मजीठिया पर इस तरह के सवाल-जवाब के लिए तैयार रहें पत्रकार

मजीठिया वेतनमान पर अगर पत्रकारों से ये सवाल पूछे जाएं तो उन्हें दृढ़ता से जवाब देना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट में केस चल रहा है। अखबार मालिक पत्रकारों का कुछ भी नहीं बिगाड़ पाएंगे।

1. क्या आप का प्रबंधक भारत सरकार की अधिसूचना पर, मजीठिया वेज बोर्ड अवार्ड के अनुसार वेतन का भुगतान कर रहा है?

2. क्या प्रबंधकों ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश 07-02-2014 के बाद किसी प्रकार के बकाया धन राशि (अरिअर्स) का भुगतान किया है?

3. मजीठिया वेज बोर्ड के अनुसार आप का संस्थान किस राजस्व श्रेणी के अंतर्गत आता है? 2007-08, 2008-09 और 2009-2010 की राजस्व स्थित (बैलेंस शीट) उपलब्ध कराऐं।

4. मजीठिया वेज बोर्ड अवार्ड लागू करते समय आप के संस्थान ने कौन सा मापदंड अपनाया है? उसकी वृहत जानकारी उपलब्ध कराऐं।

5. क्या आप का संस्थान वेतन निर्धारित करते समय पुराना मूल वेतन, मंहगाई भत्ता तथा सर्विस वेतन-वृद्धि का समयोजन किया है? इसका विस्तारित ब्योरा दें।

6. मजीठिया लागू करने के बाद आप के वेतन में कितने गुणा वृद्धि हुई है?

7. आप के संस्थान में सन् 2008 से पहले कर्मचारियों की संख्या कितनी थीऔर अब कितनी है?

8. क्या आप के संस्थान ने वेतन अवार्ड लागू होने के बाद मिल रहे अतिरिक्त भत्ते (किसी विशेष समक्षौते के तहद) का भुगतान बन्द कर दिया है?

9. क्या स्थायी तथा संविदा सेवा कर्मचारियों को मूल वेतन के साथ 35%का परिवर्ती (वेरिअबल) वेतन का भुगतान हो रहा है?

10. क्या मंहगाई भत्ता, मकान भत्ता, परिवहन भत्ता, छुट्टी यात्रा रियायत (एलटीसी) का भुगतान करते समय मूल वेतन के साथ वेरिअबल वेतन को जोड़ा जाता है? 

11. क्या मंहगाई भत्ते का भुगतान जुलाई 2009 और जून 2010 (12 महीने का औसत) पॉइंट 167 के अधार पर हो रहा है?

12. क्या वेतन फिक्स करते समय आप को पांच साल में एक तथा ज्यादा से ज्यादा तीन सर्विस इंक्रीमेंट का लाभ मिला है, यदि हां तो पुराने रेट पर या नये रेट पर?

13. क्या कर्मचारियों को रात्रि पाली भत्ता तथा चिकित्सा भत्ते का भुगतान मजीठिया वेज अवार्ड के अनुसार किया जा रहा है?

14. क्या कार्यरत कर्मचारियों के भविष्य निधि को काटते समय मूल वेतन, वेरिअबल वेतन तथा मंहगाई भत्ते को जोड़ा जाता है? (जैसा कि श्रमजीवी पत्रकार एवं दूसरे समाचार कर्मचारियों की सेवा शर्तें, अधिनियम 1955 में की गयी व्यस्था के अनुसार)।

15. क्या अवकाश प्राप्त करने वाले कर्मचारियों को आनुतोषिक (ग्रेट्यूटी) का भुगतान करते समय मूल वेतन, मंहगाई भत्ता तथा वेरिअबल को जोड़ा गया है?

16. कृपया संस्थान में काम करने वाले श्रमजीवी पत्रकार, अनुबंध प्राप्त पत्रकार,गैर पत्रकार, प्रबंधन से जुड़े तथा उत्पादकता (प्रोडक्शन) में शामिल सभी कर्मचारियों का श्रेणीबद्ध ब्योरा दें।

17. कृपया अपने संस्थान में काम करने वाले सभी स्थायी, अस्थायी, अनुबंधक, उप-अनुबंधक कर्मचारियों की संख्या, उनके पद, वेतनमान, सर्विस अवधि के साथ-साथ मिलने वाले भत्ते का भी पूरा ब्योरा दें।

18. क्या अनुबंध पर काम करने वाले कर्मचारियों के वेतन भुगतान में किसी प्रकार का भेद-भाव किया जा रहा है? कृपया अनुबंध पर काम करने वाले कर्मचारी अपनी सेवा शर्तों का पूरा ब्योरा दें।

19. क्या मजीठिया वेज अवार्ड के अनुसार सुनिश्चित कैरियर विकास योजना यानी 10 साल में एक पदोन्नति तथा पूरी सर्विस में तीन पदोन्नति का लाभ मिल रहा है?

20. क्या 11/11/2011 के बाद अवकाश प्राप्त कर्मचारियों को मजीठिया वेतन अवार्ड का लाभ मिला? (ग्रेट्यूटी उपर्युक्त कथानुसार तथा दूसरे अवकाश प्राप्त लाभ)।

21. सुप्रीम कोर्ट में अवमानना का केस दाखिल होने के बाद संस्थान से कितने कर्मचारियों का स्थानांतरण, निलम्बन तथा सेवा समाप्ति की कार्यवायी हुई है?

22. वेरिअबल कंसेप्ट से पहले पिछले सभी वेज अवार्डो में समाचार कर्मचारियों की वार्षिक वेतन वृद्धि 6.5-8.5% के बीच हुआ करती थी, जो वेरिअबल कंसेप्ट के कारण 4% कर दी गयी है इससे सिद्ध होता है कि वेरिअबल वेतन मूल वेतन का ही समेकित अंग है, जिसको इससे अलग नहीं किया जा सकता है, अगर किया गया है तो विवरण दें।

श्रीकांत सिंह के एफबी वॉल से



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Comments on “मजीठिया पर इस तरह के सवाल-जवाब के लिए तैयार रहें पत्रकार

  • rajesh sharma says:

    yeh bhasha patrkar ki to nahin ho sakti. ek shar arj hai dushmni kro to aisi kro jab mil bathe to sharminda na hona pade

    Reply
  • Kashinath Matale says:

    Shrikant Singh Ne Achhi Jankari likhi hai. Majithia Wage Board ka bahot jagah par galat dhang se implmentation hua hai. Employers se Supreme Court ke Judgment ka mis interpretation kiya hai. Basic, VP DA HRA Tr A LTA sab galat calculation hua hai.
    Hum log day 1 se hi isi muddese lad rahe hai.
    Proper dhang se implementation karna chahiye.

    Reply

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