आप कभी नहीं सुनेंगे कि किसी भक्त चैनल का पेज बंद हुआ! बंद उन्हीं का हो रहा है, जिनसे कुर्सी थर्रा रही है।
मीडिया का अर्थ वो जो सरकार को आईना दिखाये , और आईना दिखाने वालों को सरकार पसंद नहीं करती।
जिन्हें पसंद करती है ,वो मीडिया नहीं हो सकते!
-प्रियंका भारती (राजद प्रवक्ता)


सुरेश चिपलूनकर-
कल कई लोगों का फेसबुक पेज भारत में बंद कर दिया गया.
मॉलीटिक्स, नेशनल दस्तक, राजीव निगम और भी कई FB पेज सरकार का शिकार हुए. ये सभी वो पेज हैं, जिससे सरकार से सवाल किए जाते थे. जमीन के असल हालात दिखाए जाते थे. मोदी की आलोचना करने, मोदी के कार्टून बनाने वाले भी बैन हुए हैं.. 4PM जैसे चैनल भी बड़ी मुश्किल से restore हुए हैं.
सरकार लगातार ऐसे पेज और हैंडल बैन कर रही है, जो सवाल करते हैं. कुछ दिन पहले ट्विटर पर भी कई हैंडल बैन हुए थे. यह देखकर साफ है- जो सरकार का गुणगान करेगा, वही बचेगा. बाकी सबको धीरे धीरे कोई खामखां का कारण देकर बैन किया जाएगा.
इसका भी एक पैटर्न है- पहले किसी भी रेंडम कंटेंट पर नोटिस भेजा जाएगा. ऐसा दो-तीन बार होगा, फिर बैन. (मेरे FB प्रोफाइल को पिछले 2 महीने में 2 वायलेशन नोटिस मिल चुके हैं).
सरकार ने पहले ही भारी मात्रा में पैसा खिलाकर और विज्ञापन देकर “सुधीर चौधरी और रजत शर्मा छाप” न्यूज चैनलों पर कब्जा जमा रखा है.. अंजना और चित्रा जैसी एंकर्स सरेआम भाजपा प्रवक्ता की तरह बर्ताव करती हैं…
सोशल मीडिया में भी व्हाट्स एप पर भाजपा समर्थकों का कब्जा है.. इंस्टाग्राम पर केवल फूहड़ता, रीलबाजी और छिछोरे जोक्स की भरमार है.. ले देकर ट्विटर और फेसबुक ही बचे थे, जहां सरकार की पोल खोली जाती थी, सवाल किए जाते थे.. इन दोनों पर इस तरह से कब्जा किया जा रहा है…
आजकल लिखने में बहुत सावधानी बरतनी पड़ती है,, जरा सा एक शब्द भी इधर उधर हुआ कि फेसबुक से नोटिस आ जाता है, या तो कमेंट हट जाता है, अथवा पोस्ट ही डिलीट कर दी जाती है… इसके उलट ऐसे दर्जनों भाजपाई चाटुकारों के ट्विटर अकाउंट दिखाए जा सकते हैं, जहां सरेआम भारी गालीगलौज चल रही है, परंतु उन्हें बैन नहीं किया जा रहा. स्वाभाविक सी बात है कि जिस पार्टी के पास 10,000 करोड़ से अधिक का सिर्फ कैश (जी हां, कैश) मौजूद हो, वह क्या नहीं खरीद सकती..
अतः किसी भी समय यदि अचानक मेरा फेसबुक प्रोफाइल प्रतिबंधित हो जाए तो आश्चर्य मत कीजिएगा.. हालांकि अपने पास बैकअप प्लान मौजूद है, अभी तक तो हम अपनी फोटो लगाकर धड़ल्ले से खुलेआम लिख रहे हैं,, डरपोक लोगों की तरह प्रोफाइल लॉक भी नहीं किया.. परंतु हो सकता है कि प्रतिबंधित होने के बाद मजबूरी में फेक आईडी और फेक चित्र के साथ लेखन का सफर जारी रखा जाएगा.. जिसकी सूचना “सच्चे मित्रों” को उनके इनबॉक्स में दे दी जाएगी..
देखते हैं, कब तक यह प्रोफाइल जीवित रहता है..


