Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

टीवी

साधना न्यूज (एमपी-सीजी) के ठग संचालकों से बच कर रहिए, पढ़िए एक पीड़ित स्ट्रिंगर की दास्तान

संपादक
भड़ास4मीडिया
महोदय

मुझसे साधना न्यूज (मध्यप्रदेश छत्तीसगढ) के नाम पर 8 माह पूर्व विनोद राय के निजी खाते में 20 हजार रुपये ट्रांसफर कराए गए थे. इस रकम को खुद मैंने अपने खाते से भेजा था. परन्तु साधना न्यूज ने एक माह बाद ही किसी दूसरे को नियुक्त कर दिया. विनोद राय (इन्दौर, डायरेक्टर, साधना न्यूज) से रुपये वापस मांगने पर वे नये नये तरीके से टालते रहते हैं और आज कल करके कई प्रकार के बहाने से मुझे राशि लौटने से इनकार कर रहे हैं. मैं इसके लिए कई बार इन्दौर का चक्कर काट चुका हूं.

संपादक
भड़ास4मीडिया
महोदय

मुझसे साधना न्यूज (मध्यप्रदेश छत्तीसगढ) के नाम पर 8 माह पूर्व विनोद राय के निजी खाते में 20 हजार रुपये ट्रांसफर कराए गए थे. इस रकम को खुद मैंने अपने खाते से भेजा था. परन्तु साधना न्यूज ने एक माह बाद ही किसी दूसरे को नियुक्त कर दिया. विनोद राय (इन्दौर, डायरेक्टर, साधना न्यूज) से रुपये वापस मांगने पर वे नये नये तरीके से टालते रहते हैं और आज कल करके कई प्रकार के बहाने से मुझे राशि लौटने से इनकार कर रहे हैं. मैं इसके लिए कई बार इन्दौर का चक्कर काट चुका हूं.

इस विषय में आदित्य तिवारी और एमके तिवारी को सूचित कर चुका हूं जो कि लोकायत पत्रिका एवं साधना न्यूज़ मध्य प्रदेश छत्तीसग़ढ के संचालक हैं. परन्तु मुझे राशि नहीं लौटाई जा रही है. मेरे द्वारा मोबाइल से फोन किए जाने पर फोन नहीं उठाया जाता और अब मेरा नंबर ब्लैक लिस्ट में डाल दिया गया है. इसके पहले शिवराज सिंह के भोपाल कार्यक्रम के लिए मैंने 80 हजार रुपये साधना न्यूज में दिया था, वह भी मैंने विज्ञापनदाता को वापस किया था, उसका भी कुछ निर्णय नहीं हो रहा.

विनोद राय के कहे अनुसार मैंने किसी को चेक दे दिया था परन्तु अब मेरे उपर वह व्यापारी चेक बाउन्स का केस कर देगा. बडी मुश्किल से शुक्रवार को विनोद राय से मेरी बात हुई थी  जिसमें उन्होंने सोमवार को राशि डालने का वादा किया था परन्तु आज भी समय निकल गया है. फोन नम्बर रिजेक्शन लिस्ट में डाल दिया है. मेरे पास तमाम सबूत हैं जिसके सहारे मैं इन सभी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने जा रहा हू. साथ ही पूरे मामले की जानकारी मीडिया जगत को भड़ास4मीडिया के माध्यम से देने जा रहा हूं.

धन्यवाद
आपका
राजेंद्र अग्रवाल
छिन्दवाडा, मध्य प्रदेश
मोबाइल नंबर : 9479906598, 810972555 , मेल : [email protected]


ठगी का सुबूत यह आडियो है जिसमें विनोद राय पैसे लौटाने की बात तो करता है लेकिन लौटाता नहीं है… इस यूट्यूब लिंक पर क्लिक करके सुनिए… https://www.youtube.com/watch?v=BoTbx28diNg

ये हैं कुछ चैट जिससे साफ पता चलता है कि विनोद राय पैसे हड़पने का आरोपी है और पैसे लौटाने से इनकार कर रहा है….

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
5 Comments

5 Comments

  1. amit

    March 18, 2016 at 12:34 pm

    chor channel hai bhai bihar ke kitane reportero ko barbad kar chala gaya thagi ke alave eska koi khabar se matlab nahi rahata

  2. RAMAWTAR

    March 20, 2016 at 4:44 am

    साधना न्यूज़ ने खबरों के मामलों में तेजी से अपनी पहचान बनाई और मध्य प्रदेश के खबरों के मामले में नंबर एक चैनल को पीछे धकेल दिया था। चैनल को तेजी से बढ़ता देख कर मध्य प्रदेश के ऐसे रिपोर्टर जो केवल अपनी दुकान चलाने से मतलब रखते है जुड़ने लगे उन्होंने ईमानदारी से काम करने वाली साधना टीम को चैनल के मालिक को लालच दे कर हटवाया। जिससे चैनल की लोकप्रियता घटती गई। आज चैंनल ठेके पर चल रहा है तिवारी जी ने चैनल को किराये पर ले लिया है जिससे अब साधना न्यूज़ चैनल केवल वसूली का एक माध्यम बन गया है सभी पुराने रिपोर्टर चैनल का साथ छोड़ चुके है। आपको किस संभाग या किस जिले की दुकान लेनी है मिल जाएगी। पैसे दीजिये और चैनल की आई डी लेकर वसूली में जुट जाइये।

  3. vivek shrivastav

    March 20, 2016 at 8:03 am

    sadhna mp/cg ke naam par lut machi hai . chhattisgarh ke kai shahro me 25,000 Rs. per month selary dene kaa vada kiya tha Mr .M.K. Tiwari ne saal bit jaane ke baad reporters ko hata diya .ye hal hai sadhna news ka. mere pass to appointment letter hone ke baad bhi mujhe hata diya

  4. ank

    September 7, 2016 at 6:24 am

    sadhna channal par karwahi honi chahiye….aap ko kafi pidit milege jo kaam kar chuke hai ya jo kar rhe hai

  5. Sheakhar Meher

    February 17, 2019 at 1:27 pm

    आजकल हालात इतने बुरे हैं साहब कि इस चैनल के रिपोर्टर किसी भी व्यापारी के पास पहुंच जाते हैं , ऊपर अधिकारियों से पहुच का डर दिखाते हैं आपके व्यापार की खामियाँ गिनाते है, डरा धमकाकर जबर्दस्ती से अपने अखबार में एडवर्टाइजिंग कराने के लिए कहते हैं
    मना करने पर सीधे तौर पर भारी रकम मांगते हैं नहीं तो आपके लिए अच्छा नहीं होगा ऐसा महसूस कराते हैं

    अब ये हक इन्हे पत्रकारिता की किस किताब से मिल जाता है
    और इनसे एक आम आदमी को कैसे निपटना चाहिए

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन