कोरोना के हाथों दो पत्रकारों के मारे जाने के बाद मीडियाकर्मियों ने किया IMU का गठन!

इंदौर के दो वरिष्ठ पत्रकारों-राजेश मिश्रा और जीएस यादव को जब कोरोना महामारी के क्रूर हाथों ने अचानक छीन लिया, तो इससे व्यथित होकर शहर के चार पत्रकारों ने साथी पत्रकारों की मदद की ठानी। चंद ही मिनटों में
Whatsapp पर 24 अप्रैल को एक समूह बन गया-Indore Media United यानी IMU.

मदद की नीयत नेक थी और इरादे सच्चे तो लोग साथ आते गए और कारवां बनता गया। इंदौर के संवेदनशील पत्रकारों के सहयोग से IMU मिश्रा जी और यादव जी के परिवारों को तात्कालिक सहायता राशि मुहैया करा चुका है। इसके अलावा, कोरोना वायरस संक्रमित साथी पत्रकारों और उनके परिजनों को अस्पतालों के बिस्तरों से लेकर ज़रूरी दवाएं दिलाने का क्रम भी जारी है।

अपने गठन के महज़ पांच दिनों के अंदर IMU मध्यप्रदेश के मशहूर मीडिया कॉलम “सूरमा की फेंक” की इबारत में पहुंच गया है। IMU इस हौसला अफ़ज़ाई के लिए प्रदेश टुडे मीडिया समूह का आभार व्यक्त करता है।

भड़ास की खबरें व्हाट्सअप पर पाएं
  • भड़ास तक कोई भी खबर पहुंचाने के लिए इस मेल का इस्तेमाल करें- bhadas4media@gmail.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *