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सुख-दुख

संन्यास का समय

Yashwant Singh-

ट्रेन से noida लौट रहा हूँ। नोएडा क्यों जा रहा हूँ? कोर्ट की कुछ तारीख़ें हैं। कुछ एक मीटिंग। बस।

फिर?

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फिर क्या करूँगा noida रहकर?

कहीं कोई आकर्षण शेष नहीं। किसी भी चीज के प्रति ऐसा आवेग नहीं जो उसको पाने / उसके इर्द गिर्द होने की चाह जगे।

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ऐसा जीवन दशक भर से जी रहा हूँ। कोरोना में विकेट गिर रहा था पर अंपायर ने नॉट आउट का इशारा कर दिया। मुझे जीवनदान मिल गया।

सही कहें तो जीवन जो ये है हम सबका वो दरअसल दान ही है। किसने किसे दान दिया, ये न पता। पर हम इस दान के फलस्वरूप धरती पर हैं। दान की अगली घड़ी में हम धरती से कूच कर कहीं और होंगे। हमें हमारे बॉस/आका के बारे में जानकारी नहीं। बस केवल अंदाज़ा लगाते हैं। सबके अपने अपने अन्दाज़/अनुमान।

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Noida के कामकाज दो दिन में निपटा कर निकल जाऊँगा। हरिद्वार। ऋषिकेश। देहरादून। थोड़ा और ऊपर।

लगता है संन्यास का ये सही वक्त है। मेरा संन्यास अलग तरीक़े का होगा। इसमें जीवन होगा। जीवंतता होगी। कठोरता नहीं। दमन नहीं। मेरा संन्यास मेरी मनोस्थिति मेरे वर्तमान जीवन का स्वाभाविक विकास है, सहज अपग्रेडेशन है। इसके अलावा कुछ और नहीं हो सकता था मैं। मुझे इसीलिए प्रकृति ने निर्मित किया। उस तक पहुँचाने के लिए उसने बड़े खेल ख़िलाये। अब सब समझ आता है। मुझे अंजाम तक पहुँचना है। बस आख़िरी छलांग का वक्त है। और मंज़िल सामने है।
वहाँ क्या है? वहाँ ख़ास क्या है? वहाँ क्या करेंगे? वहाँ यहाँ से अलग कैसे? बहुत सवाल आएँगे। उत्सुक लोग सब जान लेना चाहेंगे। सब सूंघ लेना चाहेंगे। फिर वो एक नतीजे पर पहुँच जाएँगे। एक लाइन में मेरा रिज़ल्ट बता देंगे। पर सच्चाई ये है कि मुझे खुद भी कुछ नहीं पता। बस ये तय हो गया है कि संन्यास लेना है। मुझे ये भी नहीं पता कि संन्यास लिया कैसे जाता है। बस ये पता है कि खुद की अक्रियता को विस्तार देना है। जाता हुआ ये साल एक नतीजा देकर जा रहा। आंतरिक यात्रा के लिए 22 क्रांतिकारी होने वाला है।

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नोएडा से दो दिन बाद हरिद्वार गंगा तीरे प्रवास। उपले आलू आंटा साथ चलेगा। गंगा तीरे डेरा रहेगा। वहीं छाना फूंका जाएगा। जै जै…

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2 Comments

2 Comments

  1. Jeelani khan Alig

    November 25, 2021 at 4:54 pm

    lagta hai aap adhyamikta ki traf jald rukh kreinge…. apki batein kafi daarshnik hoti ja rhi hain… last 3-4 yrs se follow kr rha hn…. Anyways all d best… jo bhi krein safalta purvak krte rhein… bhagwan se yehi prarthna hai

  2. vk singh

    December 1, 2021 at 3:57 pm

    बहुत दिन हो गए शेयर मार्केट के बारे में आपको बात करते हुए। कुछ अपडेट दीजिये। क्लास जो आप लेने वाले थे उसका क्या हुआ

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