Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

सुख-दुख

पत्नी के साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाना अपराध नहीं!

संजीव चंदन-

वैवाहिक बलात्कार के लिए कानून बनाने का दबाव जरूरी है वरना जज साहब लोग ऐसे जजमेंट पास करने के लिए कानूनी रूप से बाध्य हैं और मानसिक रूप से तैयार।

अभी कानून में बहुत से सुधार जरूरी हैं। जैसे नाबालिग लड़की की शादी बाल-विवाह के तहत अपराध है, लेकिन यदि उसकी शादी हो ही गयी, यानी 16 या 18 से कम उम्र की लड़की की भी और फिर पति ने सेक्स किया तो वह बलात्कार नहीं माना जायेगा और सजा नहीं होगी। यह कानून भी संशोधित होना चाहिए।

वैवाहिक बलात्कार पर स्पष्ट कानून के अभाव में घरेलू हिंसा ही सहारा है हिंसक पति के खिलाफ कार्रवाई के लिए।

संघर्ष या चिंता हमेशा सही लाइन और डायरेक्शन पर होने चाहिए।


माणिका मोहिनी-

यदि कोई लड़की विवाह से पूर्व किसी लड़के के साथ कुछ कर ले, या गलती से कुछ हो जाए और लोगों को पता चल जाए तो वह लोगों की नज़रों में गिर जाती है.

लोग कहते हैं, लड़की की इज़्ज़त काँच की तरह होती है. और इस इज़्ज़त का ताल्लुक सिर्फ़ ‘शरीर’ से होता है. पता नहीं, लोग ऐसा क्यों कहते हैं? जबकि शरीर तो लड़कों का भी होता है. सुख दोनों भोगते हैं. फिर सिर्फ़ लड़की ही क्यों बदनाम होती है?

गंभीर प्रश्न।

मैं pre marital sex के पक्ष में कुछ नहीं कह रही लेकिन इस बात पर हाय-तौबा मचाने के पक्ष में भी नहीं हूँ. कुछ हो गया तो हो गया. उसके लिए लड़की गलत क्यों समझी जाए?

गंभीर प्रश्न.

Local News Community
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team

भड़ास मेल: [email protected]

Latest 100 भड़ास

विज्ञापन