Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

आवाजाही

पत्रकारिता से राजनीति के गलियारे में एक और एंट्री

लगभग ढाई दशक तक पत्रकारिता, खासतौर से टीवी पत्रकारिता में रहने वाले आजाद ख़ालिद को राजनीति के गलियारे में इंट्री मिली है। ऑल इंडिया कांग्रेस सेवादल ने आजाद खा़लिद को बतौर नेशनल मीडिया इंचार्ज ज़िम्मेदारी सौंपी है। कांग्रेस सेवादल के मुख्य संगठक लाल जी भाई देसाई ने आजाद खालिद की नियुक्ति ऐसे समय में की है जबकि भाजपा अपना तीखा नारा, यानि कांग्रेस मुक्त भारत के तहत सड़क और संसद से लेकर टीवी डिबेट तक में लगातार कांग्रेस पर हमलावर हो रही है।

कई नामी चैनलों में महत्वपूर्ण भूमिका निभा चुके आजाद खालिद की पत्रकारिता का सफर यूं तो 1997-98 में ही देश के नामी उर्दू अख़बार नई दुनियां और अवाम से शुरु हो गया था। लेकिन इसके बाद उन्होने साल 2000 में दूरदर्शन पर मैडम नलिनी सिंह के साथ अपने टीवी पत्रकारिता के सफर की शुरुआत की। 2002 में सहारा समय में प्रभात डबराल जी,अरूप घोष, विनोद दुआ जी की लांचिंग टीम में शामिल होकर आजाद खालिद को अपनी प्रतिभा और दमखम दिखाने का मौका मिला।

सहारा समय में पहले पहल राजनीतिक बीट पर बेबाक और किसी भी दल के खिलाफ खुलकर बोलने के नतीजे में आजाद खालिद को क्राइम बीट पर शिफ्ट कर दिया गया। जहां बतौर एंकर और प्रड्यूसर एक साप्ताहिक क्राइम शो तफ्तीश आजाद खालिद को 2002-05 में एक अलग पहचाल दिलाने में कामयाब रहा। यहां भी आज़ाद खालिद का कई तरह के विवादों से सामना रहा। तफ्तीश में यूपी के कर्बी के कुख्यात डकैत ददुआ के राजनीतिक आकाओं को बेनकाब करने वाला एक एपिसोड आजाद खालिद के लिए खासा दिक्कतों भरा रहा। क्योंकि कथिततौर पर उस समय के सत्ताधारी दल और सहारा के रिश्तों के लिए यह एपिसोड घातक माना गया था।

इसके बाद साल 2005 में देश के दिग्गज पत्रकार रजत शर्मा जी ने आजाद खालिद को इंडिया टीवी में मौका दिया, जहां जाते ही आजाद खालिद ने नोएडा का करोडो़ं रुपय का नोएडा प्लाट स्कैम बेनकाब कर दिया, जिसकी जांच सीबीआई को सौंपी गई थी। जिसमें राजनीति और करप्ट सिस्टम के गठजोड़ और कई दिग्गज नेताओं के निजी जीवन की भी दास्तांन उजागर हो गई थी। इसके बाद नये लांच हुए चैनल एस-1 की लांचिग टीम में रहते हुए उस समय की टीम ने दिल्ली एनसीआर में नंबर वन टीआरपी गेन थी।

इसके अलावा पत्रकार दीपक चौरसिया की टीम में इडिया न्यूज में भी आजाद खालिद विवादों में रहे। हाल ही में कथिततौर पर सत्ता के नजदीक बताया जाने वाले एक चैनल में अपनी बेबाक डीबेट में कईयों को बेनकाब करने और खुलकर बोलने का खिमयाजा भुगत रहे आजाद खालिद यू ट्यूब और सोशल मीडिया पर बेबाकी से बोलते देखे जा रहे थे। कुल मिला कर राजीनितिक हल्कों में कई नेताओं की आंखों की किरकिरी रहे और कई चैनलों में बतौर हैड कार्य कर चुके आजाद खालिद को कांग्रेस सेवादल ने अपना राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी तो नियुक्त कर लिया है। लेकिन अब देखना यह होगा कि क्या आजाद खालिद इस जिम्मेदारी में खुद को कितना साबित कर पाएंगे।

इस बारे में आजाद खालिद का मानना है कि देश और जनता की असली सेवा करने का सबसे बड़ा माध्यम राजनीति ही है बशर्ते ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ हो। आजाद खालिद का मानना है कि संस्थापक एन.एस हार्डिकर जी की दूरदर्शिता से स्थापित कांग्रेस सेवादल कांग्रेस का बेहद महत्वपूर्ण विंग है। कांग्रेस सेवादल सीधे तौर पर देश सेवा में रहते हुए कांग्रेस के लिए मजबूत कैडर के कार्यकर्ता तैयार करने और सामाजिक तौर पर जुड़ाव के लिए काम करने लिए जाना जाता है। आजाद खालिद का कहना है कि यह वही कांग्रेस सेवा दल है जिससे कभी अंग्रेज भी डरता था, और जिस पर देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरु तक गर्व करते थे, यहां तक कि आयरन लेडी देश की पूर्व प्रधानमंत्री स्व. इंदिरा गांधी ने स्व. राजीव गांधी को राजनीति की शुरुआत के लिए कांग्रेस सेवादल से जुड़ने की सलाह दी थी।

https://youtu.be/b8BoODe42rU
CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन