गाज़ीपुर में जिले भर के पत्रकार एसोशिएशन के सभी संगठनों के पत्रकार सदस्यों ने मंगलवार को दोपहर 2 बजे एक मंच पर एकत्रित होकर बीजापुर, छत्तीसगढ़ के स्वतंत्र पत्रकार मुकेश चन्द्रकार की हत्या मामले को लेकर मौन जुलूस निकाला। ये जुलूस शहर के मिश्रबाजार से शुरू होकर सरजू पाण्डेय पार्क पहुंचा। जहां से डीएम कार्यालय पहुंच कर डीएम आर्यका अखौरी को 6 सूत्रीय मांग पत्र राष्ट्रपति के नाम सौंपा।
दरअसल, छत्तीसगढ़ के बीजापुर में पत्रकार मुकेश द्वारा सड़क व पुल के निर्माण में ठेकेदार द्वारा किये गये भ्रष्टाचार के खुलासे पर ठेकेदार सुरेश चन्द्राकर द्वारा उनकी हत्या कर दी गई थी।
पत्रकार की हत्या से मर्माहत होकर गाजीपुर के पत्रकारों ने विरोध किया और पत्रक के माध्यम से आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई मांग किया। साथ ही मृतक परिवार को 5 करोड़ के मुआवजे और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की है। साथ ही इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति पत्रकारों के साथ न हो। इस तरह की घटना पर रोक लगाने के लिए पूरे देश में पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग की जा रही है। वहीं सुप्रसिद्ध मिमिक्री विजय ने लालू यादव की भाषा मे पत्रकारों की सुरक्षा की मांग की है।
जिसके लिए सुरक्षा व मृत पत्रकार को न्याय हेतु निम्न बिन्दुओ पर कार्यवाही करने की अपील की जा रही है-
- पत्रकार मुकेश चन्द्राकर की निर्मम हत्या के दोषी ठेकेदार सुरेश चन्द्राकर को मृत्युदण्ड दिये जाने की मांग।
- पत्रकार द्वारा घटनाओं व भ्रष्टाचार की खुलासे के लिए पत्रकार सुरक्षा कानून को लेकर राष्ट्रपति द्वारा अध्यादेश जारी करने की मांग।
- पत्रकार मुकेश चन्द्राकर के आश्रित को छत्तीशगढ़ सरकार द्वारा सरकारी नौकरी व 5 करोड़ रुपये की मुआवजा देने की मांग।
- मऊ जनपद में विगत दिनों छह पत्रकारों पर फर्जी घटनाक्रम में हुए मुकदमे को निरस्त करने की मांग।
- जौनपुर मे हुए पत्रकार हमले की न्यायिक जांच करने की मांग।
- पत्रकारों पर फर्जी मुकदमें व उत्पीड़न बन्द करने व इसके दोषी कर्मचारी/अधिकारी के विरूद्ध तत्काल कार्यवाही करने की मांग शामिल है।
इस मौके पर गाजीपुर पत्रकार एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष सूर्यवीर सिंह, सोशल एक्टिविस्ट उमेश श्रीवास्तव, पत्रकार अभिषेक सिंह, विनय कुमार सिंह, शशिकांत तिवारी, आलोक त्रिपाठी,आशुतोष त्रिपाठी, पवन श्रीवास्तव, दुर्ग विजय सिंह, अभिषेक सिंह द्वितीय, सुनील सिंह, विनोद गुप्ता, डॉ एके राय, चंद्र मौली पांडे, अंकुर शुक्ला, विनीत दुबे, विनय तिवारी, प्रमोद सिन्हा,शिव प्रताप तिवारी, अनिल उपाध्याय, प्रमोद कश्यप, अनिल कश्यप, लक्ष्मीकांत श्रीवास्तव, प्रदीप शर्मा, विनय ठाकुर, प्रमोद यादव, प्रभाकर सिंह, राजेश कुशवाहा, जितेंद्र कुमार, डॉ शरद वर्मा, सहित जनपद के विभिन्न संगठनों और स्वतंत्र पत्रकार भारी संख्या में शामिल रहे।

गाज़ीपुर। पत्रकार मुकेश चंद्राकर की नृशंस हत्या से पत्रकारिता जगत में शोक की लहर दौड़ गई है। आज गाज़ीपुर प्रेस क्लब ने दिवंगत पत्रकार की आत्मा की शांति के लिए 2 मिनट का मौन धारण कर श्रद्धांजलि दी और उसके परिवार को इस घड़ी में सहन शीलता की ईश्वर से प्रार्थना की। इस दौरान मौजूद गाजीपुर प्रेस क्लब के पदाधिकारियों और सदस्यो द्वारा दिनों दिन पत्रकारिता के क्षेत्र मे बढ़ती असुरक्षा तथा आए दिन घटते अप्रिय घटनाक्रम पर चिंता जाहिर करते हुए, युवा पत्रकार मुकेश चन्द्राकर की नृशंस हत्या पर रोष एवं शोक व्यक्त किया।
श्रद्धांजलि सभा का संचालन कर रहे क्लब के संरक्षक मनीष मिश्रा द्वारा कहा गया कि कलमकार पत्रकार समाज का आईना होते है, जो समाज का स्वरुप होता है पत्रकार उसे प्रकाशित करता है, लेकिन देखने में यह आ रहा है कि समाज के विकृति को उजागर करने का प्रतिफल पत्रकार को आघात के रुप में झेलना पड़ रहा है।
क्लब के अध्यक्ष शिवकुमार द्वारा पत्रकारिता की चुनौती एवं अवरोधों का विस्तार से वर्णन किया गया। साथ ही निरंतर घट रही दुखद घटनाओं एवं असुरक्षित होते पत्रकारिता के क्षेत्र पर चिंता जाहिर करते हुए पत्रकार सुरक्षा कानून लागू करने की मांग की।
महामंत्री कृपा कृष्ण ‘केके’ और उपाध्यक्ष मनीष सिंह द्वारा दिनों दिन बिगड़ती पत्रकारिता की दशा और असुरक्षा के पनपते माहौल का उल्लेख करते हुए सुधार की आवश्यकता पर बल दिया गया। साथ ही पत्रकार सुरक्षा कानून के त्वरित क्रियान्वन की आवश्यकता पर बल दिया।
श्रद्धांजलि सभा मे प्रमुख रूप से क्लब के कार्यकारिणी सदस्य अनिल कुमार, रतन कुमार, प्रमोद यादव, चंद्रमौली पांडेय, प्रभाकर सिंह, अजय कुमार, पवन मिश्रा, इकरार खान, ओमप्रकाश, पारसनाथ, मोतीलाल, अखिलेश यादव, आसिफ, प्रदीप शर्मा, आरिफ, शाहिद, संजीव कुमार, आरएन राय, लक्ष्मीकांत, विनोद खरवार, सन्दीप, रजत, अरुण आदि पत्रकार मौजूद रहे।


