‘लल्लनटाप’ वाला सौरभ द्विवेदी तो खुद भाजपा नेता का बेटा है!

Tarun Kumar Tarun द्विवेदी जी ने शायद ट्वीट किया कि भाजपा वाले को बच्चा पैदा ही नहीं करना चाहिए! बेचारे से एक गफलत हो गयी! उनके पिता खुद भाजपा के नेता हैं और दो बार भाजपा के ही टिकट पर चुनाव लड़कर हार चुके हैं। ट्वीटर पर उन्हें कुछ लोगों ने कंडोम की तस्वीर के साथ ट्रोल करते हुए याद दिलाया कि अगर आपके पिता ने ऐसा ही किया होता तो आप खुद दुनिया में यह सलाह देने के लिए नहीं होते द्विवेदी जी! यह सब मैंने फेसबुक पर ही एक बहस के आधार पर लिखा है! बाकि सौरभ और भाजपा वाले जाने!

Ashu Saxena मेरे जिला जालौन का है सौरभ द्विवेदी. इनके पिताजी जी भारतीय जनता पार्टी के बड़े नेता रहे हैं. गांधी महाविद्यालय में शारीरिक शिक्षा के प्रोफेसर रहे और कालपी विधानसभा से दो बार विधायक की का चुनाव लड़ चुके. भारतीय जनता पार्टी के टिकट पर पिछली बार टिकट कट गया. उसी की खीज निकाल रहा होगा. इसका एक चचेरा भाई भी जिला भारतीय जनता पार्टी में सक्रिय राजनीति करता है.

Shivmangal Singh उरई वाले सौरव के पिताजी भी भाजपाई हैं, अब इस तरह की पोस्ट करने के पीछे उनकी क्या मजबूरी रही होगी वे ही बता सकते हैं।

Hemraj Singh Chauhan सौरभ ने ट्वीट करने के बाद उसे डिलीट करके माफी भी मांगी है.. ये बहुत बड़ी बात है वरना हर कोई खिसक लेता है चुपचाप..

Deepak Goswami क्या माफी पर्याप्त है? ह्यूमर की भी एक सीमा होती है? और वे जिस पद पर हैं उसकी मर्यादा का ख्याल तो रखा होता. और पत्रकार के मन में इतना पूर्वाग्रह पला हो तो क्या वह जमीन पर ढंग की पत्रकारिता कर पाएगा?

Hemraj Singh Chauhan बात सही है लेकिन आप बताइए ये भी कितने लोग कर रहे हैं. दूसरी बात जो असहमति जता रहे हैं उनमें से ज्यादातर कौन हैं.?

Deepak Goswami मतलब कि दूसरे लोग गलती करके माफी नहीं मांग रहे तो हम गलती करें और माफी मांगें तो दूसरों से हटकर बन जाएंगे. है न? चलो फिर मैं और आप भी ऐसा कुछ करते हैं. और असहमति जताने वालों को भाषा वही है जो इनकी है. नीचता दिखाओगे तो बदले में नीचता ही मिलेगी. एक पत्रकार की कुछ जिम्मेदारी होती हैं. अब मुझे अर्णब, सुधीर और सौरभ में कोई अंतर नहीं दिखता? बल्कि अर्णब, सुधीर शायद इतना तो नीचे नहीं गिरे होंगे कि अपनी विरोधी विचारधारा को इस तरह खत्म होने की कल्पना करें. और हां, इससे याद आया कि ऐसी सोच लोकतांत्रिक नहीं हो सकती.

Hemraj Singh Chauhan बिल्कुल मैं साइड नहीं ले रहा हूं, गलत तो किया है. लेकिन मैं तब भी उसके बाद जो किया है वो बता रहा हूं

Shivmangal Singh माफी मांगने में उनकी कोई महानता नहीं है, नौकरी बचाने के मजबूरी में मांगी होगी।

Hemraj Singh Chauhan इतने सक्षम है वो कि कहीं भी नौकरी लें लेंगे दोस्त.. नौकरी बचानी होती तो लिखते ही नहीं जो लिखा था, वो भी इस दौर में

Deepak Goswami ऊपर का दबाव काम करता ही है. माफी मांगनी पड़ती ही है. अभी कुछ दिनों पहले एक सीनियर जर्नलिस्ट का ऐसा ही कमेंट का स्क्रीनशाट लेकर अपनी वाल पर डाल दिया था. जनाब ने कई लोगों से सिफारिश लगवाई कि मैं उस पोस्ट को डिलिट करूं, वरना नौकरी चली जाएगी. सौरभ द्विवेदी भी कोई अनोखे नहीं हैं. ऊपर का दबाव रहता ही है. और हां, आप अप्रत्यक्ष तौर पर साइड ही ले रहे हैं. ‘वो भी इस दौर में’… ऐसे शब्द लिखने से तो लग रहा है कि सौरभ द्विवेदी ने नीचता नहीं, महानता का काम किया हो

Shivmangal Singh जी एक लेवल पर जाकर नौकरियां खत्म हो जाती हैं। अभिसार, पुण्य प्रसून की हालत आप देख रहे होंगे, और भी बहुत लोग हैं। और उन्होंने कोई बहुत अच्छी बात नहीं लिखी थी। किसी का विरोध करना और उसको गाली देना दोनों में अंतर होता है। भाजपा का विरोध करने के लिए बहुत कंटेंट भरा पड़ा है। उन्होंने जो पोस्ट किया था वह बहुत शालीन पोस्ट नहीं थी। सौरव के पिताजी भी भाजपाई हैं, उनकी इस पोस्ट के पीछे क्या मंशा रही होगी वही बता सकते हैं। फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि जो माफी मांग ले उसकी प्रशंसा करनी चाहिए।

Hemraj Singh Chauhan दोस्त विषय कुछ और जा रहा है, बात सिर्फ माफी की नहीं आगे की भी है, लेकिन जो किया उसे नजरअंदाज भी तो नहीं किया जा सकता. आप बताओ उनके खिलाफ ज्यादातर लिखने वाले एक विचारधारा से प्रेरित नहीं है या कहें प्रोपेगेंडा का हिस्सा है. विमर्श कर ही कितने रहे हैं. यहां के कमेंट से भी पता चलेगा.

Karuna Kant घिस सबके बरेला भईया। सौरभो खिसिया गइलें…

Praveen Singh इसमें कौन पहाड़ टूट गया !

Shailesh Pratap Singh माजरा क्या है… ?

Madhusudan Sharma लल्लन टाप वाले ने कहा कि bjp वाले कंडोम का उपयोग करे ताकि आगे कोई bjp वाला पैदा ना हो.

सौजन्य : फेसबुक


पूरे प्रकरण को समझने के लिए इसे भी पढ़ें-

‘भक्तों’ के लिए ‘लल्लनटाप’ वाले सौरभ द्विवेदी ने ये क्या लिख दिया!

‘भक्तों’ ने सौरभ द्विवेदी के लिए कंडोम भिजवाने का अभियान शुरू किया!

पत्रकारिता को ‘नई उंचाई’ तक पहुंचा चुके लल्लनटाप वालों के बारे में इस भड़ासी पोस्ट को भी पढ़ सकते हैं-

‘लल्लनटॉप’ वाले हिटलर का लिंग नाप आए, अब अरुण पुरी का नापेंगे!

‘भड़ास ग्रुप’ से जुड़ें, मोबाइल फोन में Telegram एप्प इंस्टाल कर यहां क्लिक करें : https://t.me/BhadasMedia

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *