प्रत्याशी का पर्चा भरवाने पहुंचा तो देखा पत्नी प्रेमी संग शादी रचा रही! देखें वीडियो

आगरा के कलेक्ट्रेट में ‘पति-पत्नी और वो’ का हाई प्रोफाइल ड्रामा आया सामने. कलेक्ट्रेट में अपने नेताजी का नामांकन भरवाने आए एक समर्थक ने देखा कि उसकी पत्नी तो अपने प्रेमी के साथ कलेक्ट्रेट में कोर्ट मैरिज करने आई थी. Share on:कृपया हमें अनुसरण करें और हमें पसंद करें:

यशवंत का भड़ासी चिंतन : कभी कभी मेरे दिल में खयाल आता है…

Yashwant Singh मुझे कभी कभी लगता है कि हम सब एक बेहतर सभ्यता लाए जाने से ठीक पहले के अराजक और असुंदर दौर के जीव-जंतु हैं जो जल्द खुद को अपनी करनी से विलुप्त कर लेंगे। उसके काफी समय बाद धरती पर फिर से जीवन प्रकट होगा और उस दौर के मनुष्य टाइप सबसे बुद्धिमान …

IPS Ajay Pal Sharma का ये वीडियो भड़ास के यूट्यूब चैनल पर बना नंबर वन, 32 लाख बार देखा गया

Yashwant Singh : जैसे आदमी को कुछ पता नहीं होता कि उसकी तकदीर, भाग्य, नियति में क्या लिखा-छिपा है… वैसे ही यूट्यूब पर चैनल चलाने वालों को पता नहीं होता कि व्यूवर किस वीडियो को सिर माथे पर लेकर उसे सरताज बना देगा और किन अच्छे खासे वीडियोज को ठुकरा कर किनारे लगा देगा…भड़ास के …

यशवंत ने एक अंग्रेज कैप्टन और उनके घोड़े की कब्र पर जाकर बना दी ये फिल्म, आप भी देखें

Yashwant Singh :  अंग्रेज कैप्टन गिब्बफोर्ड और उनके घोड़े को भारत में क्यों दफनाना पड़ा… यूपी के सिद्धार्थनगर जिले के डुमरियागंज कस्बे में मालीमैनहा नामक एक गांव अंग्रेज कैप्टन और इनके घोड़े की कब्र है…  कब्र की आज क्या है हालत… क्या हुआ था जो अंग्रेज कैप्टन और उनका घोड़ा यहां मारे गए थे… इस सबको लेकर एक फिलिम का निर्माण किया हूं… डाक्यूमेंट्री भी कह सकते हैं इसे…

अगले जनम मोहे बिटिया न कीजौ, न दीजौ… देखें वीडियो

मोनिका की शादी हापुड़ के थाना देहात क्षेत्र के सोटावाली गांव में अपील नामक शख्स से करीब एक साल पहले हुई. ससुराल वाले दहेज़ की मांग करते थे. दहेज के ताने और इसके लिए किए जाने वाले अत्याचारों को मोनिका चुपचाप सहती रही.

”दादी अम्मा जिंदा हैं!” देखें वीडियो

ये सड़ा गला भ्रष्ट सिस्टम एक बुजुर्ग महिला को जीते जी कागजों में मार चुका है लेकिन सच यह है कि ”…दादी अम्मा जिंदा हैं…”.  आगरा के वीडियो जर्नलिस्ट फरहान खान की मदद से तैयार और भड़ास के यशवंत द्वारा संयोजित-संपादित इस डाक्यूमेंट्री से पता चलता है कि यह तंत्र अपने बुजुर्गों के प्रति भी …

क्या ‘भड़ास टास्क फोर्स’ बनाने का वक्त आ गया है?

भड़ास संपादक यशवंत पर पत्रकार कहे जाने वाले दो हमलावरों भूपेंद्र नारायण भुप्पी और अनुराग त्रिपाठी ने प्रेस क्लब आफ इंडिया के गेट पर हमला किया था. उस हमले से उबरने के बाद यशवंत ने अपने भविष्य की योजनाओं को लेकर काफी कुछ खुलासा किया है. इसमें एक भड़ास टास्क फोर्स बनाने का प्रस्ताव भी शामिल है.