अमर उजाला की खबर पर बंद हुई कानपुर प्रेस क्लब के पदाधिकारियों की अवैध पार्किंग

कानपुर में अमर उजाला अखबार की खबर पर कानपुर प्रेस क्लब अधिकारियों की नवीन मार्केट में चलने वाली अवैध पार्किंग बंद हो गई। पहले तो पदाधिकारी पार्किंग से किसी भी तरह का संबंध होने से इनकार करते रहे। लेकिन चोर की दाढ़ी में तिनका वाली कहावत सच करते हुए पार्किंग बंद होने से बौखलाए पदाधिकारियों ने व्हाट्सएप पर अखबार के खिलाफ जंग छेड़ दी। अगर नगर निगम द्वारा बंद कराई गई अवैध पार्किंग का आप से कोई संबंध नहीं है तो फिर व्हाट्सएप पर बौखलाहट क्यों?

कानपुर के सबसे हाई क्लास नवीन मार्केट में कानपुर प्रेस क्लब का ऑफिस है। मार्केट में अंदर वाहन ले जाने पर नगर निगम ने रोक लगा रखी है और पार्किंग मार्केट से काफी दूर है। इसी का फायदा उठाते हुए कानपुर प्रेस क्लब के अध्यक्ष अवनीश दीक्षित, महामंत्री कुशाग्र पांडे, वरिष्ठ मंत्री मनोज यादव और फोटोग्राफर अभिनव शुक्ला ने मार्केट के अंदर अपने दबंगई के बल पर अवैध पार्किंग शुरू करा दी।

दोपहिया वाहनों से 30 और चार पहिया वाहनों से ₹60 वसूले जाते थे। पूरे शहर को पार्किंग संचालित होने का पता था लेकिन किसी ने लिखने की हिम्मत नहीं की।

बीते दिनों नगर निगम ने शहर के 40 पार्किंग ठेकों को निरस्त किया है। इसके बाद अमर उजाला ने शहर के उन पार्किंग ठेकों की खबरें छापना शुरू कर दिया जिनके कभी ठेके ही नहीं हुए और रसूख के दम पर संचालित किए जा रहे हैं।

अमर उजाला के रिपोर्टर ने प्रेस क्लब के वरिष्ठ मंत्री मनोज हैं का नाम भी छाप दिया। अपर नगर आयुक्त द्वितीय अरविंद राय ने बुधवार को छापा मारा और अवैध पार्किंग संचालित करने वाले लड़के सलाखों के पीछे पहुंच गए। इसके बाद व्हाट्सएप पर लंबी लंबी बातें शुरू हुई है।

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Comments on “अमर उजाला की खबर पर बंद हुई कानपुर प्रेस क्लब के पदाधिकारियों की अवैध पार्किंग

  • Avanish dixit says:

    स्वयम्भू *कथित बड़का पत्रकार गैंग* के मुंह पर सरकारी तमाचा
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    अवैध पार्किंग वसूली की फर्जी शिकायते नगर निगम अफसरों को भेज कर कॉलर ऊंचा कर रहे *कथित बड़का पत्रकारों की तिकड़ी और चेला-चपाटी गैंग* के हौसले पस्त हो गए।
    अफसरों को हरिराम नाई बन कर अवैध पार्किंग वसूली की शिकायतें करके नाक में दम कर दिया। जब नगर निगम की टीम ने बृहस्पतिवार को खुद जांच करी तो शिकायतें और फर्जी मनगढ़ंत खबरों की पोल खुल गयी।
    नगर निगम ने बाकायदा प्रेस नोट जारी कर अवैध वसूली की खबरों का खंडन कर दिया।
    अब तीन बड़े मीडिया संस्थानों की कथित तिकड़ी को अपनी दुकानें चलाने के लिए कोई नया मसला खोजना होगा।
    लेकिन, एक गलती कर गए। जिन अफसरों को खास समझ कर शिकायतें कर रहे थे, उन्होंने ही नाम खोल दिये हैं।
    अब इनकी दुकानों पर भी ताला लगेगा। केडीए और नगर निगम में महीना वसूली गैंग वाली बड़का पत्रकारों की इस तिकड़ी की कुंडली हर दिन खोली जाएगी। इनके एक एक मूवमेंट पर नजर है।
    पीछे से रिमोट पकड़ कर गेम कराने वाले नेता टाइप पैदल पत्रकार भी रडार पर हैं।
    बिल्डरों के काम कराने के लंबे ठेकों की फेहरिस्त खोली जाएगी।
    फिलहाल, पिछले दो दिन के खुलासों से तिकड़ी परेशान है। मुंह छिपाए घू। रहे हैं। जिनके बॉस को अपने मूर्धन्य कथित पत्रकारों के खेल का पता चल गया है। अब बीट भी जल्द बदलेगी।
    विभागों के बाबू भी जमकर खिंचाई कर रहे हैं। बेचारे सफाई देते फिर रहे हैं।
    कटरी में एक बड़े अखबार के मालिक के रिश्तेदार का निर्माण गिरवाने में लगे वरिष्ठ पत्रकार के चेले अब साथ छोड़ने पर मजबूर हो गए हैं। दुकानें ठंडी पड़ने लगी हैं। कोई गोरखपुर से कानपुर के लिए गाड़ी मांगता है और फिर बदले में विभाग से इनोवा का बिल वसूल कर रहा है तो कोई डीजल चोरी की खबरें न छापने के बदले महीना वसूल रहा है। जेई से लेकर सुपरवाइजर तक सबसे महीना बंधा है।
    एक एक करके सबका हिसाब और खुलासा होगा। विभाग के टॉप साहबों को भी कान भरने वाले बड़के पत्रकारों की करतूतें पता चल गई हैं। अब पानी तो छोड़ो, कुर्सी भी नहीं पूँछी जाएगी।
    आगे होने वाले बड़े खुलासे से दुकानों पर शटर लगना तय है।
    #गुस्ताखी माफ

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  • Avanish dixit says:

    कानपुर प्रेस क्लब को बदनाम करने में यशवंत नाम के जिस ब्लैकमेलर जेल जा कथित पत्रकार का सहारा लिया गया है। भड़ास के नाम से ब्लैकमेलिंग का ये गंदा धंधा अब बैंड हो चुका है यशवंत। एक पक्ष को सुनकर वसूली का आरोप लगाने से पहले सभी लोगो के बारे में पता तो कर लेते। बाकी कानूनी नोटिस देकर कानपुर आगमन पर तुम्हारा वो संम्मान करूंगा जो कभी तुमने सपने में भी नही सोचा होगा। अमर उजाला हो या तुम एक ही सिक्के के दो पहलू हो। यही से ब्लैकमेलिंग के आरोप में तमको पिछवाड़े पर लात मार कर निकाला गया था।

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  • यशवंत सिन्हा आप तो बलात्कारी रहे है। जून्यर लड़कियों को इस्तेमाल करना बंद करो। बलचकमैलेर यशवंत सिन्हा भड़ास.काम। जो बलचकमैलिंग कर रहे हो भड़वे अपना घर बचा मादरचोद दूसरे के ऊपर उंगली उठाने के ऊपर अपने ऊपर देख कितने आरोप है तेरे ऊपर अपने ऊपर देख यशवंत सिन्हा झाठु ..

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