Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

आवाजाही

सन स्टार अखबार नोएडा से ओंकारेश्वर पांडेय और विद्याशंकर तिवारी की छुट्टी, निशिकांत ठाकुर बने एडिटर इन चीफ, आलोक कुमार स्थानीय संपादक

रायपुर और दिल्ली-एनसीआर से प्रकाशित अखबार सन स्टार से खबर है कि नोएडा आफिस में सत्ता पलट कर दिया गया है. एडिटर इन चीफ पद से ओंकारेश्वर पांडेय और संपादक पद से विद्याशंकर तिवारी को हटाकर निशिकांत ठाकुर को प्रधान संपादक बना दिया गया है. साथ ही आलोक कुमार को नया स्थानीय संपादक बनाया गया है. कहा जा रहा है कि ओंकारेश्वर और विद्याशंकर की जोड़ी ने सन स्टार के मालिकों से बातचीत के बाद संस्थान को अलविदा कह दिया. इसके बाद मालिक ने आनन फानन में सन स्टार को नई टीम के हवाले कर दिया. निशिकांत और आलोक ने कामकाज संभाल लिया है.

रायपुर और दिल्ली-एनसीआर से प्रकाशित अखबार सन स्टार से खबर है कि नोएडा आफिस में सत्ता पलट कर दिया गया है. एडिटर इन चीफ पद से ओंकारेश्वर पांडेय और संपादक पद से विद्याशंकर तिवारी को हटाकर निशिकांत ठाकुर को प्रधान संपादक बना दिया गया है. साथ ही आलोक कुमार को नया स्थानीय संपादक बनाया गया है. कहा जा रहा है कि ओंकारेश्वर और विद्याशंकर की जोड़ी ने सन स्टार के मालिकों से बातचीत के बाद संस्थान को अलविदा कह दिया. इसके बाद मालिक ने आनन फानन में सन स्टार को नई टीम के हवाले कर दिया. निशिकांत और आलोक ने कामकाज संभाल लिया है.

हालांकि लोगों का कहना है कि सांपनाथ से मुक्ति पाए तो सन स्टार के मालिक नागनाथ को साथ ले आए. निशिकांत ठाकुर लंबे समय से भाई भतीजावाद और पेड न्यूज समेत कई किस्म के घपलों घोटालों के लिए दैनिक जागरण में कुख्यात रहे. इसी कारण उन्हें जबरन दैनिक जागरण से हटा दिया गया. इन दिनों वो खुद ‘शुक्ल पक्ष’ नाम की एक मैग्जीन निकाल कर अपनी रोजी रोटी चला रहे थे, साथ ही किसी नए मालिक को फांसने की फिराक में थे जिसमें अंतत: उन्हें कामबायी मिली.

अब बड़े पैमाने पर निशिकांत ठाकुर के रिश्तेदार सन स्टार में भरे जाएंगे और जगह जगह ब्लैकमेलिंग का खेल शुरू होगा. इस अघोषित उगाही से मालिकों पर मुकदमें लगेंगे और खुद के खानदान का अच्छा खासा पेट भरेंगे. देखना है कि निशिकांत ठाकुर यहां कितने दिन खेल तमाशे दिखा पाते हैं. निशिकांत ठाकुर बीच में भाजपा से बिहार में चुनाव लड़ने के चक्कर में थे लेकिन इनकी करतूतों की लंबी फेहरिस्त देख भाजपा नेताओं ने टिकट देने से मना कर दिया था.

निशिकांत ठाकुर के बारे में ज्यादा जानने के लिए नीचे दिए गए शीर्षकों पर एक एक कर क्लिक करते जाएं…

निशिकांत ठाकुर और उनके साथियों ने डॉक्टर के साथ मारपीट की

xxx

पेड न्यूज माफिया निशिकांत ठाकुर ने भाजपा ज्वाइन कर ‘आप’ को निपटाने की सुपारी ली!

xxx

निशिकांत ठाकुर के गांव के हैं या रिश्तेदार हैं तो जागरण में जगह मिल जाएगी

xxx

निशिकांत से सटे तो नपे, एनसीआर से गैंग के सफाई का अभियान तेज

xxx

दैनिक जागरण में 14 करोड़ की गड़बड़ी, निशिकांत के आदमियों की घेरेबंदी

xxx

निशिकांत ठाकुर का किला ध्वस्त होने की ओर

xxx

जागरण में निशिकांत ठाकुर के दिन लदे! करीबियों में खलबली!!

xxx

जागरण में बंपर छंटनी (42) : हरियाणा में गैर बिहारी बनाए जा रहे छंटनी के शिकार

xxx

दैनिक जागरण, दिल्ली में निशिकांत-कविलाश के मन-मुताबिक हुआ फेरबदल

xxx

कोर्ट ने दैनिक जागरण एवं निशिकांत ठाकुर पर ठोंका 1500 रुपये का जुर्माना

xxx

मैनेजर लोग कब से प्रसिद्ध पत्रकार होने लगे?

