दैनिक भास्कर के डिप्टी मैनेजर (लीगल) ने अपने अखबार प्रबंधन को दिखाया आइना, पढ़ें ये पत्र

Jitendra Kumar Singh-

Subject- Regarding information of wrong stand of company presented in court

श्री सुधीर अग्रवाल जी, श्री गिरीश अग्रवाल जी, श्री पवन अग्रवाल जी,

आपको अवगत कराना है कि आपके मानव संसाधन विभाग के काबिल अफसरों ने श्रम विभाग एवं श्रम न्यायालय में मजीठिया वेज बोर्ड के मामलों में जो बचाव लिये थे उसमें निम्नलिखित एक बचाव के लिये जरूरी जानकारी –

यह बचाव कि आपके अखबार दैनिक भास्कर की हर यूनिट अलग अलग है क्योंकि हर यूनिट का RNI नम्बर अलग है और उनकी बैलेंस शीट भी अलग अलग है…

आपके ध्यान आकर्षण के लिये जानकारी देना चाहूंगा कि श्रमजीवी पत्रकार अधिनियम की धरा 2(d)(a) के अन्तर्गत “different departments, branches and centers of newspaper establishments shall be treated as parts thereof” स्पस्ट लिखित है एवं आप स्वयं भी जानते है कि आपका पूरा दैनिक भास्कर एक ही ग्रुप है कोई यूनिट अलग अलग नहीं है।

यहाँ तक कि DB Digital, Writer and Publisher, Bhaskar Publication and Allied Industries आदि एवं श्री रवी गुप्ता के द्वारा उपयोग की गई DHRSL सभी DB Corp Ltd की ही कम्पनीयाँ हैं।

ROC में आपके द्वारा DB Corp Ltd की एक ही बैलेंस शीट दी जाती है न कि सभी यूनिट की अलग अलग। ऐसे में यूनिट की बैलेंसशीट वैध ही नहीं है और न ही आपके काबिल अधिकारियों द्वारा उनके हिसाब से कोर्ट में पेश करने हेतु बनाये गये calcullation chart वैध हैं और यहाँ यह भी स्पस्ट करना है कि RNI के नियमानुसार प्रत्येक संस्करण हेतु अलग अलग RNI नम्बर लेना होता है, इसलिये RNI नम्बर अलग अलग होने से यूनिट अलग अलग नहीं हो जाएँगी।

आपके मध्य प्रदेश के सभी संस्करणों ग्वालियर को छोड़ कर एवं छत्तीसगढ़ के सभी संस्करणों के लिये श्री कमल कांत शर्मा मालिक DB Corp Ltd के लिये मुद्रक एवं प्रकाशक हैं और वर्तमान में राजस्थान के सभी यूनिट के लिये स्टेट फाइनेंस हेड के रूप में कार्यरत हैं।

आपके राजस्थान के सभी संस्करणों के लिये श्री मुकेश मंगल मुद्रक एवं प्रकाशक हैं और वर्तमान में भोपाल मध्य प्रदेश में फाइनेंस में महाप्रबंधक के रूप में कार्यरत हैं।

चंडीगढ़ पंजाब हरयाणा एवं हिमाचल @ CPH2 की सभी यूनिट के लिये ऐसे प्रकाशक एवं मुद्रक हैं जो कि वर्तमान में वहां कार्यरत भी नहीं हैं।

चंडीगढ़, हिमाचल एवं हरियाणा के लिये श्री आर के गुप्ता प्रकाशक एवं मुद्रक हैं जो कि वर्तमान में फाइनेंस में चीफ जनरल मैनेजर के पद पर भोपाल मध्य प्रदेश में तैनात हैं।

पंजाब के प्रकाशक एवं मुद्रक श्री धर्मेंद्र अत्री जो कि मार्केटिंग विभाग के प्रमुख थे कम्पनी छोड़ चुके हैं।

ऐसा ही हाल बिहार और झारखण्ड का है वहां भी बिहार की सभी यूनिट के लिये श्री केदार सिंघल एवं झारखण्ड की सभी यूनिट के लिये श्री संजय पराशर प्रकाशक एवं मुद्रक हैं और श्री केदार सिंघल बिहार और झारखण्ड स्टेट के फाइनेंस हेड भी हैं एवं श्री संजय पराशर जो की नोएडा में MP Printers के फाइनेंस हेड थे कंपनी छोड़ चुके हैं।

गुजरात का भी यही हाल है। स्वर्गीय श्री रमेश चंद अग्रवाल प्रकाशक एवं मुद्रक थे जो कि दैनिक भास्कर ग्रुप के चेयरमैन भी थे।

आपके द्वारा जो जानकारी होर्डिंग्स, डायरी एवं विज्ञापन आदि में दी जाती है के अनुसार दैनिक भास्कर, दिव्य भास्कर, दैनिक दिव्य मराठी, डी बी स्टार, डी बी पोस्ट आदि सभी दैनिक भास्कर ग्रुप में आते है जिनके लिये 12 स्टेट्स में 65 संस्करण 300 से ज्यादा ब्यूरो हैं व 3 भाषाओ में प्रकाशन होता है।

डायरी के पृष्ठों की कॉपी आपकी जानकारी हेतु संलग्न है।

यदि सभी यूनिट अलग हैं तो ऐसा कैसे है। हर यूनिट का अलग फाइनेंस हेड क्यों नहीं है और हर यूनिट का अलग अलग प्रकाशक एवं मुद्रक क्यों नहीं है।

यदि दैनिक भास्कर की हर यूनिट अलग है तो ROC के अन्तर्गत सभी अलग अलग क्यों नहीं पंजीकृत है।

हर यूनिट का अलग अलग मालिक क्यों नहीं है, दैनिक भास्कर टाइटल का कॉपी राइट सिर्फ आपके ही पास क्यों है।

क्यों दैनिक भास्कर नाम का स्तेमाल किसी अन्य के द्वारा किये जाने पर आप अदालत से उस पर रोक लगवा देते हैं।

(दिल्ली उच्च न्यायालय के निम्नलिखित केसेस CS(COMM)1320/2016, CS(COMM)1061/2018, CS(COMM)202/2019 जिनमें आपने अन्य द्वारा प्रकाशन किये जाने पर उनके प्रकाशन पर रोक लगवा दी।

प्रतिनिधित्व दायित्व के प्रावधानों के तहत आप भी न्यायालयो में गलत जानकारी देने के लिये दोषी होंगे।

BCC में श्रीमान उप श्रम आयुक्त महोदय व अन्य अधिकारीगण एवं अन्य सभी पीड़ित कर्मचारीगण व उनके अधिवक्तागण।

अगले गलत बचाव की जानकारी अगली मेल में

सादर
जितेन्द्र कुमार सिंह
एम्प्लाई कोड 16698
उप प्रबंधक विधि
विधि विभाग दिल्ली
दैनिक भास्कर/डीबी कॉर्प लि.
singhjk1977@gmail.com


ये भी पढ़ें-

दैनिक भास्कर की डमी कंपनी है DHRSL जो सिर्फ कागजों में है

भड़ास की खबरें व्हाट्सअप पर पाएंhttps://chat.whatsapp.com/BPpU9Pzs0K4EBxhfdIOldr
  • भड़ास तक कोई भी खबर पहुंचाने के लिए इस मेल का इस्तेमाल करें- bhadas4media@gmail.com

One comment on “दैनिक भास्कर के डिप्टी मैनेजर (लीगल) ने अपने अखबार प्रबंधन को दिखाया आइना, पढ़ें ये पत्र”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *