने लल्लनटॉप से विदा लेकर अपना न्यूज़ चैनल शुरू किया The News Pinch…आज मात्र ढाई महीने में अभिनव के यूट्यूब चैनल पर 6 लाख 34 हज़ार सब्सक्राइबर्स हो गए हैं। जिसमे 1 लाख 34 हज़ार तो पिछले 3 दिन में बढ़े हैं, पिछले शनिवार को 5 लाख थे, और लोग उम्मीद कर रहे हैं कि बिहार चुनाव खत्म होते होते ये संख्या 1 मिलियन हो जाएगी।
सबसे बड़ी बात है कि वे लल्लनटॉप से बिल्कुल राजी खुशी अलग हुए , सौरभ का आशीर्वाद लेकर अलग हुए। कोई गंदगी नहीं, कोई आरोप प्रात्यारोप नहीं। उस मोमेंट में वो बहुत भावुक हुए, रो पड़े उनके कलीग्स ने उनको पानी पिलाया वो वीडियो सबने देखी होगी।
बिहार में जाकर ग्राउंड पर जो उन्होंने काम किया है वो काबिले तारीफ है। एक-एक गांव, मोहल्ले, टोले में जाकर जो वो बेबाक रिपोर्टिंग कर रहे हैं एक ताज़गी सी महसूस हो रही है।
उनकी एक डॉक्यूमेंटरी बहुत पॉपुलर हुई है “मुसहर”
जिन लोगों के साथ या पास में कोई खड़ा नहीं होना चाहता उनके टोलों के बीच उन्होंने लगातार 3 दिन टोले-टोले जाकर शूटिंग की है फिर सबसे बढ़िया बात की वो डॉक्यूमेंट्री रिलीज़ होने के बाद उसी भोजपुर जिले के उसी गिद्दा गांव में जाकर फिर वो डॉक्यूमेंट्री एक स्कूल में इकट्ठा करके प्रोजेक्टर पर उन मुसहर लोगों को दिखाई है। अभिनव के जज्बे को सलाम।
हाल ही में उन्होंने मोकामा के अनंत सिंह का इंटरव्यू किया वो भी शानदार रहा और सतीश राय का इंटरव्यू किया वो भी चुटीला रहा। कहने का तात्पर्य इन ढाई महीनों में उन्होंने खुद को काम में झोंक दिया है।
अभिनव से बस यही उम्मीद है कि वे बाकी मीडिया हाउस की तरफ बायस्ड न हो जाये, जो ताज़गी लल्लनटॉप में तीन साल पहले दिखाई देती थी वो आज न्यूज़ पिंच में दिखाई दे रही है। बस अभिनव की लल्लनटॉप की तरह रास्ता न भटक जाए।
बहरहाल अभिनव को उज्ज्वल भविष्य की शुभकानाएं। जुड़े रहिये, पढ़ते रहिये, पोस्ट अच्छी लगे तो अपने मित्रों के साथ व्हाट्स एप्प फेसबुक पर शेयर भी कीजिये।


