‘चक दे’ में काम कराते हैं लेकिन सेलरी नहीं देते

मेरा नाम रणजीत कौर है और मैंने ‘चक दे’ में 8 जून 2016 को ज्वाइन किया था, बतौर न्यूज़ एंकर इन पंजाबी. स्टार्टिंग में बड़ी बड़ी बातें की गयी थीं. पर था कुछ नहीं. नाईट ड्यूटी थी और सिक्योरिटी के नाम पर कुछ नहीं था. एक छोटी सी बिल्डिंग में इसका ऑफिस है, फरीदाबाद में. वहीं कॉल सेंटर चलते हैं. वहीं न्यूज़ चैनल भी है. इस चैनल का मालिक एनआरआई है.

यहां गणेश नायर है जो सुब कुछ देखते हैं. नाईट में जो लड़कियां रहती हैं उनकी सेफ्टी के लिये कुछ भी नहीं है. गणेश नायर अपने नीचे काम करने वालों का शोषण करते हैं. कहने को तो ये चैनल बताते हैं लेकिन इनके पास कोई लाइसेंस नहीं है चैनल चलाने का. ये दरअसल वेब न्यूज़ चैनल चलाते हैं. यहां पर लड़कियों को बिना कारण परेशान किया जाता है. जिसे भी इम्प्लॉयी को रखा जाता है उसे एक या दो महीने काम कराके बिना सेलरी के ही वापस भेज दिया जाता है.

मैंने नाईट शिफ्ट की है जिससे मेरी हेल्थ तो खराब हुई ही, साथ में मैं फाइनेंशली भी काफी वीक हुई. गणेश नायर फालतू की बातें करता था. वह लुभावनी बातें करके शोषण करने के मौके ढूंढत था. मेरे अलावा बहुत से लोग हैं जिनकी सेलरी उसने नहीं दी. साथ में मेंटली परेशान किया वह अलग से. बात मेरे लिए पैसों का नहीं है. ऐसे काम बंद होने चाहिए जहां काम करने वालों का हर तरह से शोषण किया जाता है. मैं नहीं चाहती मेरे बाद कोई दूसरा बंदा इस चैनल के झांसे में फंसे और अपना वक्त, पैसा बर्बाद करे.

रणजीत कौर
jesikajesus84@gmail.com



भड़ास व्हाट्सअप ग्रुप- BWG-10

भड़ास का ऐसे करें भला- Donate






भड़ास वाट्सएप नंबर- 7678515849

Comments on “‘चक दे’ में काम कराते हैं लेकिन सेलरी नहीं देते

  • ਹੌਸਲਾ ਰੱਖ ਕੁੜੀਏ, ਇਸ ਗਣੇਸ਼ ਦਾ ਮੋਬਾਈਲ ਨੰਬਰ ਦੇ ਐਥੇ, ਤੇ ਇਸ ਨੂੰ ਦੱਸਾਂਗੇ ਕਿ ਚੱਕ ਦੇ ਦਾ ਮਤਲਬ ਕੀ ਹੈ…

    Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published.

*

code