 

xxx

जागरण जालन्धर में घपला! सर्कुलेशन मैनेजर का तबादला

xxx

निशिकांत ठाकुर को एक और झटका, नहीं मिला भाजपा का टिकट

xxx

मैनेजर से नेता बने निशिकांत ठाकुर बोले- मातृभूमि की सेवा के लिए राजनीति में आया

xxx

दैनिक जागरण वालों ने भी फोटो समेत छाप दिया- निशिकांत ठाकुर सेवानिवृत्त

xxx

दैनिक जागरण से रुखसत कर दिए गए निशिकांत ठाकुर

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
2 Comments

2 Comments

  1. हरेराम बेबाकी

    April 12, 2016 at 9:45 am

    सन स्टार का मालिक चूतिया है क्या? लग तो यही रहा है। क्योंकि निशिकांत ठाकुर जैसे चोरकट को कोई चूतिया ही अपनी संस्थान में जगह दे सकता है। जागरण वाले भी चूतिया ही थे, जो इतने वर्षों तक इस निशिकांत जैसे काले कारनामे वाले को झेला। जय हो सन स्टार। सन स्टार को अब डार्क स्टार बनने से कोई माई का लाल नहीं रोक सकता क्योंकि निशिकांत का फितरत रहा है कि वह जिस थाली में खाता है उसमें न सिर्फ छेद करता है, बल्कि जरूर छेद करता है। 100 प्रतिशत।

  2. subhash

    April 12, 2016 at 10:07 am

    निशिकांत ठाकुर ने ‘सन स्टार’ दैनिक समाचार-पत्र की कमान संभाली.. करीब चार दशक से पत्रकारिता जगत में सक्रिय और ‘दैनिक जागरण’ के कई संस्करणों के प्रधान संपादक रह चुके निशिकांत ठाकुर ने ‘सन स्टार’ दैनिक समाचार-पत्र की कमान संभाल ली है। ‘सन स्टार’ ग्रुप ने उन्हें ‘समूह संपादक’ की अहम जिम्मेदारी सौंपी है। निशिकांत ठाकुर को पत्रकारीय जगत में करीब 38 वर्षों का अनुभव है। राष्ट्रीय हिंदी दैनिक समाचार पत्र ‘दैनिक जागरण’ में 35 वर्षों तक काम किया। इस दौरान इन्होंने मुख्य महाप्रबंधक, प्रकाशक, मुद्रक का दायित्व निभाया। साथ ही धर्मशाला (हिमाचल प्रदेश), जालंधर, लुधियाना, अमृतसर एवं पटियाला (पंजाब), जम्मू-कश्मीर संस्करणों के स्थानीय संपादक का भी कर्तव्य निभाया। ‘दैनिक जागरण’ में रहते हुए प्रत्येक मंगलवार को ‘दृष्टिकोण’ कॉलम लिखा, जिसमें देश और विदेश की समसामायिक घटनाक्रम की पड़ताल होती थी। मूल रूप से बिहार के सहरसा जिला के निवासी निशिकांत ठाकुर ने स्नातक तक की शिक्षा ग्रहण करने के बाद वर्ष 1978 में कानपुर से ‘दैनिक जागरण’ पूर्व प्रधान संपादक नरेंद्र मोहन के सान्निध्य में करियर की शुरुआत की थी। 1992 में दिल्ली आए। उसके बाद जिम्मेदारियां बढ़ीं, तो कार्यक्षेत्र भी बढ़ा। अब तक इनकी चार पुस्तकें- ‘मेरी जापान यात्रा’, ‘दृष्टिकोण’, ‘एक सच यह भी’ एवं ‘समय के साथ’ प्रकाशित हो चुकी हैं। अपने पत्रकारीय एवं प्रबंधकीय करियर में 16 हजार से ज्यादा युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए, जिनमें पंद्रह सौ पत्रकार देश-विदेश के अलग-अलग मीडिया संस्थानों में कार्यरत हैं। कई सरकारों के आमंत्रण पर जापान, यूनाइटेड किंगडम, मलेशिया, थाईलैंड, ऑस्टेलिया, दक्षिण अफ्रीका, तुर्की जैसे देशों की यात्राएं कीं। करीब चार दशक के दौरान ‘मिथिला रत्न’, ‘मिथिला विभूति’, ‘लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड’, ‘हिंदी सहाफत’, ‘हरिदत्त शर्मा अवार्ड’, ‘पूर्वांचल गौरव सम्मान’, ‘भोजपुरी गौरव सम्मान’, ‘मातृश्री’ सहित तमाम पुरस्कार-सम्मान मिले। दैनिक जागरण से सेवानिवृत्त होने के बाद पिछले वर्ष अगस्त से इन्होंने अपने संपादकतत्व में राष्ट्रीय हिंदी पाक्षिक पत्रिका ‘शुक्लपक्ष’ का प्रकाशन शुरू किया। इस राजनीतिक पत्रिका को पाठकों का भरपूर प्यार मिल रहा है। इसी के साथ ‘सन स्टार’ ने पूर्व में काठमांडू में नेपाली न्यूज चैनल के प्रमुख के तौर पर कार्य कर चुके वरिष्ठ पत्रकार आलोक कुमार को अपने दिल्ली संस्करण का स्थानीय संपादक नियुक्त किया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन