उन्नाव। जनपद उन्नाव में एक पत्रकार ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उनके खिलाफ साजिशन और बिना जांच के एक अपराधी से तहरीर लेकर मुकदमा दर्ज कर दिया। मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक को शिकायती पत्र देकर 24 घंटे के भीतर निष्पक्ष जांच कराकर दोषी के खिलाफ कार्यवाही की मांग की है।
पीड़ित पत्रकार के अनुसार इससे पहले भी इसी अपराधी से तहरीर लेकर पुलिस एक फर्जी मुकदमा दर्ज कर चुकी है, जबकि घटना के दौरान पीड़ित पत्रकार गैर जनपद में था। जिसके आधार पर पुलिस ने मामले में अंतिम रिपोर्ट भी न्यायलय प्रेषित की है। पीड़ित ने एसपी जेपी सिंह को प्रार्थना पत्र देकर बगैर जांच फर्जी मुकदमा लिखने वाले कोतवाल और मुकदमा लिखवाने वाले अपराधी के खिलाफ कार्यवाही की मांग की है।
प्राप्त दस्तावेजों के अनुसार, थाना कोतवाली क्षेत्र में दर्ज एफआईआर में संकल्प दीक्षित पुत्र रामेश्वर दीक्षित निवासी 12/2, रमदेई खेड़ा, थाना कोतवाली, जिला उन्नाव का नाम शामिल है। एफआईआर में उल्लेख है कि 18 फरवरी 2026 को कथित रूप से सड़क पर रोककर मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी गई। शिकायतकर्ता की ओर से सिर पर लोहे की वस्तु से प्रहार करने का भी आरोप लगाया गया है।
दूसरी ओर, संकल्प दीक्षित, जो हिंदी न्यूज चैनल भारत समाचार का जिला संवाददाता हैं, ने पुलिस अधीक्षक उन्नाव को दिए शिकायती पत्र में आरोप लगाया है कि पुरानी रंजिश के चलते उनके खिलाफ षड्यंत्रपूर्वक फर्जी मुकदमा दर्ज कराया गया। उन्होंने कहा है कि घटना के समय वे मौके पर मौजूद नहीं थे, जिसकी पुष्टि उनकी लोकेशन और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) से हो सकती है।
पत्र में यह भी आरोप लगाया गया है कि संबंधित कोतवाली प्रभारी ने बिना जांच किए ही मुकदमा दर्ज कर दिया है। पत्रकार का कहना है कि पूर्व में भी इसी मनु अवस्थी द्वारा उनके खिलाफ एक मुकदमा दर्ज कराया गया था, जो जांच में फर्जी पाया गया, और पुलिस ने अंतिम रिपोर्ट कोर्ट भेजी है।
शिकायती पत्र में मांग की गई है कि पूरे प्रकरण की 24 घंटे के भीतर निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि आरोप असत्य पाए जाएं तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। साथ ही, बिना जांच मुकदमा दर्ज करने वाले कोतवाल पर भी कार्रवाई की मांग की जाए।
इस मामले में एसपी जेपी सिंह से पीड़ित पत्रकार ने बात चीत भी की है जिसमें एसपी ने मामले में जांच कराने का आश्वासन दिया है, लेकिन दो-दो बार फर्जी मुकदमा दर्ज होने से उन्नाव के पत्रकारों में पुलिस प्रशासन के खिलाफ नाराजगी देखी जा रही है।
देखें एफआईआर कॉपी और पत्रकार की तरफ से दिया गया पत्र…





