बाराबंकी : तहलका टुडे के संपादक और वरिष्ठ पत्रकार सैयद रिज़वान मुस्तफा को फोन पर गाली-गलौज कर जान से मारने की धमकी देने वाले हुसैनी टाइगर गैंग के चीफ और हिस्ट्रीशीटर शमील शम्सी के खिलाफ बाराबंकी कोतवाली पुलिस ने FIR संख्या 292/2025 के तहत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए कार्यवाही तेज कर दी है।
सूत्रों के अनुसार, शमील शम्सी समाज में आतंक का पर्याय बन चुका है। उसकी वक्फ खोरी, आतंक फैलाने और उलेमा विरोधी गतिविधियों के कारण भारत की सुप्रीम रिलीजियस अथारिटी आफताबे शरीयत मौलाना डॉ. कल्बे जवाद नकवी की बज़्म से उसे निकाल दिया गया था।
शम्सी पहले लखनऊ के जौहरी मोहल्ला में रहता था, लेकिन अब उसने वह मकान छोड़कर पार्क रोड के एक फ्लैट में शरण ले रखी है। वहां से वह जेपीबी गार्डन, चौक, हजरतगंज और सिबतैना बाद इमामबाड़े से अपना गैंग संचालित कर रहा है।
धमकी की घटना: फोन पर गाली-गलौज और हत्या की धमकी
12 मार्च 2025 को दोपहर 3:10 बजे, +91-7007276177 नंबर से वरिष्ठ पत्रकार सैयद रिज़वान मुस्तफा के मोबाइल नंबर 7985533765 पर कॉल कर शमील शम्सी ने उन्हें गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी।
पीड़ित पत्रकार ने इस वारदात की ऑडियो रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखी, जिसे उन्होंने पुलिस को सौंपी है। यह ऑडियो रिकॉर्डिंग FIR में मुख्य साक्ष्य के रूप में शामिल की गई है।
पहले भी हो चुका है जानलेवा हमला
यह पहली बार नहीं है जब हुसैनी टाइगर गैंग ने ऐसी हरकत की हो। इससे पहले भी पिछले वर्ष कल्बे आबिद प्लाजा, लखनऊ के पास गैंग के गुर्गों ने सैयद रिज़वान मुस्तफा पर जानलेवा हमला किया था।
इस घटना में कोतवाली चौक, लखनऊ में FIR संख्या 0234/2023 दर्ज की गई थी, जिसमें आरोपी बाबर और शहजाद के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई थी।
उस मामले में भी शम्सी ने पत्रकार पर समझौते का दबाव बनाया था और लगातार धमकियां दी थीं।
गैंग का आतंक: शहर में अराजकता फैलाने की साजिश
पत्रकार ने पुलिस को बताया कि शमील शम्सी और उसका गैंग कल्बे आबिद प्लाजा और जेपीबी गार्डन लान, चौक लखनऊ में अराजक तत्वों का गिरोह संचालित करता है।
यह गैंग शहर में दहशत फैलाने, उलेमा के खिलाफ खुराफात करने और समाज में अस्थिरता पैदा करने का षड्यंत्र कर रहा है।
गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज
बाराबंकी कोतवाली पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 351(3) (गंभीर आपराधिक धमकी) और 352 (जानबूझकर अपमान व उकसावे से शांति भंग) के तहत मामला दर्ज किया है।
धारा 351(3): सजा: 7 वर्ष तक का कारावास और जुर्माने का प्रावधान। यह गैर-जमानती अपराध है।
धारा 352: सजा: 2 वर्ष तक का कारावास या जुर्माना या दोनों का प्रावधान। यह जमानती अपराध है।
पुलिस ने आरोपी की तलाश तेज की
सूत्रों के अनुसार, पुलिस ने लखनऊ, बाराबंकी और आसपास के क्षेत्रों में शमील शम्सी की निगरानी तेज कर दी है।
पुलिस को सूचना मिली है कि आरोपी लखनऊ के पार्क रोड स्थित फ्लैट में छिपा हो सकता है। इसके अलावा, पुलिस ने कल्बे आबिद प्लाजा और जेपीबी गार्डन लान के आसपास भी नजर रखनी शुरू कर दी है, जहां उसका गैंग सक्रिय रहता है।
पत्रकार ने की सख्त कार्रवाई की मांग
सैयद रिज़वान मुस्तफा ने पुलिस से मांग की है कि:
- शमील शम्सी और उसके गैंग के खिलाफ तत्काल सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
- हुसैनी टाइगर गैंग की अवैध गतिविधियों पर प्रतिबंध लगाया जाए।
- समाज में भयमुक्त माहौल बनाए रखने के लिए गैंग पर कड़ी निगरानी रखी जाए।
वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में हो रही कार्रवाई
सूत्रों के अनुसार, मामले को लेकर वरिष्ठ पुलिस अधिकारी खुद निगरानी कर रहे हैं। बाराबंकी पुलिस के साथ-साथ लखनऊ पुलिस की टीमें भी सक्रिय भूमिका में हैं।
गैंग पर बढ़ी पुलिस की सख्ती
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, हुसैनी टाइगर गैंग की अवैध गतिविधियों पर पुलिस ने कड़ा रुख अपना लिया है। गैंग के गुर्गों और सहयोगियों पर सख्त निगरानी रखी जा रही है और उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की तैयारी चल रही है।
पत्रकारों और समाजसेवियों ने की सख्त कार्रवाई की मांग
पत्रकार संगठनों और समाजसेवियों ने शमील शम्सी और हुसैनी टाइगर गैंग के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि आरोपी शमील शम्सी को जल्द ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा और हुसैनी टाइगर गैंग की अवैध गतिविधियों पर शिकंजा कसा जाएगा।





