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एचटी वाले ‘हिंदुस्तान टाइम्स आनलाइन डाट काम’ ब्लाक कराने कोर्ट गए, अंतरिम आदेश पारित, नवनीत ने मदद की गुहार लगाई

प्रिय यशवंत भाई , मैं नवनीत चतुर्वेदी एक न्यूज़ वेबपोर्टल  www.hindustantimesonline.com  दिल्ली से चला रहा हूँ हिंदी माध्यम में , और हमारा एक छोटा सेटअप है, कुल 12 -14 पत्रकारों  को रोजगार मिला हुआ है.   करीब दो महीने पहले हिंदुस्तान टाइम्स वालों ने हमारे डोमेन नेम पर आपत्ति जताई और हमें क़ानूनी कार्यवाही की चेतावनी दी. हमारे द्वारा यह डोमेन नियमानुसार डोमेन रजिस्ट्रार  गो- डैडी से लिया गया था. चूँकि इंटरनेट डोमेन नाम का रजिस्ट्रेशन एक अंतरास्ट्रीय नियमानुसार होता है, सो हमें मिल गया. यहाँ कोई ट्रेडमार्क /कॉपीराइट /रजिस्ट्रार ऑफ़ न्यूज़ पेपर्स ऑफ़ इंडिया  इत्यादि की जरूरत नहीं होती. आप हमारी वेबसाइट पर देख सकते है हमारा लोगो भी बिलकुल अलग है हिंदुस्तान टाइम्स से।

प्रिय यशवंत भाई , मैं नवनीत चतुर्वेदी एक न्यूज़ वेबपोर्टल  www.hindustantimesonline.com  दिल्ली से चला रहा हूँ हिंदी माध्यम में , और हमारा एक छोटा सेटअप है, कुल 12 -14 पत्रकारों  को रोजगार मिला हुआ है.   करीब दो महीने पहले हिंदुस्तान टाइम्स वालों ने हमारे डोमेन नेम पर आपत्ति जताई और हमें क़ानूनी कार्यवाही की चेतावनी दी. हमारे द्वारा यह डोमेन नियमानुसार डोमेन रजिस्ट्रार  गो- डैडी से लिया गया था. चूँकि इंटरनेट डोमेन नाम का रजिस्ट्रेशन एक अंतरास्ट्रीय नियमानुसार होता है, सो हमें मिल गया. यहाँ कोई ट्रेडमार्क /कॉपीराइट /रजिस्ट्रार ऑफ़ न्यूज़ पेपर्स ऑफ़ इंडिया  इत्यादि की जरूरत नहीं होती. आप हमारी वेबसाइट पर देख सकते है हमारा लोगो भी बिलकुल अलग है हिंदुस्तान टाइम्स से।

फिर भी हिंदुस्तान टाइम्स मीडिया लिमिटेड ने एक अनजाने भय और दुर्भावनावश दिल्ली हाईकोर्ट में एक याचिका प्रस्तुत करते हुए हमारी वेबसाइट को ब्लॉक करवाने हेतु कोर्ट को आवेदन किया, जिस पर दिल्ली हाई कोर्ट के माननीय जस्टिस श्री मनमोहन सिंह ने इस आधार पर कि हमारे डोमेन का नाम  हिंदुस्तान टाइम्स ऑनलाइन डॉट कॉम, उनके नाम से मिलता जुलता है, इसलिए इसको ब्लॉक करना चाहिए, ऐसा कोई अंतरिम आदेश पारित हुआ है इसी शनिवार को , और इस सन्दर्भ में आज के हिंदुस्तान टाइम्स अंग्रेजी अखबार पेज नंबर 11 पर एक खबर भी छपी है जिस खबर की स्कैन कॉपी सलंग्न है।

जब हमने डोमेन रजिस्ट्रार गो -डैडी से बात की उन्होंने बताया की डोमेन रजिस्ट्रेशन के अंतरराष्ट्रीय नियम होते हैं जिसके अंतर्गत हम डोमेन नाम देते हैं और हम किसी एक देश के कोर्ट का निर्णय मानने के लिए बाध्य नहीं हैं, लेकिन कोई गैर क़ानूनी, अनैतिक,अश्लील सामग्री हो तब जरूर इसको ब्लॉक किया जाता है.   अभी हमें माननीय दिल्ली हाई कोर्ट से कोई लिखित आदेश की प्रति प्राप्त नहीं हुई है. 

कृपया उपरोक्त मसले पर हमारा मार्गदर्शन और सहयोग किया जाये क्यूंकि हम कोई अरबपति मीडिया ग्रुप से नहीं है और यहाँ  हिंदुस्तान टाइम्स मीडिया लिमिटेड अपने धनबल के प्रभाव का इस्तेमाल कर रहा है ,जबकि हमारे पास तो किसी हाई कोर्ट के बड़े वकील को अगली पेशी पर भेजने के लिए फीस देना भी मुश्किल है. 

भड़ास के माध्यम से इस खबर को उचित स्थान दिया जाना चाहिए

नवनीत चतुर्वेदी
Navneet Kumar
[email protected]

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2 Comments

2 Comments

  1. piyush

    July 7, 2014 at 8:04 pm

    kanooni taur per aapka case kamzor hai…aap kuch bhi nahi kar sakte..aap apna domain name change kar lijiye

  2. navneet chaturvedi

    July 8, 2014 at 12:26 pm

    आज एचटी मीडिया से दिल्ली हाई कोर्ट के अंतरिम आदेश की कॉपी मिली ,अगले सात दिनों में हाई कोर्ट के आदेश का पालन करना होगा , देखते हैं ऊंट किस तरफ करवट लेगा फिलहाल खेल मजेदार हो गया है , अगली तारीख 20 अगस्त है ,एच टी मीडिया लिमिटेड ने काफी खर्चा भी किया है इस केस और वकीलों की फ़ौज़ पर ,खुद शोभना मैडम मामले को देख रही हैं , वैसे इनको शुक्रिया देना तो बनता है हमारी फ्री पब्लिसिटी करने के लिए

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